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1000 पुलिसकर्मी संभालेंगे राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की सुरक्षा व्यवस्था
Published / 2025-02-10 21:04:42
1000 पुलिसकर्मी संभालेंगे राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की सुरक्षा व्यवस्था

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की रांची में थ्री लेयर रहेगी सिक्योरिटी, 1000 पुलिसकर्मी रहेंगे तैनात, बदलेगी ट्रैफिक व्यवस्था टीम एबीएन, रांची। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू 14 फरवरी को रांची आ रही हैं। वह बीआईटी मेसरा के हीरक जयंती समारोह में 15 फरवरी को शामिल होंगी। राष्ट्रपति के आगमन को लेकर सुरक्षा के लिए रांची पुलिस ने चाक-चौबंद व्यवस्था की है। राष्ट्रपति एयरपोर्ट से सीधे राजभवन जायेंगी। राष्ट्रपति की सुरक्षा तीन लेयर में होगी। उनकी सुरक्षा में 1000 पुलिसकर्मियों को तैनात किया जायेगा। सुरक्षा में 10 आइपीएस अधिकारी की भी तैनाती होगी। 14 व 15 फरवरी को ट्रैफिक व्यवस्था में बदलाव किया जायेगा। 14 फरवरी को राष्ट्रपति एयरपोर्ट से हरमू बाइपास होकर राजभवन पहुंचेंगी। इस दौरान आधा से एक घंटा पहले ट्रैफिक रोक दिया जायेगा। राष्ट्रपति का काफिला जैसे-जैसे आगे बढ़ता जायेगा, ट्रैफिक को उसी हिसाब से खोल दिया जायेगा। ट्रैफिक रोकने के लिए कई जगह बैरिकेडिंग भी की जायेगी। कई जगह ड्रॉप गेट बनाये जायेंगे। ट्रैफिक संभालने के लिए ट्रैफिक डीएसपी, इंस्पेक्टर व पुलिसकर्मियों को हर रोड में तैनात किया जायेगा। उनकी सुरक्षा को लेकर डीआइजी सह एसएसपी, सिटी एसपी, ग्रामीण एसपी, ट्रैफिक एसपी, एएसपी सीसीआर सहित 10 आइपीएस, 20 से अधिक डीएसपी और काफी संख्या में जिला बल, स्पेशल ब्रांच के इंस्पेक्टर भी लगाये जायेंगे। सुरक्षा में रांची पुलिस के अलावा अर्द्धसैनिक बल, सेना के जवान की भी तैनाती रहेंगे। रांची पुलिस, रैपिड एक्शन पुलिस, जैप, इको, जिला बल की लाठी पार्टी तैनात रहेगी। ऊंची इमारतों से भी सुरक्षाकर्मी निगहबानी में लगे रहेंगे। साथ ही स्पेशल ब्रांच के पुलिसकर्मी सादे लिबास में विभिन्न इलाकों में तैनात रहेंगे। सेना के जवान भी अपने स्तर से जगह-जगह तैनात रहेंगे।

कदाचाररहित परीक्षा के लिए पलामू जिला प्रशासन सजग : उपायुक्त
Published / 2025-02-10 20:43:25
कदाचाररहित परीक्षा के लिए पलामू जिला प्रशासन सजग : उपायुक्त

