एबीएन सेंट्रल डेस्क। ओडिशा में पिछले 24 घंटे में एक शिशु समेत कोविड-19 के 22 और मरीजों की मौत हो गयी है तथा 1,148 लोग संक्रमित पाए गए हैं। स्वास्थ्य विभाग ने शनिवार को यह जानकारी दी। संक्रमण की दैनिक दर 1.82 प्रतिशत दर्ज की गयी, जो पांच जनवरी के बाद से पहली बार दो प्रतिशत से कम है। संक्रमण के मामले चार जनवरी के बाद से सबसे कम हैं। राज्य में शुक्रवार को कोविड-19 के 1,539 मामले आए थे और 24 लोगों की मौत हुई थी। इस महामारी से जान गंवाने वाले मरीजों में गंजाम जिले की चार माह की लड़की और बालासोर के आठ मरीज हैं। मृतकों की संख्या बढ़कर 8,884 हो गयी है। अभी तक अन्य बीमारियों के कारण कोविड-19 के 53 अन्य मरीजों की मौत भी हो चुकी है। एक बुलेटिन के अनुसार, राज्य में अभी कोविड-19 के 12,330 मरीज उपचाराधीन हैं, जिनमें से 2,355 खुर्दा में हैं, जो येलो जोन है। पिछले 24 घंटे में कोविड-19 का पता लगाने के लिए 63,037 नमूनों की जांच की गयी है। राज्य में इस बीमारी से उबरने वाले लोगों की संख्या बढ़कर 12,77,262 हो गयी है।
एबीएन सेंट्रल डेस्क। इस साल पेश किए गए आम बजट में रक्षा क्षेत्र के लिए किए गए प्रावधानों को इस क्षेत्र के दिग्गजों ने काफी बेहतर बताया है। उनके अनुसार 68 फीसदी फंड का घरेलू उद्योग के आधुनिकीकरण के लिए आवंटन करने और रक्षा अनुसंधान के लिए सरकारी फंडिंग का प्रावधान करने से देश को रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भर होने में खासी मदद मिलेगी। देश अपने सशस्त्र बलों को हथियार प्रणालियां उपलब्ध कराने में आत्मनिर्भर बनेगा और रोजगार के अवसर भी उत्पन्न होंगे। रक्षा क्षेत्र के लिए बजटीय प्रावधानों को लेकर अडानी डिफेंस एंड एयरोस्पेस के अध्यक्ष आशीष राजवंशी ने कहा कि वित्त मंत्री ने रक्षा क्षेत्र में घरेलू उद्योग के लिए पूंजीगत खरीद बजट का 68 फीसदी आवंटन निर्धारित किया है। यह पिछले साल के मुकाबले 10 फीसदी अधिक है। यह एक स्वागत योग्य कदम है, इससे निवेश आएगा। बता दें कि अडानी समूह ने रक्षा क्षेत्र में कुछ साल पहले प्रवेश किया था और वह देश के रक्षा बलों के लिए कई परियोजनाओं पर काम कर रहा है। छोटे और मध्यम उद्योगों में भी उत्साह : बजट में घरेलू रक्षा उद्योग के लिए राशि आवंटन में बढ़ोतरी का एलान किए जाने से देश के छोटे और मध्यम उद्योग भी खुश हैं। इससे उन्हें अधिक अवसरों के प्राप्त होने की उम्मीद है। नागपुर की जेएसआर डायनैमिक्स के चेयरमैन एयर मार्शल (सेवानिवृत्त) एसबी देव कहते हैं कि यह घरेलू उद्योग को अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में बड़ा कदम है। इससे हमारी जैसी कंपनियों को इस क्षेत्र में भारत को आत्मनिर्भर बनाने के लिए मदद करने में बड़ी सहायता प्राप्त होगी। हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड के पूर्व चेयरमैन आरके त्यागी का कहना है कि बजट से रक्षा क्षेत्र में मेक इन इंडिया के माहौल को और बढ़ावा मिला है। उद्योग देख सकते हैं कि उन्हें ऊपर ले जाने में मदद करने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं। वहीं, रक्षा विशेषज्ञ और पूर्व रक्षा प्रवक्ता कैप्टन डीके शर्मा कहते हैं कि यह आत्मनिर्भर भारत को बढ़ावा देने के लिए किया गया सबसे बड़ा प्रयास है। यह बजट निश्चित तौर पर भारतीय नौसेना के लिए बहुत शानदार साबित होने वाला है।
