अवनि लेखरा का संघर्ष 12 साल की उम्र में हो गई थीं लकवाग्रस्त, नहीं मानी हार, भारत की सबसे कामयाब शूटर बनीं एबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। पेरिस पैरालंपिक में भारत की अवनि लेखरा ने शूटिंग में गोल्ड मेडल जीतकर इतिहास रच दिया है। उन्होंने महिलाओं की स्टैंडिंग 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा एसएच-1 में यह स्वर्ण पदक जीता। पेरिस पैरालंपिक में भारत का यह पहला पदक है और वह भी स्वर्ण के रूप में आया है। आपको बता दें कि अवनि को यह जीत इतनी आसानी से नहीं मिली है। इस मुकाम पर पहुंचने के लिए उन्हें काफी संघर्ष करना पड़ा है। आइए जानते हैं अवनि के संघर्ष की कहानी... वर्ष 2012 में महज 12 साल की उम्र में अवनि लेखरा की जिंदगी उस समय बदल गयी, जब एक दुर्घटना के चलते उन्हें पैरालिसिस का शिकार होना पड़ा और चलने के लिए व्हीलचेयर का सहारा लेना पड़ गया। लेकिन अवनि ने हार नहीं मानी और आगे बढ़ने को ठान लिया। दुर्घटना के महज तीन साल बाद ही अवनी ने शूटिंग को अपनी जिंदगी बनाया और महज पांच साल के भीतर ही अवनी ने गोल्डन गर्ल का तमगा हासिल कर लिया। अब अपने लगातार दूसरे पैरालंपिक में उन्होंने स्वर्ण जीतकर इतिहास तो रचा ही, साथ ही भारत की सबसे कामयाब शूटर भी बन गईं। ओलंपिक हो या पैरालंपिक भारत की किसी महिला एथलीट ने दो स्वर्ण नहीं जीते हैं।दुर्घटना के बाद हो गयी थीं बेहद कमजोरअवनि के पिता प्रवीण बताते हैं कि दुर्घटना के बाद गुमसुम रहने लग गयी थी। किसी से बात नहीं करती थी, पूरी तरह डिप्रेशन में चली गयी थी। उन्होंने कहा कि भीषण दुर्घटना के कारण इसकी पीठ पूरी तरह काटनी पड़ी। इतनी कमजोर हो गयी थी कि कुछ कर नहीं पाती थी। यहां तक की कोई हल्का सामान भी उठाना मुश्किल हो रहा था।पैरालिसिस के बाद काफी टूट गयी थीं अवनिअवनि के माता-पिता ने कहा कि 12 साल की उम्र में जब अवनि को पैरालिसिस हुआ तो वह काफी टूट गयी थीं। उस समय सोचा कि अवनी को किसी खेल से जोड़ा जाये और काफी सोच-विचार के बाद मैंने इसे शूटिंग में हाथ आजमाने को कहा। अवनि के पिता ने कहा कि शूटिंग में पहली बार तो इससे गन तक नहीं उठी थी, मगर आज इसकी वजह से टोक्यो पैरालिम्पिक के पोडियम पर राष्ट्रगान गूंजेगा। खेल के साथ ही अवनी पढ़ाई में भी काफी होशियार हैं। इसके साथ ही अन्य क्रियाकलाप में भी अवनी सबसे अव्वल रहती हैं।
भारत के लिए खुशखबरी! आईसीसी के चेयरमैन बन गये बीसीसीआई सचिव एबीएन सेंट्रल डेस्क। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) के सचिव जय शाह अब वर्ल्ड क्रिकेट के बॉस बन गये हैं। उन्होंने आईसीसी चेयरमैन पद का चुनाव निर्विरोध रहकर जीत लिया है। जय शाह अब आईसीसी के नये चेयरमैन होंगे। आईसीसी के चेयरमैन ग्रेग बार्कले ने अपने तीसरे कार्यकाल के नामांकन नहीं भरने का फैसला किया था। उनके इस फैसले के बाद यह पद खाली हो गया था। बार्कले का कार्यकाल 30 नवंबर को पूरा हो जायेगा। जय शाह 1 दिसंबर को अपना कार्यभार संभालेंगे। आईसीसी चेयरमैन के लिए नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख 27 अगस्त थी। जय शाह ने आवेदन भरकर अपनी चुनौती पेश की। उनके सामने किसी और ने चुनाव लड़ने की हिम्मत नहीं दिखायी। वह निर्विरोध रहकर चुनाव जीत गये। 35 साल की उम्र में वह आईसीसी के इतिहास में सबसे कम उम्र के बॉस बन गये।
