एबीएन न्यूज नेटवर्क, पांचा (तैमारा), बुंडू, रांची। रांची-टाटा एनएच-33 स्थित अर्बन डिजाइन प्राइवेट लिमिटेड कंपनी में महिला कर्मचारियों का आंदोलन वेतन वृद्धि एवं कथित धमकी के विरोध में जारी है। आज एचआर वार्ता के लिए पहुंचे, लेकिन मजदूरों की मांगों पर कोई संतोषजनक समझौता नहीं हो पाया। देवेन्द्र नाथ महतो की पहल पर आंदोलनकारियों ने फिलहाल सड़क जाम हटा लिया है, लेकिन मजदूरों का आंदोलन समाप्त नहीं हुआ है। देवेन्द्र नाथ महतो मजदूरों के हक और न्याय की लड़ाई में उनके साथ डटे हुए हैं। आंदोलनकारियों ने स्पष्ट किया है कि यदि वार्ता के माध्यम से उनकी मांगों का उचित समाधान नहीं निकलता है, तो आगे फिर से सड़क पर उतरकर आंदोलन किया जायेगा।
कंपनी प्रबंधन मजदूरों के साथ कर रहा है मनमानी : देवेंद्र नाथ महतो अर्बन डिजाइन प्राइवेट लिमिटेड, पांचा में श्रमिकों का आंदोलन एबीएन न्यूज नेटवर्क, बुंडू/ रांची। तैमारा स्थित अर्बन डिजाइन प्राइवेट लिमिटेड, पांचा में आज श्रमिकों ने अपनी मांगों को लेकर जोरदार आंदोलन किया। आंदोलन में बड़ी संख्या में महिला श्रमिकों ने भी भाग लिया। आक्रोशित श्रमिकों ने अपनी मांगों को लेकर कंपनी के मुख्य द्वार को जाम कर दिया। सूचना मिलने पर झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा के केंद्रीय वरीय उपाध्यक्ष देवेंद्र नाथ महतो मौके पर पहुंचे और श्रमिकों के साथ टाटा-रांची राष्ट्रीय राजमार्ग को जाम कर दिया। जिससे लगभग चार घंटे तक सड़क पर आवागमन पूरी तरह बाधित रहा। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए स्थानीय थाना प्रभारी एवं डीएसपी पुलिस दल बल के साथ मौके पर पहुंचे। प्रशासन की उपस्थिति में श्रमिकों ने कंपनी प्रबंधन के समक्ष अपनी मांगें रखीं — सरकारी निर्धारित दर के अनुसार मजदूरी का भुगतान किया जाए। निर्धारित तय तिथि पर नियमित रूप से वेतन का भुगतान सुनिश्चित किया जाये। श्रमिकों के साथ दुर्व्यवहार करने वाले एचआर कुमार गौरव की बर्खास्तगी। ओवरटाइम ड्यूटी का भुगतान स्लिप के साथ किया जाये। अनियमित प्रोडक्शन टास्क में नियंत्रण हो। सड़क जाम के दौरान देवेंद्र नाथ महतो ने कहा कि किसी भी कंपनी की असली ताकत उसके मजदूर होते हैं। श्रमिकों के साथ दुर्व्यवहार व उनकी जायज मांगों की अनदेखी करना कतई स्वीकार्य नहीं है। कंपनी प्रबंधन को निर्धारित मानकों एवं श्रम नियमों के अनुरूप काम करना होगा। श्रमिकों की समस्याओं का शीघ्र समाधान किया जाना चाहिए। आज के आंदोलन में सैकड़ों श्रमिकों के साथ देवेंद्र नाथ महतो, दमयंती मुंडा, बेबी महतो, हर्षवर्धन शर्मा, राजकिशोर कुशवाहा, गुना भगत, मुकेश महतो, राजेश्वर दास, अजय महतो आदि सामाजिक कार्यकर्ता मौजूद रहे।
नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल लें संज्ञान, पर्यावरण संतुलन बिगाड़ने एवं प्रदूषण फैलाने हेतु हिंडाल्को कंपनी के विरुद्ध हो कड़ी कार्रवाई : रीतेश कुमार, अध्यक्ष, लोहरदगा चैंबर आॅफ कॉमर्स एबीएन न्यूज नेटवर्क, लोहरदगा। लोहरदगावासी जानते हैं कि हिंडाल्को द्वारा बॉक्साइट खन्नन एवं ढुलाई का काम लोहरदगा, गुमला जिला में अवस्थित विभिन्न माइंसों, जैसे बगड़ू, भुसाड़, हिसरी, पाखर, बिमरला, सेरेंगदाग, जालिम, सनई, अमतिपानी, गुरदरी, कुजाम, टाटीझरीया, कुदाग, सामरी इत्यादि में धड़ल्ले से लगातार लगभग 60-65 वर्षों से वैध 2लाख टन प्रति माह, अवैध कोई हिसाब नहीं, बॉक्साइट उत्खन्न का काम एवं ढुलाई हिन्डाल्को कम्पनी द्वारा स्थापना काल से किया जा रहा है, परंतु सरकार द्वारा निर्धारित विभिन्न अधिनियमों जल (प्रदूषण निवारण और नियंत्रण) अधिनियम, 1974, जल (प्रदूषण निवारण और नियंत्रण) उपकर अधिनियम, 1977 वन (संरक्षण)अधिनियम, 1980 वायु (प्रदूषण निवारण और नियंत्रण)अधिनियम, 1981 पर्यावरण (संरक्षण) अधिनियम, 1980 जैव-विविधता अधिनियम, 2002 का लगातार धज्जियां उड़ाते हुए अपना जेब गर्म करते आ रही है। जिस कारण लोहरदगा गुमला जिला का पर्यावरण संतुलन तहस नहस हो चुकी है और यहां की हवाओं में लाल मिट्टी का कण फैलकर इतना भयावह रूप ले चुका है कि आंख, कान, नाक, फेफड़ा, इत्यादि की बीमारी खासकर लोहरदगावासियों के लिए आम बात हो गयी है। लोहरदगा गुमला अवस्थित विभिन्न माइंस में धरती चीरकर उत्खन्न तो धड़ल्ले से हो रही है परन्तु सरकार द्वारा निर्धारित विभिन्न मापदंडों जैसे सामाजिक दायित्व निर्वाहन, प्रदूषण नियंत्रण, पर्यावरण संतुलन, जल,जंगल जमीन का रक्षा, जंगली जीव जंतुओं की सुरक्षा तथा शिक्षा एवं स्वास्थ्य व्यवस्था इत्यादि का पालन केवल कागजों में औपचारिकता मात्र बनकर रह गयी है। मजदूरों और ट्रक मालिको का शोषण भी आम बात है, परंतु रोजी रोटी को लेकर मजबूरीवश इनका मुंह कंपनी के विरुद्ध नहीं खुल पाती है, जिस कारण कहीं न कहीं इनकी मजबूरी का फायदा हिंडाल्को द्वारा अप्रत्यक्ष रूप से नियुक्त बिचौलियों द्वारा उठाने का कार्य किया जाता रहा है। अब यह महसूस भी होंने लगा है कि विभिन्न मुद्दों पर आन्दोलन केवल औपचारिकता मात्र बनकर रह गयी है! क्योंकि हिंडाल्को कम्पनी प्रबंधन द्वारा इसे मैनेज करना आम बात है। अब आवश्यक हो गया है कि हिंडाल्को कंपनी के गलत कारनामो के खिलाफ केंद्र व राज्य सरकार खुद कदम उठावे तथा नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल के माध्यम से लोहरदगा गुमला जिला में अवस्थित माइंसों की गहन जांच हों तथा वहां के रैयतों से पूछताछ के माध्यम से उनकी शोषण की सच्चाई को उजागर करे।
रांची पुलिस की बड़ी कार्रवाई, साइबर अपराध की सूचना पर पंडरा में ताबड़तोड़ छापेमारी... 11 लोग हिरासत में 5 लाख रूपए और 60 मोबाइल फ़ोन बरामद टीम एबीएन, रांची। रांची पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए साइबर अपराध की सूचना पर पंडरा ओपी इलाके में ताबड़तोड़ छापेमारी की है। इस दौरान 11 लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। वहीं, 5 लाख रूपए और 60 मोबाइल फ़ोन बरामद किया गया। यह छापेमारी पंडरा ओपी क्षेत्र के PARASAR टावर में चल रही है। वहीं तेल मिल गली में भी कार्रवाई की गई। मौके पर सिटी एसपी, ASP कोतवाली सहित कोतवाली, डेली मार्केट, पंडरा और सुखदेव नगर थाना की पुलिस मौजूद है। पुलिस डिजिटल डिवाइज और दस्तावेजों खंगाल रही है।