एबीएन सेंट्रल डेस्क। सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे ने 14 फरवरी को अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल को फिलहाल के लिए रोक दिया है। बता दें कि अन्ना हजारो को महाराष्ट्र की उद्धव ठाकरे सरकार की नई शराब नीति रास नहीं आई थी और उन्होंने इसके खिलाफ मोर्चा खोलने की घोषणा की थी। अन्ना ने कहा ऐलान किया था कि वह सुपरमार्केट और वॉक-इन स्टोर के जरिए शराब बेचने के महाराष्ट्र सरकार के फैसले के खिलाफ 14 फरवरी से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल करेंगे। राज्य सरकार ने उन्हें आश्वासन दिया है कि वह निर्णय पर आगे बढ़ने से पहले नागरिकों के विचारों पर विचार करेगी। हजारे ने राज्य के अहमदनगर जिले में अपने पैतृक गांव रालेगण सिद्धि में एक "ग्राम सभा" के बाद कहा कि मैंने ग्रामीणों को सूचित किया कि सरकार ने कैबिनेट के फैसले को नागरिकों के सामने उनके सुझावों और आपत्तियों के लिए रखने का फैसला किया है और उनकी मंजूरी के बाद ही अंतिम निर्णय लिया जाएगा। इसलिए, मैंने कल की भूख हड़ताल स्थगित करने का फैसला किया है। बातचीत के दौरान हजारे ने यह भी टिप्पणी की कि शराब हमारे राज्य की संस्कृति नहीं है। आपको बता दें कि महाराष्ट्र में सुपरमार्केट और आस-पड़ोस की दुकानों में शराब की बिक्री की अनुमति दी गई है। इसके लिए राज्य मंत्रिमंडल ने प्रस्ताव पास किया। ठाकरे सरकार के इस फैसले को लेकर महाराष्ट्र की सियासत में जमकर घमासान मचा हुआ है। बीजेपी ने भी इस फैसले की आलोचना की थी। भाजपा नेता देवेंद्र फडणवीस ने इस फैसले की आलोचना करते हुए कहा कि सरकार ने शराबबंदी वापस ले ली है। उन्होंने महाराष्ट्र को "मद्य-राष्ट्र" बनाने का भी आरोप लगाया। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि महा विकास आघाड़ी सरकार ने महामारी के दो साल के दौरान लोगों की मदद नहीं की, लेकिन इसकी प्राथमिकता शराब की बिक्री को बढ़ावा देना है।
एबीएन सेंट्रल डेस्क। कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने बढ़ती बेरोजगारी के मुद्दे पर रविवार को केंद्र पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि मौजूदा सरकार के कार्यकाल में इस कारण आत्महत्या की घटनाओं में 60 फीसदी वृद्धि हुई है। सुश्री वाड्रा ने अपने ट्वीट में कहा, पिछले छह वर्षों में बेरोजगारी के कारण आत्महत्या की घटनाओं में 60 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। वर्ष 2018 और 2020 के बीच बेरोजगारी की वजह से प्रतिदिन औसतन 12 लोगों ने आत्महत्या की। उन्होंने प्रधानमंत्री से सवाल किया- आप कब तक असली मुद्दों को दरकिनार करेंगे। बेराजगार युवा परेशानी में हैं।असली मुद्दे पर बात करें। कांग्रेस पार्टी केंद्र में सत्तारूढ़ भाजपा पर आरोप लगाती रही है कि वह देश में बढ़ती बेरोजगारी के मुद्दे को हल करने में विफल रही है।
एबीएन सेंट्रल डेस्क। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया ने रविवार को कहा कि 15-18 साल वर्ग के 70 प्रतिशत से अधिक किशोरों को अब तक कोरोना टीके की पहली खुराक दी जा चुकी है। उन्होंने इस आयु वर्ग के उन सभी लोगों से भी अपील की जो टीकाकरण के लिए पात्र हैं कि वे जल्द से जल्द टीका लगवाएं। मांडविया ने कहा, युवा भारत दुनिया के सबसे बड़े टीकाकरण अभियान को और मजबूत कर रहा है और 15-18 आयु वर्ग के हमारे 70 प्रतिशत से अधिक युवाओं ने covid-19 रोधी टीके की पहली खुराक प्राप्त कर ली है। उन्होंने कहा कि मैं सभी पात्र युवा मित्रों से अपील करता हूं कि वे जल्द से जल्द टीका लगवाएं। स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़ों से पता चलता है कि 15 से 18 आयु वर्ग के 1.47 करोड़ से अधिक लाभार्थियों का पूर्ण टीकाकरण हो चुका हैं। देशभर में तीन जनवरी से 15 से 18 साल के बच्चों का टीकाकरण शुरू हुआ था।
एबीएन सेंट्रल डेस्क। गुजरात में भावनगर जिले के सिहोर क्षेत्र में एक फैक्ट्री में पाइप फट जाने से नौ श्रमिक झुलस गए। पुलिस ने बताया कि सिहोर-धांधणी रोड़ पर जीआईडीसी-4 स्थित अरिहंत स्टील नामकी फैक्ट्री में बीती मध्यरात्रि अचानक गर्म पाइप के फट जाने से वहां काम कर रहे नौ श्रमिक झुलस गए। सभी को सर टी अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस ने मौके पर पहुंच कर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी है।