जेएससीए से जा सकती है महेंद्र सिंह धौनी की सदस्यता पांच एजीएम में शामिल नहीं होने पर जा सकती है सदस्यता, इससे पहले जा चुकी है कई लोगों की सदस्यता टीम एबीएन, रांची। रांची टीम इंडिया के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धौनी 2019 से जेएससीए के आजीवन सदस्य है, लेकिन पिछले चार एजीएम में वो किसी भी एजीएम में शामिल नहीं हो पाये हैं। अगर वो पांचवें एजीएम में भी शामिल नहीं होते हैं तो उनकी सदस्यता जा सकती है। इस संबंध में जेएससीए प्रेसीडेंट संजय सहाय का कहना है कि एजीएम की तारीख अभी तय नहीं की गयी है। लेकिन ये नियम तो है कि पांच एजीएम में शामिल नहीं होने पर सदस्य की सदस्यता जा सकती है। धौनी आजीवन सदस्य है, लेकिन उनपर फैसला हाउस लेगी। हाउस अगर उनकी सदस्यता को बहाल रखने पर सहमति देती है तो सदस्य बने रहेंगे। पहले भी जा चुकी है कई अहम लोगों की सदस्यता इससे पहले भी कई ऐसे सदस्य रहे हैं जो पांच साल तक बैठक में शामिल नहीं होने पर अपनी सदस्यता गवां चुके हैं। इसमें 2013 में पूर्व क्रिकेटर सबा करीम व प्रदीप खन्ना शामिल है। इनके अलावा कई क्रिकेटरों की सदस्यता भी इस नियम के तहत जा चुकी है।
एबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। बांग्लादेश ने रावलपिंडी में खेले गए दो मैचों की टेस्ट सीरीज के पहले मुकाबले में 10 विकेट से हरा दिया है। बांग्लादेश ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया था। पहले बल्लेबाजी करते हुए पाकिस्तान ने पहली पारी में छह विकेट पर 448 रन बनाकर पारी घोषित की थी। जवाब में बांग्लादेश ने 565 रन बनाए और 117 रन की बढ़त हासिल की। बांग्लादेश ने दूसरी पारी में पाकिस्तान को 146 रन पर समेट दिया। 30 रन के लक्ष्य को बांग्लादेश ने 10 विकेट रहते हासिल कर लिया। बांग्लादेश की टीम ने पहली बार 29 अगस्त 2001 को पाकिस्तान के खिलाफ खेला था। करीब 23 साल में यह पहली बार है जब बांग्लादेश ने पाकिस्तान को टेस्ट में हराया है। इस बीच दोनों देशों के बीच 14 टेस्ट खेले गए हैं और 12 टेस्ट पाकिस्तान ने जीते हैं। एक बांग्लादेश ने जीता है और एक टेस्ट ड्रॉ रहा है। वहीं, पाकिस्तान की यह अपने घर में एक और शर्मनाक हार है। टीम चार मार्च 2022 के बाद अपने घर में नौ टेस्ट खेल चुकी है और पांच मुकाबले हार चुकी है। चार टेस्ट ड्रॉ रहे हैं। अब अपने घर में पाकिस्तान को बांग्लादेश के खिलाफ शर्मनाक हार का सामना करना पड़ा है।यह बांग्लादेश में अस्थिरता के बाद उनकी क्रिकेट टीम का पहला विदेशी दौरा था और उसी में टीम ने इतिहास रच दिया है। नजमुल शांती की अगुआई में गजब का प्रदर्शन करते हुए 10 विकेट से जीत हासिल कर अपने देश के लोगों को खुशी दी है।
एबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। बिहार में पूर्वी क्षेत्र खेलो इंडिया महिला योगासन लीग प्रतियोगिता का तीन दिवसीय आयोजन 22 से 24 अगस्त तक पाटलिपुत्र स्पोर्ट्स कंपलेक्स कंकड़बाग में हुआ। बिहार योगासन स्पोर्ट्स एसोसिएशन के तत्वावधान में यह प्रतियोगिता भारत सरकार के स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया के मार्गदर्शन में संपूर्ण हुआ।प्रतियोगिता में ईस्ट जोन के बिहार समेत 11 अन्य राज्यों झारखंड, अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, मणिपुर, मिजोरम, नगालैंड, त्रिपुरा, सिक्किम, पश्चिम बंगाल और उड़ीसा से लगभग 500 महिला खिलाड़ी भाग ली।झारखंड के बच्चों ने अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन देते हुए सेकंड रनर अप स्थान प्राप्त किया एवं मेडल के साथ कैश प्राइज भी प्राप्त किया। बच्चों के सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन में झारखंड टीम के कोच ममता कुमारी एवं रितिका जोशी का महत्वपूर्ण योगदान रहा। टीम मैनेजर के रूप में निभा कुमारी एवं मधु शर्मा का भी योगदान रहा।बच्चों के रांची आगमन के पश्चात योगासन स्पोर्ट्स एसोसिएशन आफ झारखंड के अध्यक्ष संजय सिंह, सचिव विपिन पांडे, कोषाध्यक्ष मनोज तिवारी एवं झारखंड के तकनीकी पदाधिकारी प्रशांत सिंह, चंदू कुमार, डॉ एसके घोषाल, सोनाली सरकार, संतोषी कुमारी प्रहलाद भगत, रैना बैंकर, पूजा सिंह चैताली मुखर्जी एवं अमिया अंशु ने उनके उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए उन्हें पुष्प कुछ देकर बधाई दिया। प्रतियोगिता में पांचवें स्थान तक के सभी प्रतिभागियों को राष्ट्रीय स्तर के प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए चयनित किया गया है।
मंत्री डॉ इरफान अंसारी, डॉ रामेश्वर उरांव, मनिका विधायक रामचंद्र सिंह, पूर्व सांसद धीरज प्रसाद साहू, डीसी और एसपी ने खिला़ड़ियों सम्मानित कियारांची स्विमिंग एसोसिएशन को ओवर ऑल चैंपियनशिपझारखंड राज्य स्तरीय लोहरदगा ओपन एक्वेटिक मीट 20 24 का हुआ भव्य आयोजनरांची, जमशेदपुर, धनबाद, बोकारो, सरायकेला खरसावां, रामगढ़, हजारीबाग और मेजबान लोहरदगा के डेढ़ सौ तरह को ने लिया भाग, लगा तैराकी का महाकुंभटीम एबीएन, लोहरदगा। लोहरदगा जिला स्विमिंग एसोसिएशन के तत्वावधान और एफडी एंटरप्राइजेज द्वारा प्रायोजित झारखंड राज्य लोहरदगा ओपन एक्वेटिक मीट 2024 का व्यक्तिगत चैंपियनशिप बालक वर्ग में जमशेदपुर के दीपांशु सिंह और बालिका वर्ग में रांची की आतिशी कुमार ने जीत लिया। वाटर पोलो में के रोमांचक मुकाबले में निर्धारित समय और अतिरिक्त समय में रांची और रामगढ़ की टीम दो-दो की बराबरी पर थी बाद में पेनल्टी शूटआउट का सहारा लिया गया। इसमें रांची की टीम ने रामगढ़ को 5 - 4 से हराकर ट्राफी पर कब्जा जमाया। अतिथियों ने हाल ही में देहरादून में संपन्न हुए राष्ट्रीय तैराकी प्रतियोगिता में रजत पदक जीतने वाले लोहरदगा के उमेश पासवान और क्रिकेट में विजी ट्रॉफी खेलने वाले ऋषभ खत्री और यूनिवर्सिटी खेलने वाले अमित कुमार को सम्मानित किया।