धनबाद पुलिस को मिलीं 45 नई पेट्रोलिंग बाइकउपायुक्त आदित्य रंजन सहित एसएसपी प्रभात कुमार ने हरी झंडी दिखाकर किया रवानाएबीएन न्यूज नेटवर्क, धनबाद। 13 अक्टूबर 2026 को जिले में सुरक्षा एवं कानून-व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाने, अपराध नियंत्रण तथा आम नागरिकों को त्वरित पुलिस सहायता उपलब्ध कराने के उद्देश्य से धनबाद पुलिस के बेड़े में 45 नई पेट्रोलिंग बाइक शामिल की गई हैं।मंगलवार को पुलिस केंद्र में आयोजित कार्यक्रम में उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी आदित्य रंजन और वरीय पुलिस अधीक्षक प्रभात कुमार ने हरी झंडी दिखाकर इन बाइकों को रवाना किया।नई बाइकों के शामिल होने से शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में पुलिस की गश्त व्यवस्था को मजबूती मिलने के साथ आपात स्थिति में घटनास्थल तक शीघ्र पहुंचने में मदद मिलेगी।नई पेट्रोलिंग बाइकों का आवंटन पुलिस की आवश्यकताओं और विभिन्न इकाइयों की कार्यप्रणाली को ध्यान में रखकर किया गया है। इनमें से 18 बाइक सिटी हॉक्स टीम को, 4 बाइक ट्रैफिक थाना को तथा शेष 23 बाइक जिले के अन्य थानों को आवंटित की गई हैं।सिटी हॉक्स टीम की सक्रियता बढ़ने से शहर के भीड़भाड़ वाले इलाकों, बाजारों, प्रमुख मार्गों और संवेदनशील क्षेत्रों में नियमित गश्त को गति मिलेगी। वहीं ट्रैफिक थाना को मिली बाइक से यातायात व्यवस्था की निगरानी, जाम की स्थिति में त्वरित कार्रवाई और यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई में सहूलियत होगी।अन्य थानों को मिली पेट्रोलिंग बाइक से थाना क्षेत्रों में पुलिस की पहुंच और गतिशीलता बढ़ेगी। किसी घटना, विवाद, आपात सूचना या संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिलने पर पुलिसकर्मी कम समय में मौके पर पहुंच सकेंगे। इससे नियमित गश्त को प्रभावी बनाने, संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने और आम नागरिकों में सुरक्षा की भावना मजबूत करने में मदद मिलेगी।तीन चरणों में पहले मिली थीं 147 बाइक: धनबाद पुलिस को इससे पूर्व भी तीन चरणों में कुल 147 नई पेट्रोलिंग बाइक आवंटित की जा चुकी हैं। मंगलवार को 45 नई बाइक मिलने के बाद वर्ष 2025-26 के दौरान जिले में अब तक कुल 192 नई पेट्रोलिंग बाइक आवंटित की जा चुकी हैं।लगातार बढ़ रहे पुलिस वाहनों के बेड़े से जिले में गश्त व्यवस्था को अधिक सक्रिय और प्रभावी बनाने में मदद मिलेगी। इसका उद्देश्य पुलिस की त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता बढ़ाने के साथ अपराध की रोकथाम और विधि-व्यवस्था बनाए रखने की व्यवस्था को और मजबूत करना है।कार्यक्रम के दौरान सिटी एसपी ऋत्विक श्रीवास्तव, ग्रामीण एसपी एस. मोहम्मद याकूब, डीएसपी विधि व्यवस्था प्रकाश सोय, डीएसपी सीसीआर प्रदीप कुमार साव, डीएसपी ट्रैफिक रोहित साव समेत अन्य पुलिस पदाधिकारी मौजूद थे।