मैट्रिक-इंटर की परीक्षा में पलामू के 67,262 परीक्षार्थी लेंगे भाग 11 फरवरी से दो पालियों में होगी परीक्षा, नियंत्रण कक्ष स्थापित एबीएन न्यूज नेटवर्क, मेदिनीनगर (पलामू)। झारखंड अधिविद्य परिषद, रांची द्वारा वार्षिक माध्यमिक परीक्षा एवं वार्षिक इंटरमीडिएट परीक्षा 11 फरवरी से 3 मार्च 2025 तक संचालित होगी। उपायुक्त शषि रंजन के निदेश पर कदाचार मुक्त परीक्षा की सभी आवश्यक तैयारियां पूर्ण कर ली गई है। परीक्षा को लेकर पलामू जिला प्रशासन सजग है। प्रशासन की ओर से सर्तकता बरती जा रही है, ताकि किसी को कदाचार का मौका नहीं मिले। उपायुक्त ने सभी को निषेधाज्ञा का पालन करने की बातें कही है। इसका उल्लंघन करने वालों पर कानूनी कार्रवाई की जायेगी। उन्होंने परीक्षार्थियों को सुझाव दिया है कि यह परीक्षा उनके लिए महत्वपूर्ण है। कदाचार पर बिल्कुल ही ध्यान नहीं दें। सवालों को ध्यान से पढ़कर उत्तर दें। साफ-सुथरा लिखावट पर परीक्षार्थियों को अच्छे अंक प्राप्त होंगे। परीक्षा की घड़ी में घबरायें नहीं, आत्मविश्वास के साथ उतर लिखें। परीक्षा में तनाव से मुक्त करने के लिए माध्यमिक परीक्षा एवं इंटरमीडिएट परीक्षा के प्रश्न पत्र अवलोकन हेतु 15 मिनट का अतिरिक्त समय भी दिया जा रहा है। उपायुक्त ने परीक्षा के सफल संचालन हेतु झारखंड परीक्षा संचालन अधिनियम, 2001 के प्रावधानों का कड़ाई से अनुपालन करने एवं परीक्षा से जुड़े सभी पदाधिकारियों को आपसी समन्वय एवं समय प्रबंधन के साथ कार्य करने का निदेश दिया है। उन्होंने कहा कि जिले में निष्पक्ष, शांतिपूर्ण व कदाचार मुक्त परीक्षा संचालन की तैयारी की गई है। परीक्षा संचालन को लेकर उड़नदस्ता-सह गश्ती दंडाधिकारी, स्टैटिक दंडाधिकारी, पुलिस पदाधिकारी, उड़नदस्ता एवं गस्ती दल पदाधिकारी सहित अन्य वरीय पदाधिकारियों को लगाया गया है। साथ ही जिला स्तर पर दो नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है।  माध्यमिक परीक्षा में 34665 एवं इंटरमीडिएट कला, विज्ञान एवं वाणिज्य संकायों की परीक्षा में 32597 परीक्षार्थी सम्मिलित होंगे। इस प्रकार दोनों परीक्षाओं में 67262 परीक्षार्थी सम्मिलित होंगे। माध्यमिक परीक्षा के लिए पलामू जिले में 76 परीक्षा केंद्र निर्धारित किये गये हैं। वहीं इंटर परीक्षा के लिए 40 परीक्षा केंद्र बनाये गये हैं।परीक्षा को लेकर दो नियंत्रण कक्ष स्थापित मैट्रिक एवं इंटरमीडिएट परीक्षा के सफल संचालन हेतु दो स्थानों पर नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है। अपर समाहार्ता के वेश्म में स्थापित नियंत्रण कक्ष के प्रभारी पदाधिकारी के रूप में जिला पंचायत राज पदाधिकारी विनय कुमार श्रीवास्तव होंगे। उनके सहयोग के लिए जिला शिक्षा पदाधिकारी एवं जिला शिक्षा अधीक्षक को प्रतिनियुक्त किया गया है।  वहीं दो लिपिक लगाये गये हैं। राजकीय संस्कृत उच्च विद्यालय के लिपिक लल्लू साव एवं स्तरोन्नत प्लस टू उच्च विद्यालय, नावाबाजार के लिपिक अभिषेक राजन को लगाया गया है। नियंत्रण कक्ष का दूरभाष संख्या-06562-228008 है।  दूसरा नियंत्रण कक्ष जिला शिक्षा पदाधिकारी कार्यालय वेश्म में परीक्षा नियंत्रण कक्ष स्थापित किया गया है। इमसें पदाधिकारी एवं कर्मियों की प्रतिनियुक्त कर दी गई है। डीईओ आफिस में स्थापित नियंत्रण कक्ष के प्रभारी जिला शिक्षा पदाधिकारी सौरभ प्रकाश हैं। वहीं जिला शिक्षा अधीक्षक संदीप कुमार सहायक नियंत्रण प्रभारी हैं। इसके साथ ही अतिरिक्त जिला कार्यक्रम पदाधिकारी संजय कापरी, लिपिक अरूण कुमार गिरी एवं राही पासवान तथा कंप्यूटर आपरेटर राज कुमार विश्वकर्मा को प्रतिनियुक्त किया गया है।

पलामू के तीन स्वास्थ्य केंद्रों में हुई छापेमारी, किया गया शो-कॉज
Published / 2025-02-10 20:39:28
पलामू के तीन स्वास्थ्य केंद्रों में हुई छापेमारी, किया गया शो-कॉज