प्रतियोगिता में रांची, जमशेदपुर, हजारीबाग, रामगढ़, सरायकेला खरसावां, धनबाद, बोकारो, लोहरदगा के करीब 40 बालिकाएं और 70 बालक तैराकों ने भाग लिया। मुख्य रूप से प्रतियोगिता में बालक बालिकाओं के लिए 300 मीटर फ्रीस्टाइल तैराकी प्रतियोगिता 50 गुना 4 मी इंडिविजुअल, मिडले 50 मी, ब्रेस्ट स्ट्रोक 50 मी, बैक स्ट्रोक 50 मीटर, बटरफ्लाई 50 × 4 मीटर, फ्री स्टाइल रिले 50 × 4 इंडिविजुअल रिले, वाटर पोलो, बोट रेस, ट्यूब रेस आदि प्रतियोगिता का आयोजन किया गया।कार्यक्रम में राज्य के ग्रामीण विकास और पंचायती राज्य मंत्री, वित्त मंत्री सह संसदीय कार्य मंत्री डॉ रामेश्वर उरांव, मनिका के विधायक रामचंद्र सिंह, पूर्व सांसद धीरज प्रसाद साहू, लोहरदगा के जिला परिषद अध्यक्ष रीना कुमारी, पुलिस कप्तान हारिस बिन जमां, प्रभारी उपायुक्त सह- डीडीसी दिलीप प्रताप सिंह शेखावत, सिविल एसडीओ अमित कुमार,नगर परिषद प्रशासक मुक्ति कीड़ो, विजय कुमार ,बड़ी संख्या में गण्यमन नागरिक, स्विमिंग एसोसिएशन लोहरदगा के सचिव दीपक मुखर्जी वीके बालान्जिनप्पा,अधिकारी और प्रायोजक एफडी इंटरप्राइजेज के निर्देशक हाजी जब्बार उर्फ जबरुल अंसारी संदीप मिश्रा सेमत शहर के प्रबुद्ध नागरिक और 10000 से अधिक दर्शन तालाब के चारों ओर मौजूद थे।महिलाओं की बैठने के लिए विशेष व्यवस्था की गई थी। प्रतियोगिता का लाइव टेलीकास्ट किया गया इस 45000 से अधिक लोगों ने देखा। इस मौके पर तैराकी और क्रिकेट के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान करने वाले लोगों को भी अतिथियों ने सम्मानित किया।मुख्य अतिथि राज्य के ग्रामीण विकास मंत्री डॉ इरफान अंसारी ने कहा कि लोहरदगा में इतने बड़े पैमाने पर तैराकी प्रतियोगिता का आयोजन किया जाता है। यह हमें पता नहीं था, जितने इवेंट एक स्थान पर आयोजित किया गया है। वह अपने आप में एक रिकॉर्ड है। बड़ा तालाब शनिवार को झारखंड के तैराकी फील्ड का न केवल रिकॉर्ड बनाया गया, बल्कि तैराकी में एक साथ ओलंपिक का भी आनंद करवा दिया।लोहरदगा में रांची और जमशेदपुर की 10 बच्चियों ने जिस तरह से सेंक्रोनाइज्ड जलीय नृत्य का प्रदर्शन किया। वह अपने आप में अद्भुत, अकल्पनीय और रोमांस कर देने वाला था। 22 फिट गहरे पानी में लय और ताल के साथ नृत्य करना काफी कठिन था, पर यह रोमांच भर देने वाला था, क्योंकि नृत्य में जितना वेरिएशन देखने को मिला, उतना तो मंच में भी देखने को नहीं मिलता है। इसे ओलंपिक में भी मान्यता प्राप्त है। झारखंड में इस खेल को बढ़ावा देने के लिए झारखंड सरकार निश्चित रूप से पहल करेगी। हम एक तैराक रहे हैं। तैराकी सस्ता और लोकप्रिय खेल है। इसमें खर्च काफी कम है। पर नाम और आकर्षक बहुत है। गरीबों के लिए यह खेल निश्चित रूप से उन्हें आगे ले जाने वाला साबित होगा। जिस तरह से झारखंड के गांव चौपाल से तैराकी करने यहां बालक बालिका पहुंची थी। वह भी अपने आप में मिसाल है। 