एबीएन सेंट्रल डेस्क। श्रीलंकाई नौसेना ने देश के जल क्षेत्र में अवैध रूप से मछलियां पकड़ने के आरोप में 12 भारतीय मछुआरों को गिरफ्तार किया है और मछली पकड़ने वाली उनकी दो नौकाओं को जब्त कर लिया है। एक आधिकारिक बयान में रविवार को यह जानकारी दी गई। नौसेना ने बताया कि तलाईमन्नार के उत्तर में समुद्र में गिरफ्तारियां की गईं। उसने कहा कि ये मछुआरे समुद्र में पानी के नीचे तल पर जाल बिछाकर मछलियां पकड़ रहे थे। उसने कहा, तलाईमन्नार के उत्तर में समुद्र में 12 फरवरी की रात को एक अभियान चलाया गया। इस दौरान श्रीलंकाई नौसेना ने मछलियां पकड़ने में इस्तेमाल होने वाली दो भारतीय नौकाओं को जब्त कर लिया और श्रीलंकाई जलक्षेत्र में मछलियां पकड़ रहे 12 भारतीय मछुआरों को गिरफ्तार कर लिया। श्रीलंकाई नौसेना ने इस महीने में तीसरी बार कथित रूप से श्रीलंकाई जलक्षेत्र में भारतीय मछुआरों की गिरफ्तारी की है। इससे पहले, नौसेना ने आठ फरवरी को भी कथित तौर पर श्रीलंकाई समुद्री सीमा के अंदर मछलियां पकड़ रहे 11 भारतीय मछुआरों को गिरफ्तार किया था और मछली पकड़ने की उनकी तीन नौकाओं को भी जब्त कर लिया था। उसने एक फरवरी को 21 भारतीय मछुआरों को गिरफ्तार किया था। भारत और श्रीलंका के संबंधों में मछुआरों का मुद्दा एक अड़चन बन रहा है। श्रीलंकाई नौसेना द्वारा पाक जलडमरूमध्य में भारतीय मछुआरों पर गोलीबारी करने और उनकी नौकाओं को जब्त कर लेने की कई कथित घटनाएं हुई हैं। श्रीलंका और तमिलनाडु के बीच पाक जलडमरूमध्य पानी की एक संकरी पट्टी है, जहां मछलियां बहुतायत में मिलती हैं और दोनों देशों के मछुआरे वहां मछली पकड़ते हैं।
एबीएन सेंट्रल डेस्क। भारत में करीब 40 दिन बाद कोरोना के दैनिक मामलों की संख्या 50,000 से कम रही और देश में कोरोना वायरस से संक्रमित लोगों की कुल संख्या बढ़कर 4,26,31,421 हो गई। इसके अलावा, देश में उपचाराधीन मरीजों की संख्या गिरकर 5,37,045 हो गई। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा सुबह 8 बजे जारी किए गए आंकड़ों के अनुसार, भारत में संक्रमण के 44,877 नए मामले सामने आए तथा 684 और मरीजों की मौत होने के बाद मृतक संख्या बढ़कर 5,08,665 हो गई। देश में चार जनवरी को संक्रमण के 37,379 नए मामले सामने आए थे। भारत में लगातार सातवें दिन संक्रमण के दैनिक मामलों की संख्या एक लाख से कम रही। देश में अभी 5,37,045 कोरोना वायरस संक्रमितों का इलाज चल रहा है, जो संक्रमण के कुल मामलों का 1.26 प्रतिशत है। पिछले 24 घंटे में कोविड-19 के उपचाराधीन मरीजों की संख्या में 73,398 की कमी दर्ज की गई। देश में मरीजों के ठीक होने की राष्ट्रीय दर 97.55 प्रतिशत है।
एबीएन सेंट्रल डेस्क। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि देश में दी गईं कोविड-19 रोधी टीके की कुल खुराक शनिवार को 172.75 करोड़ का आंकड़ा पार कर गईं। मंत्रालय ने कहा कि शनिवार को शाम सात बजे तक 44 लाख से अधिक खुराक दी गईं और दैनिक टीकाकरण की संख्या देर रात तक अंतिम रिपोर्ट के संकलन के साथ बढ़ने की उम्मीद है। इसने कहा कि स्वास्थ्यकर्मियों, अग्रिम पंक्ति के कर्मियों और 60 वर्ष तथा इससे अधिक उम्र के लोगों को अब तक 1.72 करोड़ से अधिक एहतियाती खुराक दी जा चुकी हैं। महामारी के खिलाफ देशव्यापी टीकाकरण अभियान पिछले साल 16 जनवरी को शुरू किया गया था, जिसमें पहले चरण में स्वास्थ्यकर्मियों को टीका लगाया गया था। अग्रिम पंक्ति के कर्मियों का टीकाकरण पिछले साल दो फरवरी से शुरू हुआ था। इसके बाद विभिन्न आयु वर्गों के लिए टीकाकरण शुरू हुआ था।
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