मैच में ऑस्ट्रेलिया ने बनायी 296 की बढ़तएबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच खेले जा रहे वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल मैच का तीसरा दिन खत्म हो चुका है। दिन की शुरुआत भले ही भारत के लिए सही रही हो, लेकिन दिन का खेल खत्म होने तक कंगारुओं ने फिर वापसी कर ली। बता दें, तीसरे दिन के खत्म होने तक ऑस्ट्रेलिया का स्कोर 123/4 है और उनके पास कुल 296 रनों की बढ़त है। अब यहां से भारत को जीतने के लिए चौथे दिन को पहले बॉलिंग से फिर बैटिंग से अपने नाम करना होगा। ऑस्ट्रेलिया के लिए दूसरी पारी की शुरुआत कुछ खास नहीं रही। डेविड वॉर्नर को मोहम्मद सिराज ने सिर्फ 1 रन के स्कोर पर चलता कर दिया। फिर उस्मान ख्वाजा भी उमेश यादव का शिकार हुए। स्टीव स्मिथ को रवींद्र जडेजा ने 34 के निजी स्कोर पर चलता कर दिया। इसके बाद रवींद्र जडेजा ने अपनी ही बॉल पर शानदार कैच लेते हुए ट्रेविस हेड को 18 के स्कोर पर चलता कर दिया।तीसरे दिन के अंत तक ऑस्ट्रेलिया ने 4 विकेट खोकर 123 रन बना लिये हैं। इसी के साथ पहली पारी में मिली 173 रनों की बढ़त की बदौलत अब कंगारुओं के पास 296 रनों की कुल बढ़त है। मार्नस लाबुशेन 41(118) और कैमरून ग्रीन 7(27) के स्कोर पर क्रीज पर नाबाद डटे हुए हैं। बता दें, भारत की ओर से रवींद्र जडेजा ने 2 विकेट लिए और मोहम्मद सिराज-उमेश यादव ने 1-1 विकेट अपने नाम किया। अब यदि भारत को इस मैच में वापसी करनी है, तो चौथे दिन के पहले सेशन में जल्दी से जल्दी कंगारु टीम को ऑलआउट करना होगा।वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप 2023 फाइनल के तीसरे दिन का पहला सेशन अपने नाम करते हुए अजिंक्य रहाणे ने भारत की वापसी करायी। आज शुरुआत ने भारत ने 6वां विकेट श्रीकर भरत के रूप में खोया, मगर फिर रहाणे और शार्दुल के बीच 108 रनों की पार्टनरशिप हुई, जिसने भारत की मैच में वापसी करायी। हालांकि, लंच के बाद आते ही रहाणे 89 (129) के स्कोर पर कमिंस का शिकार हो गये। उमेश यादव 5 रन पर आउट हुए, तो वहीं बेहतरीन बल्लेबाजी कर रहे शार्दुल को 51 के स्कोर पर कैमरॉन ग्रीन ने चलता कर दिया। वहीं भारतीय टीम ने अपना 10वां विकेट मोहम्मद शमी के रूप में गंवाया, जिन्होंने 11 गेंदों पर 13 रन की छोटी सी पारी खेली। इस तरह टीम इंडिया पहली पारी में 296 के स्कोर पर ऑलआउट हो गयी।
दिग्गज ऑस्ट्रेलिआई बल्लेबाजों ने भारत के फैसले की आलोचना कीएबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। ऑस्ट्रेलियाई दिग्गज मैथ्यू हेडन और रिकी पोंटिंग ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ विश्व टेस्ट चैम्पियनशिप फाइनल के लिए प्रमुख ऑफ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन को बाहर करने के भारत के फैसले की आलोचना की है। अश्विन (जो टेस्ट क्रिकेट में नंबर 1 गेंदबाज हैं और 2021-23 डब्ल्यूटीसी चक्र में भारत के अग्रणी विकेट लेने वाले गेंदबाज हैं) को रोहित शर्मा की अगुवाई वाली टीम ने चार तेज गेंदबाजों को शामिल करते हुए उनकी जगह जडेजा को चुना। हेडन ने पहले दिन की समाप्ति