100 से अधिक तैराक एक मंच में नजर आता है, तो रोमांस भरा जाता है। सेंक्रोनाइज्ड नृत्य काफी स्टाइलिश है। रोमांस को भरने वाला भी है। हम सभी को बधाई देते हैं।मंत्री डॉ रामेश्वर उरांव ने कहा कि लोहरदगा खेल और खेल की विविधता के लिए जाना जाता है। निश्चित रूप से यह आयोजन झारखंड के लिए मील का पत्थर साबित होगा।पूर्व सांसद और लोहरदगा जिला स्विमिंग एसोसिएशन के अध्यक्ष धीरज प्रसाद साहू ने कहा की लोहरदगा में तैराकी का इतिहास छह दशक पुराना है। यहां के कई तैराक नेशनल लेवल में अपनी प्रतिभाओं का लोहा बनवाया है। हम खेल को बढ़ावा देने के लिए हर संभव सहयोग करेंगे।उन्होंने बताया कि दिसंबर या जनवरी में लोहरदगा में बड़ा क्रिकेट टूर्नामेंट करवाया जाएगा।इसमें हरभजन सिंह अतिथि के रूप में शामिल होंगे। उनसे इस बाबत सहमति मिल गई है, यही नहीं लोहरदगा शूटिंग रेंज में जसपाल राणा और भारत की ओलंपिक में पदक जीतने वाली मनु भाकर भी लोहरदगा आने पर सहमति दे है। कार्यक्रम को अन्य अतिथियों ने भी संबोधित किया।प्रतियोगिता के परिणामइंडिविजुअल चैंपियनशिप (ब्वॉयज) : दीपांशु सिंह (जमशेदपुर), गर्ल्स में रांची की आतिशी कुमारी।बटरफ्लाई गर्ल्स (50 मीटर) : पहला स्थान मोनिका कुमारी (53 सेकंड), दूसरा स्थान आरती कच्छप (54 सेकंड), तीसरा स्थान प्रथमी (55 सेकंड)। ब्रेथ स्ट्रोक गर्ल्स (50 मीटर) : प्रथम स्थान प्रिया उरांव (54 सेकंड), दूसरा स्थान नैना कुमारी (56 सेकंड), तीसरा स्थान अंशु (57 सेकंड)।बैक स्ट्रोक 50 मीटर ब्वॉयज : प्रथम स्थान अनूप मुंडा (00.46), दूसरा स्थान लखींद्र सिंह मुंडा (00.53), तीसरा स्थान अनमोल उरांव (00.58)बटरफ्लाई ब्वॉयज (50 मीटर) : प्रथम स्थान दीपांशु (00.50 सेकंड), द्वितीय स्थान राहुल नायक (00.51 सेकंड), तीसरा स्थान अमन जायसवाल (00.54 सेकंड)50 मीटर (ब्वॉयज) ब्रेस्ट स्ट्रोक : पहला स्थान दीपांशु (00.42 सेकंड), दूसरा स्थान दीपक कुमार (00.43 सेकंड), तीसरा स्थान राजेश मुंडा (00.44 सेकंड)बैक स्ट्रोक 50 मीटर (गर्ल्स) : पहला स्थान आतिशी कुमारी (00.51 सेकंड), दूसरा स्थान श्वेता लकड़ा (00.55 सेकंड), तीसरा स्थान प्रिया उरांव (00.58 सेकंड)बोट रेस : पहला स्थान सन्नी और ग्रुप को मिला। उन्होंने 2.58 मिनट में रेस पूरा किया। दूसरा स्थान शाहबाज और ग्रुप (3.08 मिनट) और तीसरा स्थान सुशांत और ग्रुप (3.32 सेकंड)ट्यूब रेस गर्ल्स : पहला स्थान अंशु कुजूर (4.17), दूसरा स्थान चांदनी कुमारी (4.30), तीसरा स्थान प्रिया उरांव (5.26) और चौथे स्थान पर प्रथमी रहीं।