निर्धारित मानकों विरूद्ध संचालित छतरपुर अनुमंडल क्षेत्र के तीन निजी स्वास्थ्य संस्थानों पर प्रशासन की बड़ी कार्रवाई अयोग्य व्यक्ति कर रहा था आॅपरेशन, पदाधिकारियों को देख गायब हो गये संस्थान के कर्मी स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ बर्दास्त नहीं : उपायुक्त पीसी एंड पीएनडीटी एक्ट का उलंघन करने वालों पर होगी कार्रवाई एबीएन न्यूज नेटवर्क, मेदिनीनगर/ पलामू। छतरपुर अनुमंडल क्षेत्र में निर्धारित मानकों के विरुद्ध संचालित तीन निजी स्वास्थ्य संस्थानों पर प्रशासन की बड़ी का कार्रवाई हुई है। उपायुक्त सह पीसी एंड पीएनडीटी के अध्यक्ष शशि रंजन के निदेश पर छतरपुर अनुमंडल पदाधिकारी आशीष गंगवार के नेतृत्व में स्वास्थ्य मानकों पर खरा नहीं उतरने वाले स्वास्थ्य संस्थानों में छापेमारी की गई। छतरपुर के सरईडीह रोड में संचालित तीन संस्थान वर्मा हॉस्पीटल, मां ललिता हॉस्पीटल एवं खुशी अल्ट्रासाउण्ड में छापेमारी में कई तथ्य उजागर हुए हैं। तीनों संस्थानों के संचालकों के विरूद्ध उपाधीक्षक-सह-छतरपुर अनुमंडलीय अस्पताल के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी ने शो-कॉज किया है। इन्हें 48 घंटे के अंदर विस्तृत स्पष्टीकरण समर्पित करने का निदेश दिया गया है। स्पष्टीकरण असंतोजनक/अप्राप्त रहने की स्थिति में कठोर कार्रवाई हेतु उच्चाधिकारियों को प्रतिवेदित किया जायेगा। छापेमारी सह औचक निरीक्षण में अनुमंडल पदाधिकारी आशीष गंगवार सहित छतरपुर के अंचल अधिकारी एवं उपाधीक्षक सह छतरपुर अनुमंडलीय अस्पताल के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी शामिल रहे। उपायुक्त शशि रंजन के निदेश पर पीसी एंड पीएनडीटी एक्ट के तहत प्रशासन की कार्रवाई जारी रहेगी। उपायुक्त ने  कहा कि पलामू वासियों को समयबद्धता के साथ बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान करने के दिशा में प्रशासन निरंतर कार्य कर रही है। स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ बर्दास्त नहीं की जाये। जिले में बिना निबंधन एवं निबंधन वैद्यता समाप्त पाये जाने वाले हॉस्पीटल एवं अन्य संस्थानों पर सख्त कार्रवाई की जायेगी।  बिना वैध दस्तावेज तथा रजिस्टर्ड डॉक्टर के संचालित हो रहा था वर्मा हॉस्पीटल वर्मा हॉस्पीटल के छापेमारी सह औचक निरीक्षण में कई त्रुटियां पाई गई। अस्पताल का निबंधन वैद्यता समाप्त पाई गयी। वहीं अयोग्य व्यक्ति के द्वारा मरीजों का आपरेशन किया जा रहा था। बीडीएस डॉ सुनिल वर्मा (दांत के डॉक्टर) के द्वारा मरीजों का आॅपरेशन किया जा रहा था। वहीं आॅपरेशन के पूर्व मरीजों से लिए  जाने वाले घोषणा पत्र तथा अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेजों का संधारण लगभग न के बराबर किया जा रहा था। इतना ही नहीं निरीक्षण के दौरान अस्पताल में कोई भी रजिस्टर्ड डॉक्टर नहीं पाये गये। जांच से स्पष्ट हुआ कि अस्पताल का संचालन बिना वैध दस्तावेज तथा रजिस्टर्ड डॉक्टर के किया जा रहा है। साथ ही बिना योग्य डॉक्टर के मरीजों का आपरेशन करते हुए आवश्यक दस्तावेजों का संधारण भी नहीं किया जा रहा है। मां ललिता हॉस्पीटल में नहीं मिले अल्ट्रासाउंड से संबधित चिकित्सक पदाधिकारियों द्वारा मॉ ललिता हॉस्पीटल के औचक निरीक्षण के दौरान अस्पताल का निबंधन वैद्यता समाप्त पाई गयी। साथ ही भर्ती मरीजों से संबंधित दस्तावेजों का संधारण सही ढंग से नहीं किया जा रहा था। वहीं पीसी एंड पीएनडीटी एक्ट के तहत अल्ट्रासाउण्ड किये जाने वाले लाभार्थियों के दस्तावेजों का संधारण सही ढंग से नहीं किया गया था। अल्ट्रासाउंड से संबंधित चिकित्सक भी मौके पर उपलब्ध नहीं पाये गये। निरीक्षण के दौरान पाये गये उपरोक्त तथ्यों से स्पष्ट होता है कि अस्पताल का संचालन बिना वैध दस्तावेज का करते हुए आवश्यक दस्तावेजों का संधारण भी नहीं किया जा रहा है।  जांच केंद्र बंद कर गायब हो गये कर्मी छतरपुर के सरईडीह रोड में ही स्थित खुशी अल्ट्रासाउंड के औचक निरीक्षण करने पहुंचे पदाधिकारियों को दूर से आते देख जांच केंद्र के कर्मीगण जल्दबाजी में केंद्र बंद कर गायब हो गये। साथ ही दूरभाष पर वापस आने के लिए कहने के बावजूद वापस नहीं आये। निरीक्षण के क्रम में ऐसी जानकारी मिली है कि अल्ट्रासाउंड जांच केंद्र का न तो निबंधन है और न ही अहर्ता प्राप्त चिकित्सक जांच करते हैं।