17 साल से एएनओ नहीं होने से फंसा पेंच, रक्षा राज्य मंत्री से मिले कैडेट्स ममता कुमारी एबीएन न्यूज नेटवर्क, बुंडू (रांची)। पंच परगना क्षेत्र के प्रमुख डिग्री कॉलेज पीपीके कॉलेज, बुंडू की 7/3 एनसीसी कंपनी पिछले 6 महीने से निलंबित है। 16 अप्रैल 2025 से निलंबित इस यूनिट को स्थायी रूप से बंद किए जाने की आशंका को लेकर कैडेट्स और पूर्व छात्रों में आक्रोश है। यूनिट की बहाली के लिए कैडेट्स ने रांची के सांसद और केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ से हस्तक्षेप की मांग की है। मामले को लेकर कैडेट्स ने सांसद को एक ज्ञापन सौंपा है। ज्ञापन के अनुसार, 3 झारखंड बटालियन एनसीसी, रांची द्वारा कॉलेज को दो नोटिस भेजे गये हैं। नोटिस में निलंबन का मुख्य कारण पिछले 17 वर्षों से कॉलेज में एसोसिएट एनसीसी आॅफिसर (एएनओ) की अनुपलब्धता बताया गया है। कैडेट्स का कहना है कि पूर्व सीटीओ सब्रान सिंह मुंडा ने एएनओ पद के लिए जरूरी पीआरसीएन प्रशिक्षण नहीं लिया, जिससे पूरी यूनिट का कामकाज प्रभावित हुआ। इसका सीधा असर कैडेट्स की नियमित परेड और प्रशिक्षण पर पड़ा। गोल्ड मेडल जीतकर भी मायूस हैं कैडेट्स दिलचस्प बात यह है कि तमाम कठिनाइयों के बावजूद कॉलेज के कैडेट्स ने हाल ही में हुए सीएटीसी-आईआई कैंप में शानदार प्रदर्शन किया था। फायरिंग में स्वर्ण पदक और पायलटिंग में रजत पदक जीतकर उन्होंने अपनी प्रतिभा साबित की है। वहीं कॉलेज की प्राचार्य डॉ. विनिता कुमारी ने यूनिट को बचाने के लिए कई प्रयास किये हैं। उन्होंने 3 झारखंड बटालियन के कमांडिंग आॅफिसर से करीब पांच बार मुलाकात की और कचहरी रोड स्थित एनसीसी ग्रुप कार्यालय में ग्रुप कमांडर से भी मिलीं। कॉलेज ने नव नियुक्त सीटीओ कल्याण रॉय के साथ अठड प्रशिक्षण के लिए जरूरी सभी दस्तावेज भी जमा कर दिए हैं, लेकिन इसके बाद भी निलंबन रद्द नहीं हुआ है। ग्रामीण छात्रों के भविष्य पर संकट पीपीके कॉलेज में आसपास के सैकड़ों गांवों के, खासकर आर्थिक रूप से पिछड़े वर्ग के छात्र पढ़ते हैं। ऐसे छात्रों के लिए एनसीसी ही सेना और सशस्त्र बलों में करियर का सबसे सुलभ जरिया है। यूनिट बंद होने से इन छात्रों को सबसे ज्यादा नुकसान होगा। एनसीसी कैडेट्स ने चेतावनी दी है कि अगर जल्द बहाली नहीं हुई तो नये सत्र में नये प्रवेश भी बंद हो जायेंगे। कैडेट्स ने सांसद संजय सेठ से आग्रह किया है कि वे एनसीसी अधिकारियों से बात कर निलंबन की समीक्षा कराएं और यूनिट की बहाली सुनिश्चित करें।
अनाथालय के नाम पर हजारीबाग में भीख मांगने का धंधा, त्योहार आते ही सक्रिय होते हैं गिरोह एबीएन न्यूज नेटवर्क, हजारीबाग। धर्म और इंसानियत के नाम पर अगर आपकी जेब से निकला पैसा किसी अनाथ बच्चे के भविष्य को संवारने के बजाय जालसाजों की तिजोरी में पहुंच रहा हो, तो यह सिर्फ धोखाधड़ी नहीं, बल्कि मानवीय संवेदनाओं पर करारा प्रहार है। हजारीबाग में अनाथालय और गरीब बच्चों की मदद के नाम पर चंदा वसूलने की गतिविधियां गंभीर सवाल खड़े करती हैं। खासकर दुगार्पूजा, दीपावली और छठ जैसे पावन पर्वों के दौरान ऐसे लोगों की सक्रियता पर निगरानी जरूरी हो जाती है। त्योहारों में आस्था को बनाया जाता है हथियार त्योहारों के समय बाजारों, चौक-चौराहों और रिहायशी इलाकों में कुछ लोग अनाथालय, वृद्धाश्रम, गौशाला