फ्रीस्टाइल आउटसाइड आफ लोहरदगा : पहला स्थान दीपांशु को मिला उन्होंने दो मिनट और 45 सेकंड में रेस पूरी की। दो मिनट और 53 सेकंड के साथ रुहुल नायक दूसरे स्थान पर रहे। तीसरा स्थान अमन (3.01 सेकंड)ट्यूब रेस (मेंस) : पहला स्थान सूरज कुमार जायसवाल (3.39), दूसरा स्थान सैयद वसीम (4.05) और तीसरा स्थान अफसर आलम (4.25)300 मीटर मेंस फ्री स्टाइल : पहले स्थान पर दीपक साहू (4.38), दूसरे स्थान पर विकास उरांव (4.44), तीसरे स्थान पर सूरज (4.45) रहे।300 मीटर गर्ल्स फ्री स्टाइल : पहले स्थान पर आतिशी कुमारी (3.08), दूसरे स्थान पर मोनिका कुमारी (3.33), तीसरे स्थान पर प्रथमी कुमारी (3.34) रहीं।कार्यक्रम में सहयोगी निशिथ जायसवाल, सरवर खान, नेसार अंसारी, बशीर अंसारी, अब्दुल कादिर छोटु, अयूब अली, डिवाइन स्पार्क के प्रचार्य बालान्जिनप्पा, फहद अंसारी, सरोज प्रजापति, प्रमोद प्रजापति,फैय्यद अंसारी, फरीद अंसारी, नेजाम भाई राजेश, लक्की, सतीश रोजाउद्दीन, सैफी, सैफ, बन्टी आदि मौजूद थे।
डॉक्टर या इंजीनियर बनना जरूरी नहीं, खेलों से भी बन सकती अच्छी जिंदगी: मनु भाकरएबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। ओलंपिक में ऐतिहासिक प्रदर्शन के साथ स्वदेश लौटी भारतीय निशानेबाज मनु भाकर ने मंगलवार को यहां एक स्कूल में सम्मानित होने के बाद छात्रों को खेलों में करियर बनाने के लिए प्रोत्साहित करते हुए कहा कि इससे जिंदगी अच्छी बनायी जा सकती है। हरियाणा की इस 22 साल की निशानेबाज ने पेरिस ओलंपिक में दो कांस्य पदक अपने नाम किये। वह ओलंपिक के किसी एक सत्र में दो पदक जीतने वाली देश की पहली खिलाड़ी हैं।मनु ने यहां वेलाम्मल नेक्सस स्कूल में आयोजित कार्यक्रम में कहा- तोक्यो ओलंपिक में निराशा मिलने के बाद मेरे लिए फिर से आत्मविश्वास हासिल करना काफी मुश्किल था। मैं उस समय विश्व रैंकिंग में दूसरे स्थान पर थी लेकिन अच्छा प्रदर्शन नहीं कर सकी थी। उन्होंने कहा, मैं विफलता के बाद सफलता के स्वाद को जानती हूं। खेलों की यही खूबसूरती है। आप एक प्रतियोगिता में हारते है तो दूसरे में जीतते है। लेकिन ऐसा तभी होगा जब आप लगातार कड़ी मेहनत करना जारी रखेंगे।मनु ने युवा छात्रों से खेल को करियर विकल्प के रूप में अपनाने की सलाह देने के साथ बड़े सपने देखने और कड़ी मेहनत पर जोर दिया। उन्होंने कहा, लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए, हमें बहुत कड़ी मेहनत और प्रयास करना चाहिए। यह हमेशा किसी बड़े लक्ष्य के साथ शुरू नहीं होता है, आपको इसे हासिल करने के लिए निरंतर काम करते रहना होता है। उन्होंने कहा, आप अगर बड़े सपने देख सकते हैं, तो आप बड़ा हासिल कर सकते हैं। इसलिए, हमेशा बड़े सपने देखने से शुरूआत करें।मनु ने कहा, मैं हमेशा अपने आप से कहती हूं कि चाहे मैं किसी भी प्रतियोगिता में जीतूं या हारूं, मैं हमेशा अपना मनोबल बनाये रखूंगी। उन्होंने कहा, हमारे पास करियर के कई विकल्प हैं। आपको डॉक्टर या इंजीनियर बनने की जरूरत नहीं है। खिलाड़ियों का जीवन एक सुंदर जीवन है। वित्तीय सहायता से लेकर किसी भी तरह की मदद तक, आपको खेल में सब कुछ मिलता है।