नये कानून न्याय प्रणाली को अधिक प्रभावी बनायेंगी : राज्यपाल
Published / 2025-02-10 20:34:33
नये कानून न्याय प्रणाली को अधिक प्रभावी बनायेंगी : राज्यपाल

पुलिस बल किसी भी राष्ट्र की आंतरिक सुरक्षा, शांति एवं  कानून-व्यवस्था का मजबूत आधार स्तंभ हैं : राज्यपालटीम एबीएन, रांची। राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने आज मरांग गोमके जयपाल सिंह स्टेडियम, खेलगांव, रांची में आयोजित 68वीं अखिल भारतीय पुलिस ड्यूटी मीट-2025 के उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन न केबल पुलिस बल की कार्यकुशलता को प्रदर्शित करता है, बल्कि आपसी सहयोग, नवीन तकनीकों के आदान-प्रदान और पुलिसकर्मियों के मनोबल को बढ़ाने का अवसर भी प्रदान करता है।  राज्यपाल ने कहा कि पुलिस बल किसी भी राष्ट्र की आंतरिक सुरक्षा, शांति एवं कानून-व्यवस्था का मजबूत आधार स्तंभ हैं। वे प्रतिकूल परिस्थितियों में भी जनहित एवं राज्यहित में समर्पित भाव से कार्य करने के लिए सदैव तत्पर रहते हैं। समाज और राज्य की सुरक्षा हेतु अनेक पुलिसकर्मियों ने अपने प्राणों की आहूति दी है। उन्होंने कहा कि पर्व-त्योहारों, चुनाव कार्यों, प्राकृतिक आपदाओं या उग्रवाद से निपटने की चुनौती, हर परिस्थिति में पुलिसकर्मी पूरी निष्ठा, साहस और ईमानदारी से अपने कर्तव्यों का निर्वहन करते हैं। उनका यह बलिदान, त्याग एवं सेवा की भावना सभी को प्रेरित करता रहेगा।  राज्यपाल ने कहा कि वर्तमान समय में साइबर अपराध, वित्तीय धोखाधड़ी, मानव तस्करी और संगठित अपराध जैसी चुनौतियां बढ़ रही हैं। इनसे प्रभावी ढंग से निपटने के लिए पुलिस बल को अत्याधुनिक तकनीकों और विशिष्ट कौशल से सुसज्जित होना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि कुछ समय पूर्व में लागू किये गये नये आपराधिक कानून हमारी न्याय प्रणाली को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और समयबद्ध बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इन कानूनों का उद्देश्य न्याय प्रक्रिया को अधिक सरल, सुलभ और पीड़ित केंद्रित बनाना है, जिससे अपराधियों को त्वरित सजा मिल सके और पीड़ितों को शीघ्र न्याय मिले। राज्यपाल ने कहा कि प्रधानमंत्री जी ने स्मार्ट पुलिसिंग की परिकल्पना की है, जिसमें पुलिस बल को अधिक संवेदनशील, आधुनिक, सतर्क, जवाबदेह और तकनीक-प्रेरित बनाने का आह्वान किया है। पुलिस सेवा केवल कानून व्यवस्था के संधारण तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज में शांति, महिला सशक्तिकरण, बाल संरक्षण, ट्रैफिक प्रबंधन और आपदा प्रबंधन जैसे विभिन्न क्षेत्रों में भी इसका योगदान अत्यंत महत्त्वपूर्ण है। उन्होंने आशा जताते हुए कहा कि यह आयोजन पुलिस बल को आधुनिक अनुसंधान पद्धतियों को अपनाने हेतु प्रेरित करेगा और उनकी क्षमताओं को और अधिक सशक्त बनायेगा। यह सुनिश्चित करना होगा कि पुलिस बल नवीनतम तकनीकी संसाधनों से लैस हों, ताकि वे अपराध नियंत्रण, साइबर अपराध, आतंकवाद और अन्य जटिल चुनौतियों का प्रभावी ढंग से सामना कर सकें। साथ ही, जनमानस और पुलिस के बीच विश्वास और समन्वय को और मजबूत करना भी प्राथमिकता होनी चाहिए।