अथवा जरूरतमंद बच्चों की सहायता के नाम पर लोगों से पैसे मांगते नजर आते हैं। हाथों में रसीद बुक, पर्चे या संस्थान के नाम वाले कागजात लेकर ये लोग लोगों की धार्मिक भावना और दया का लाभ उठाने की कोशिश कर सकते हैं। सवाल यह है कि आखिर जुटायी गयी रकम वास्तव में जरूरतमंदों तक पहुंचती भी है या नहीं? फर्जीवाड़े की आशंका, सत्यापन जरूरी यदि किसी संस्था का पंजीकरण, उसका वास्तविक पता, बच्चों की संख्या और चंदे के उपयोग का विवरण स्पष्ट नहीं है, तो उसकी विश्वसनीयता की जांच करना आवश्यक है। कुछ मामलों में फर्जी रसीदों और भ्रामक पहचान के जरिए चंदा वसूली की शिकायतें सामने आती रही हैं। हालांकि, हजारीबाग में किसी संगठित गिरोह के सक्रिय होने या बच्चों को भीख मंगवाने के लिए इस्तेमाल करने की पुष्टि जांच के बाद ही की जा सकती है। प्रशासन की निगरानी और जनता की सतर्कता जरूरी आम नागरिक चंदा देने से पहले संस्था का पंजीकरण, अधिकृत पहचान और आधिकारिक संपर्क विवरण जांचें। संदिग्ध गतिविधि दिखने पर पुलिस या संबंधित बाल संरक्षण अधिकारियों को सूचना दें। अब सवाल व्यवस्था से है क्या त्योहारों की भीड़ में आस्था के नाम पर होने वाली कथित वसूली की जांच होगी? जरूरतमंदों की मदद करना पुण्य है, लेकिन बिना सत्यापन पैसा देना जालसाजी को बढ़ावा भी दे सकता है। प्रशासन को चाहिए कि शिकायतों की जांच करे, दोषियों पर कार्रवाई करे और वास्तविक जरूरतमंद बच्चों के अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित करे।
एबीएन न्यूज नेटवर्क, बरही/ हजारीबाग। अवर निबंधन कार्यालय (रजिस्ट्री आॅफिस) में जमीन रजिस्ट्री को लेकर मिल रही लगातार शिकायतों का संज्ञान लेते हुए विधायक मनोज कुमार यादव ने आज कार्यालय का औचक दौरा किया। इस दौरान विधायक श्री यादव ने अवर निबंधक जोहन टुड्डू से सीधी बातचीत की और रजिस्ट्री प्रक्रिया में आम जनता को आ रही दिक्कतों के त्वरित समाधान पर जोर दिया, ताकि नागरिकों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। मौके पर विधायक प्रतिनिधि रमेश ठाकुर, सांसद प्रतिनिधि भगवान केसरी जिला परिषद प्रतिनिधि गुरुदेव गुप्ता, पूर्व पसस मेवालाल केशरी, बरही पूर्वी भाजपा मंडल अध्यक्ष नागेश्वर रजक सहित अन्य उपस्थित थे।
झारखंड : ट्रेलर से टकराकर खाई में गिरी कार, एक ही परिवार के 3 सदस्यों की मौत एबीएन न्यूज नेटवर्क, चाईबासा/ जमशेदपुर। झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम जिले में मंगलवार सुबह एक कार ट्रेलर से आगे निकलने की कोशिश के दौरान उससे टकराकर खाई में गिर गयी, जिसके कारण एक परिवार के तीन सदस्यों की मौत हो गयी और दो लोग घायल हो गये। पुलिस ने यह जानकारी दी। पुलिस के अनुसार, दुर्घटना हटगम्हरिया थाना क्षेत्र के कुडापी में एक रेलवे क्रॉसिंग के पास हुई। पुलिस अधीक्षक अमित रेणु ने बताया कि कार छत्तीसगढ़ से जमशेदपुर जा रही थी। पुलिस ने बताया कि हादसे में घायल दो लोगों को इलाज के लिए पास के अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
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