पेरिस ओलंपिक में मनु ने महिलाओं की 10 मीटर एयर पिस्टल के अलावा 10 मीटर एयर पिस्टल मिश्रित टीम स्पर्धा में सरबजोत सिंह के साथ जोड़ी बनाकर कांस्य पदक जीते। उन्हें खुद को प्रेरित करने में अपने माता-पिता की भूमिका को महत्वपूर्ण करार दिया। मनु ने कहा, मेरी प्रेरणा मेरी मां से मिली। उन्होंने मुझे वैसा बनाया जैसी मैं आज हूं। माता-पिता के समर्थन के बिना, एक बच्चा बहुत कुछ नहीं कर सकता।
वनडे रैंकिंग में बाबर आजम से आगे निकलने को तैयार रोहित शर्माएबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। भारत के अनुभवी कप्तान रोहित शर्मा बल्लेबाजों की वनडे रैंकिंग में बाबर आजम के करीब पहुंच गये हैं, जबकि श्रीलंका के एक सलामी बल्लेबाज ने भी अपनी जगह बनायी है। आईसीसी के अनुसार भारत और श्रीलंका के सलामी बल्लेबाजों ने अपडेट की गयी आईसीसी पुरुष वनडे बल्लेबाज रैंकिंग में शीर्ष पर अच्छी जगह बनायी है। पाकिस्तान के बाबर आजम वनडे बल्लेबाजों की सूची में शीर्ष पर अच्छी बढ़त बनाए हुए हैं, उनके सामने भारत के कप्तान रोहित शर्मा और श्रीलंका के दाएं हाथ के बल्लेबाज पथुम निसांका के रूप में कुछ नई चुनौतियां हैं। रोहित ने श्रीलंका के खिलाफ सीरीज में सर्वश्रेष्ठ 157 रन बनाने के दम पर टीम के साथी शुभमन गिल को पीछे छोड़ दिया और बाबर के बाद दूसरे स्थान पर पहुंच गये।जबकि निसांका ने भी उसी सीरीज में 101 रन बनाने के बाद एक स्थान की बढ़त हासिल की और आठवें स्थान पर पहुंच गए। श्रीलंका ने उस एकदिवसीय श्रृंखला के दौरान 1997 के बाद पहली बार भारत को हराकर 27 साल का सूखा तोड़ा, जिसमें कुसल मेंडिस (पांच पायदान ऊपर 39वें स्थान पर) और अविष्का फर्नांडो (20 पायदान ऊपर 68वें स्थान पर) ने भी 50 ओवर के बल्लेबाजों की नवीनतम सूची में कुछ लाभ कमाया। नीदरलैंड के आक्रामक सलामी बल्लेबाज मैक्स ओ डॉव (10 पायदान ऊपर 54वें स्थान पर) और यूएसए के मोनंक पटेल (11 पायदान ऊपर 56वें स्थान पर) ने भी इस सूची में जगह बनाई, जबकि यूएसए के नोस्तुश केंजीगे (10 पायदान ऊपर 49वें स्थान पर) और श्रीलंका के स्पिनर डुनिथ वेलालेज (17 पायदान ऊपर 59वें स्थान पर) गेंदबाजों की एकदिवसीय रैंकिंग में बड़े बदलावों में शामिल रहे। आईसीसी के अनुसार त्रिनिदाद में वेस्टइंडीज और दक्षिण अफ्रीका के बीच ड्रॉ के बाद नवीनतम टेस्ट खिलाड़ी रैंकिंग में भी कुछ बदलाव हुआ। दक्षिण अफ्रीका के कप्तान टेम्बा बावुमा ने अपने करियर की नई सर्वोच्च रेटिंग हासिल की और कैरेबियाई टीम के खिलाफ 86 और 15* रन की पारी खेलने के बाद टेस्ट बल्लेबाजों की सूची में दो स्थान के सुधार के साथ 16वें स्थान पर पहुंच गए जबकि सलामी बल्लेबाज टोनी डी ज़ोरज़ी ने आईसीसी विश्व टेस्ट चैंपियनशिप प्रतियोगिता की पहली पारी में शानदार 78 रन बनाने के बाद 29 स्थान के सुधार के साथ 85वें स्थान पर पहुंच गये।