पलामू : मैट्रिक-इंटर की परीक्षा 11 फरवरी से, 67,262 परीक्षार्थी लेंगे भाग
Published / 2025-02-08 19:01:07
पलामू : मैट्रिक-इंटर की परीक्षा 11 फरवरी से, 67,262 परीक्षार्थी लेंगे भाग

76 केन्द्रों पर मैट्रिक एवं 40 केन्द्रों पर होगी इंटरमीडिएट की परीक्षाजिले में सीसीटीवी की जद में रहेंगे परीक्षा केन्द्र परीक्षा को लेकर हुई बैठक, निष्पक्ष, शांतिपूर्ण व कदाचार मुक्त परीक्षा की सौंपी गई जिम्मेवारी एबीएन न्यूज नेटवर्क, मेदिनीनगर (पलामू)। झारखंड अधिविद्य परिषद, रांची द्वारा वार्षिक माध्यमिक परीक्षा एवं वार्षिक इंटरमीडिएट परीक्षा, 2025 का आयोजन 11 फरवरी से 3 मार्च 2025 तक संचालित होगी। माध्यमिक परीक्षा में 34665 एवं इंटरमीडिएट कला, विज्ञान एवं वाणिज्य संकायों की परीक्षा में 32597 परीक्षार्थी सम्मिलित होंगे। इस प्रकार दोनों परीक्षाओं में 67262 परीक्षार्थी सम्मिलित होंगे।माध्यमिक परीक्षा के लिए पलामू जिले में 76 परीक्षा केंद्र निर्धारित किये गये हैं। वहीं इंटर परीक्षा के लिए 40 परीक्षा केंद्र बनाये गये हैं। निष्पक्ष, शांतिपूर्ण व कदाचारमुक्त परीक्षा संचालन को लेकर आज समाहरणालय सभागार में नगर आयुक्त जावेद हुसैन एवं उप विकास आयुक्त एवं अन्य वरीय पदाधिकारियों ने सभी उड़नदस्ता-सह गश्ती दंडाधिकारी, स्टैटिक दंडाधिकारी, पुलिस पदाधिकारी, उड़नदस्ता एवं गस्ती दल पदाधिकारी केंद्राधीक्षक एवं प्रखंड शिक्षा प्रसार पदाधिकारियों के साथ बैठक की। बैठक में परीक्षा से जुड़े सभी पदाधिकारियों एवं कर्मचारियों को अपने दायित्वों का निर्वहन निष्ठा एवं सजगतापूर्वक करने का निदेष दिया गया। नगर आयुक्त एवं उप विकास आयुक्त ने कहा कि परीक्षाओं का संचालन निष्पक्ष, शांतिपूर्ण व कदाचारमुक्त संपन्न कराना सभी की जिम्मेवारी है। परीक्षा के सफल संचालन हेतु झारखंड परीक्षा संचालन अधिनियम, 2001 के प्रावधानों का कड़ाई से पालन करना सुनिश्चित करें। उन्होंने परीक्षा से जुड़े सभी पदाधिकारियों को आपसी समन्वय एवं समय प्रबंधन के साथ कार्य करने का निदश दिया। केंद्राधीक्षकों को परीक्षा केन्द्र में सीसीटीव इंस्टॉल करने के सख्त निदेश दिये गये। साथ ही परीक्षा केन्द्रों पर परीक्षार्थियों के लिए पीने के शुद्ध पानी, रनिंग वाटरयुक्त छात्र एवं छात्राओं के लिए शौचालय, परीक्षा कक्ष में पर्याप्त प्रकाश व्यस्था, पर्याप्त फर्नीचर (बेंच-डेस्क) आदि आवश्यक बुनियादी सुविधाएं बहाल रखने का निर्देश दिया। वहीं आवंटित रौल नंबर-रौल कोड के अनुरूप परीक्षार्थियों के लिए सिटिंग आर्गुमेंट करने का निदेश दिया। परीक्षा को लेकर परीक्षा केन्द्रों पर निषेधाज्ञा लागू की गई है। परीक्षा केन्द्रों के 100 मीटर की परिधि में परीक्षा की तिथि को परीक्षा के दौरान निषेधाज्ञा लागू रहेगी। निषेधाज्ञा परीक्षा केंद्रों पर निर्धारित तिथि को ही लागू होगा। परीक्षा से संबंधित व्यक्तियों के अलावें अन्य किसी की उपस्थिति निषेध रहेगा। उन्होंने कहा कि निष्पक्ष, शांतिपूर्ण व कदाचारमुक्त परीक्षा संचालन की जिम्मेवारी केंद्राधीक्षक को है। कोई अव्यवस्था नहीं हो, इसके लिए लिए सर्तकता बरतें। किसी परीक्षार्थी की परीक्षा बाधित नहीं हो या परीक्षा देने से वंचित नहीं रहे, इसका पूरे तत्परता के साथ ध्यान रखी जाये। परीक्षा में लगाये गये वीक्षकों को केन्द्राधीक्षकों द्वारा परिचय पत्र जारी करने का निदेष दिया गया, ताकि उनका पहचान हो सके। इससे परीक्षा केंद्र में अनावश्यक रूप से किसी अन्य व्यक्तियों के प्रवेश को रोकने में मदद मिलेगी।  बैठक का संचालन एवं विषय प्रवेश जिला शिक्षा पदाधिकारी ने किया। मौके पर  अपर समाहर्ता कुंदन कुमार, अनुमंडल पदाधिकारी, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, सिविल सर्जन, कोषागार पदाधिकारी, जिला पंचायत राज पदाधिकारी, जिला शिक्षा पदाधिकारी, जिला जिला शिक्षा अधीक्षक आदि उपस्थित थे।  प्रथम पाली में माध्यमिक व द्वितीय पाली में होगी इंटरमीडिएट की परीक्षा माध्यमिक परीक्षा प्रथम पाली में 9:45 बजे पूर्वाहन से 1 बजे अपराह्न तक होगी और इंटरमीडिएट परीक्षा (कला, विज्ञान एवं वाणिज्य) की परीक्षा 2 बजे अपराह्न से 5:15 बजे अपराह्न तक आयोजित होगी। 11 फरवरी 2025 से शुरू होकर दोनों परीक्षाएं 3 मार्च तक चलेगी। 

सीएम हेमंत सोरेन से मिले जैक अध्यक्ष डॉ नटवा हांसदा
Published / 2025-02-08 18:59:02
सीएम हेमंत सोरेन से मिले जैक अध्यक्ष डॉ नटवा हांसदा

टीम एबीएन, रांची। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से आज कांके रोड रांची स्थित मुख्यमंत्री आवासीय कार्यालय में झारखंड अधिविद्य परिषद के अध्यक्ष डॉ नटवा हांसदा ने मुलाकात की। मुख्यमंत्री से यह उनकी शिष्टाचार भेंट थी।

मनरेगा के कार्यों को आगे बढ़ाने में करें भरपूर सहयोग : जिला परिषद अध्यक्ष
Published / 2025-02-07 21:01:37
मनरेगा के कार्यों को आगे बढ़ाने में करें भरपूर सहयोग : जिला परिषद अध्यक्ष

मनरेगा से समाज में आ रहा बड़ा बदलाव : उप विकास आयुक्तउत्कृष्ट कार्य करने वालों को किया गया सम्मानित मनरेगा सप्ताह के अवसर पर जिलास्तरीय कार्यक्रम आयोजित एबीएन न्यूज नेटवर्क, मेदिनीनगर (पलामू)। मनरेगा महत्वकांक्षी योजना है। इससे समाज के लोगों को उनके घर पर ही काम करने का अवसर प्राप्त होता है। मनरेगा के कार्यों को आगे बढ़ाने में सभी का सहयोग अपेक्षित है। यह बातें जिला परिषद अध्यक्ष प्रतिमा देवी ने कही। वे आज मनरेगा सप्ताह के अवसर पर आयोजित जिला स्तरीय कार्यक्रम को संबोधित कर रही थीं। समाहणालय के ब्लॉक-सी स्थित सभागार में आयोजित कार्यक्रम में मनरेगा के तहत उत्कृष्ट कार्य करने वालों को सम्मनित किया गया। इस अवसर पर महिला मेठ सहित 100 मानव दिवस सृजन करने वाले श्रमिकों, वित्तीय वर्ष 2024-25 में प्रखंड स्तर पर मानव दिवस सृजन कर प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले प्रखंड कार्यक्रम पदाधिकारी, पंचायत स्तर पर मानव दिवस सृजन कर प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले रोजगार सेवक, सबसे ज्यादा बागवानी योजना को आनगोइंग करने वाले प्रखंड कार्यक्रम पदाधिकारी एवं उत्कृष्ट कार्य करने वाले बागवानी सखी को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।कार्यक्रम में उप विकास आयुक्त शब्बीर अहमद ने कहा कि मनरेगा कार्यक्रमों से समाज में सकारात्मक बदालाव आ रहे हैं। ग्रामीणों क्षेत्रों में रहन-सहन भी बदले हैं। यह सरकार की महत्वपूर्ण योजना है, जिसका सीधा लाभ ग्रामीण क्षेत्र में रह रहे लोगों को मिल रहा है। मनरेगा के तहत हर हाथ को काम देने की कोषिष की गयी है। इसके प्रावधानों के अनुसार 100 दिनों का रोजगार, महिलाओं की भागीदारी, ससमय मजदूरी भुगतान कर योजनाओं को क्रायान्वित कराया जा रहा है।