वेस्टइंडीज के नजरिए से जेसन होल्डर (तीन स्थान के सुधार के साथ 67वें स्थान पर) और एलिक अथानाजे (12 स्थान के सुधार के साथ 76वें स्थान पर) टेस्ट बल्लेबाजों की सूची में आगे बढ़ने वालों में शामिल हैं, जबकि दक्षिण अफ्रीका के स्पिनर केशव महाराज टेस्ट गेंदबाजों की नवीनतम सूची में सबसे ज्यादा ध्यान खींचने वाले खिलाड़ी रहे। महाराज ने प्लेयर ऑफ द मैच के सम्मान के रास्ते में प्रत्येक पारी में चार विकेट लिए और बाएं हाथ के इस गेंदबाज ने सात स्थान के सुधार के साथ 21वें स्थान की बराबरी कर ली।
एबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। अस्मीता खेलो इंडिया द्वारा नारी शक्ति को योगासन खेल के माध्यम से अधिक सशक्त और प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से 13 अगस्त 2024 को रांची में योगासन खेल संघ झारखंड के जिला इकाई रांची जिला योगासन स्पोर्ट्स एसोसिएशन के तत्वाधान में 1 दिवसीय ट्रायल का आयोजन मरांग गोमके जयपाल सिंह हॉकी स्टेडियम में रखा गया है। जिसमे झारखंड के विभिन्न जिलों से प्रतिभागी शामिल हुए इसमें रांची , जमशेदपुर, गुमला, बोकारो, धनबाद, दुमका, सिमडेगा आदि जिलों से प्रतिभागी बढ़ चढ़ कर हिस्सा लिये। मुख्य अतिथि के रूप में राज किशोर खाखा, सयुक्त निदेशक,खेल प्राधिकरण झारखंड उपस्थित रहे, योगासन खिलाड़ियों के लिए फेडरेशन द्वारा पूर्व में जारी सिलेबस के माध्यम से चार इवेंट हुए, जिसमें ट्रेडिशनल योगासन, आर्टिस्टिक सिंगल, आर्टिस्टिक पेयर, रिदमिक पेयर शामिल है। जिसमे 2 ग्रुप 12 से 18 वर्ष बालिका वर्ग और 18 से 55 वर्ष महिला वर्ग का कराया गया। इस ट्रायल के माध्यम से जितने भी खिलाड़ी चुने गए उनको 22 से 24अगस्त पटना में आयोजित होने वाले ईस्ट जोन खेलो इंडिया वूमेन लीग में भाग लेने का मौका 50 महिला खिलाडियों का चयन किया गया, जहां वेजेताओ को नगद राशि भी दी जाएगी साथ ही नेशनल खेलो इंडिया वूमेन लीग में जाने का मौका मिलेगा जो दिल्ली में आयोजित किया जाना है।सहजतापूर्वक कार्यान्वित करने के लिए पांच सदस्यों की एक टीम तैयार की गई थी, जिसमें मुख्य रूप योगासन झारखंड के राज्य अध्यक्ष संजय सिंह, राज्य सचिव श्री विपिन पांडे, रांची जिला सचिव संतोषी कुमारी कंप्टीशन मैनेजर पूजा सिंह और कंप्टीशन डायरेक्टर सोनाली सरकार को शामिल किया गया है। इसके साथ ही रांची जिला के अन्य पदाधिकारीगण मनोज तिवारी, ईश्वर चंद, आर्य प्रहलाद भगत, प्रशांत, शंकर राणा, चैताली मुखर्जी सुरजीत घोसाल, ऋषि रंजन, राहुल रंजन, कुमकुम सिंह, मधु प्रधान, ममता कुमारी, चंदू कुमार, रितिका जोशी,बबलू महतो की देख रेख में पूरा किया गया। झारखंड राज्य में प्रतियोगिता को सफलतापूर्वक संपन्न कराने की जिम्मेवारी योगासना स्पोर्ट्स एसोशिएशन आॅफ झारखंड को दिया गया था। कार्यक्रम के समापन में रांची जिला खेल प्रदाधिकारी शिवेंद्र सिंह उपस्थित रहे। और सभी प्रतिभागियों को आगामी प्रतियोगिता के लिए बधाई दी।
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