निदेशक, जिला ग्रामीण विकास शाखा, पलामू, रतन कुमार ने मनरेगा सप्ताह के आयोजन एवं उसके प्रमुख उद्देष्यों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि मनरेगा सप्ताह के माध्यम से मनरेगा में जन भागीदारी एवं लोगों को जानकारी देना है। मनरेगा रोजगार उन्मुख कार्यक्रम है। उत्कृष्ट कार्य करने वालों को सम्मानित किये जाने से मनरेगा में अधिक-से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चत हो सकेगी। मनरेगा लोकपाल शंकर कुमार ने कहा कि मनरेगा के तहत ग्राम-पंचायत स्तर पर अच्छे कार्य हो रहे हैं। मनरेगा संबंधी विभिन्न कार्यो से गांव-पंचायत के लोग सीधे जुड़े हैं, इससे उनका आर्थिक समृद्धि आयी है। उन्होंने मनरेगा में सजगता पूर्वक कार्य करने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि कार्य में शिकायत मिलने की स्थिति में उसका निराकरण करते हुए गुणात्मक कार्य पूर्ण कराने की दिशा में पहल की जाते रही है। कार्यक्रम में जिला पंचायत राज पदाधिकारी पलामू विनय कुमार श्रीवास्तव, परियोजना पदाधिकारी उपेन्द्र राम, कार्यालय प्रबंधक धनंजय कुमार, तकनीकी सहायक संजीत कुमार सिंह, प्रखंड कार्यक्रम पदाधिकारी, रोजगार सेवक, महिला मेठ, बागवानी सखी, श्रमिक आदि उपस्थित थे।

सीएम हेमंत और कल्पना पहुंचे कोलकाता की मां काली के दरबार
Published / 2025-02-06 21:23:09
सीएम हेमंत और कल्पना पहुंचे कोलकाता की मां काली के दरबार

कोलकाता स्थित कालीघाट शक्तिपीठ मंदिर में उट हेमंत ने लगायी हाजिरी, झारखंड की सुख-समृद्धि के लिए की कामना टीम एबीएन, रांची। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और गांडेय विधायक कल्पना सोरेन ने आज यानी गुरुवार को कोलकाता स्थित कालीघाट शक्तिपीठ मंदिर में विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। इस दौरान मुख्यमंत्री ने पत्नी संग मंदिर की परिक्रमा कर राज्य की उन्नति, सुख समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की।इस दौरान सीएम के अपर मुख्य सचिव अविनाश कुमार भी मौजूद थे। बता दें कि बीते बुधवार को सीएम हेमंत कोलकाता पहुंचे थे। यहां वह आयोजित बंगाल ग्लोबल बिजनेस समिट- 2025 के आठवें संस्करण के उद्घाटन समारोह में शामिल हुए थे। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को कोलकाता में 5 और 6 फरवरी को आयोजित हो रहे बंगाल ग्लोबल बिजनेस समिट में हिस्सा लेने के लिए आमंत्रित किया था।बता दें कि कालीघाट शक्तिपीठ, जिसे दक्षिण काली मंदिर के नाम से भी जाना जाता है। यह कोलकाता के सबसे प्रतिष्ठित और प्राचीन धार्मिक स्थलों में से एक है। यह मंदिर देवी काली को समर्पित है, जहां माता सती के दाहिने पैर का अंगूठा गिरने का उल्लेख है। मंदिर में स्थापित देवी काली की प्रचंड प्रतिमा उनकी शक्ति और भक्ति का प्रतीक है।

दो दिवसीय राजकीय आदिवासी विकास महाकुंभ मेला में दिखेंगी जनजातीय संस्कृति
Published / 2025-02-05 21:19:41
दो दिवसीय राजकीय आदिवासी विकास महाकुंभ मेला में दिखेंगी जनजातीय संस्कृति

मेला को वृहत रूप देने में जुटा जिला प्रशासन मेला का आयोजन 11 एवं 12 फरवरी को, तैयारियों को लेकर समाहरणालय में हुई बैठक एबीएन न्यूज नेटवर्क, मेदिनीनगर (पलामू)। राजकीय आदिवासी विकास महाकुंभ मेला-2025 का आयोजन 11 एवं 12 फरवरी को दुबियाखांड़ में होगा। पलामू जिला प्रशासन इस दो दिवसीय आयोजन को वृहद रूप देने के प्रयास में जुटी है। मेले में जनजातीय विकास की थीम पर समृद्ध जनजातीय संस्कृति की झलक दिखाने की पूरी तैयारी की जा रही है। आदिवासी विकास महाकुंभ मेला में जहां कई जनजातीय सेलिब्रिटी जुटेंगे, वहीं जनजातीय विषयों पर सांस्कृतिक कार्यक्रम आदि का आयोजन होगा। मेला में जनजातीय वाद्य यंत्रों की गूंज सुनाई देगी। वहीं पारंपारिक वेशभूषा में स्थानीय कलाकार एवं समाज के दूसरे प्रदेशों में निवास कर रहे जनजातीय कलाकार ढोल, नगाड़ा व मांदर की थाप पर थिरकते नजर आयेंगे। राजकीय आदिवासी विकास महाकुंभ मेला के सफल संचालन को लेकर आज मेदिनीनगर नगर निगम के नगर आयुक्त जावेद हुसैन की अध्यक्षता में बैठक हुई। समाहरणालय सभागार में आयोजित बैठक में मुख्य रूप से वन प्रमंडल पदाधिकारी सत्यम कुमार एवं उपविकास आयुक्त शब्बीर अहमद भी थे।राजकीय आदिवासी विकास महाकुंभ मेला परिसर में जिला प्रशासन की ओर से वृहद तैयारी प्रारंभ कर दी गयी है। मेला परिसर में 40 से अधिक स्टॉल लगाये जा रहे हैं। यहां जिला प्रशासन के विभिन्न विभागों को स्टॉल आवंटित किये जायेंगे, जहां सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी एवं लाभ सीधे लाभुक वर्ग को मिलेगी। मेला में आमजनों को चिकित्सकीय सुविधा पहुंचाते हुए स्वास्थ्य लाभ दिया जायेगा। इसके लिए मेला में स्वास्थ्य विभाग की ओर से स्टॉल लगाकर लोगों की स्वास्थ्य जांच की जायेगी। वहीं जरूरतमंद व्यक्तियों को आवश्यक दवाइयां भी उपलब्ध करायी जायेगी। आई आन विल्स के माध्यम से जरूरतमंदों का नेत्र जांच भी की जायेगी। सामाज कल्याण विभाग की ओर से महिलाओं को गोद भराई एवं बच्चों का अन्नप्राशन की रस्में पूरी की जायेगी। छात्राओं को सावित्रीबाई फुले किशोरी समृद्धि योजना का स्वीकृति पत्र प्रदान किये जायेंगे। साथ ही जरूरतमंद व्यक्तियों को आवश्यक प्रक्रिया पूर्ण कराते हुए सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं से आच्छादित किये जाने की रूपरेखा तय की जा रही है।  मेला आयोजन को लेकर यातायात प्रबंधन, विधि व्यवस्था संधारण पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। यातायात प्रबंधन की ऐसी रणनीति तैयार की जा रही है, जिससे राहगीरों को किसी तरह की कोई कठिनाई नहीं हो और न ही मेला में आने वाले आगंतुकों को किसी तरह की कोई असुविधा हो। मेला में आने वाले आगंतुकों को पेयजल सुविधा के लिए मेला परिसर एवं आसपास के क्षेत्र में अवस्थित चापानलों को दुरुस्त करने का निर्देश दिया गया है। मेला के सफल आयोजन में एनसीसी तथा स्काउट एंड गाइड के वोलेंटियर के अलावा मेला आयोजन समिति के वोलेंटियर एवं पुलिस बल लगाये जायेंगे। साथ ही बैरिकेडिंग की जायेगी तथा स्थल चिह्नित करते हुए पार्किंग की पर्याप्त सुविधा मुहैया करायी जायेगी। बैठक में सिविल सर्जन डॉ अनिल सिंह, एनडीसी विक्रम आनंद, जिला कल्याण पदाधिकारी सेवा राम साहू, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी नीता चौहान, सदर अंचल अधिकारी सहित अन्य पदाधिकारी एवं मेला आयोजन समिति के अध्यक्ष अर्जुन सिंह, सचिव हृदयानंद सिंह, उमेश सिंह, भर्दुल कुमार सिंह, अवधेश सिंह चेरो, रविन्द्र सिंह चेरो, उपाध्याय सिंह रामटहल मिस्त्री आदि उपस्थित थे। 

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