के बाद आईसीसी से कहा, मुझे लगता है कि रविचंद्रन अश्विन महत्वपूर्ण कारक है, टेस्ट चक्र में अग्रणी विकेट लेने वाला नहीं है। टीम इंडिया के परिप्रेक्ष्य में विचार करने लायक कुछ कारक हैं। अश्विन की अनुपस्थिति में, बायें हाथ के गेंदबाज रवींद्र जडेजा अंतिम एकादश में एकमात्र स्पिनर हैं और ट्रेविस हेड (146 बल्लेबाजी) और स्टीव स्मिथ (95 बल्लेबाजी) के बीच 251 रन की साझेदारी को तोड़ने के लिए भारत संघर्ष कर रहा था। हेड के धमाकेदार शतक और स्मिथ के दृढ़ प्रदर्शन के साथ मिलकर ऑस्ट्रेलिया ने बोर्ड पर 327/3 के साथ पहले दिन को समाप्त किया। विश्व कप विजेता कप्तान पोंटिंग ने अश्विन को बाहर करने को एक गलती करार दिया। पोंटिंग ने कहा कि अब तक ऐसा लगता है कि चार तेज गेंदबाजों को खिलाकर यह उनकी गलती थी, लेकिन हम देखेंगे कि खेल का क्या परिणाम होता है। उन्होंने कहा, जैसे-जैसे यह खेल आगे बढ़ रहा है, मुझे इसमें कोई संदेह नहीं है कि टर्न होने वाला है। ऑस्ट्रेलिया के पास अपने बल्लेबाजी लाइन-अप में बहुत सारे बाएं हाथ के बल्लेबाज हैं, जिनके लिए अश्विन पूरी तरह से अनुकूल होते। अश्विन बायें हाथ के बल्लेबाजों के खिलाफ टेस्ट में सबसे सफल गेंदबाज हैं। टॉस जीतने के बाद रोहित के पहले गेंदबाजी के फैसले पर भी बहस हुई और हेडन ने कहा कि भारतीय कप्तान शायद एक चाल चूक गये। उन्होंने कहा कि मुझे लगता है कि वे टॉस में एक चाल चूक गये होंगे। भले ही पैट कमिंस ने कहा कि वह गेंदबाजी करना पसंद करेंगे, मुझे लगता है कि ऑस्ट्रेलिया हमेशा टेस्ट में पहले बल्लेबाजी करना पसंद करता है। मुझे ऐसा लगता है कि रोहित शर्मा इस सोच में फंस गये हैं कि हम टेस्ट मैच खेलने के बजाय डे खेलने जा रहे हैं। पहले दिन हेड ने 146 रन बनाये और वह भी मात्र 156 गेंदों पर। हेडन और पोंटिंग ने हेड की तुलना टीम के साथी और महान विकेटकीपर बल्लेबाज एडम गिलक्रिस्ट से की, जब उन्होंने अंतिम टेस्ट में ऑस्ट्रेलिया के पक्ष में गति पकड़ी। हेडन ने कहा कि यह क्लासिकल ट्रैविस हेड की आक्रमण शैली थी। इस चैम्पियनशिप चक्र की एक चीज यह है कि हेड ने न केवल 1000 से अधिक रन बनाये बल्कि उन्होंने 80 से अधिक की स्ट्राइक रेट से रन बनाये । हेडन ने कहा, जब आप आप इस तरह के दबाव का टूर्नामेंट खेल रहे हैं, और आप भी वायुमंडलीय परिस्थितियों के कारण भारी दबाव में हैं। लेकिन वह इस शानदार स्ट्राइक रेट को हासिल करने का एक तरीका खोजता है। हेडन ने कहा कि वह लगभग एडम गिलक्रिस्ट की तरह हैं, किसी तरह विपक्ष पर इतना दबाव बनाने में सक्षम हैं क्योंकि उन्हें नहीं पता कि कहां गेंदबाजी करनी है।
एबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। स्पेन के युवा सनसनी कार्लोस अल्काराज ने सर्बियाई दिग्गज नोवाक जोकोविच के खिलाफ शुक्रवार को होने वाले फ्रेंच ओपन 2023 के सेमीफाइनल में जगह बना ली है। अल्काराज ने मंगलवार को खेले गये क्वाटर्रफाइनल में यूनान के स्टेफानोस सितसिपास को 6-2, 6-1, 7-6(5) से हराकर सेमीफाइनल में कदम रखा। अल्काराज ने मैच के बाद कहा कि मैं हर समय अपने ऊपर विश्वास रखता हूं। मैं कहूंगा कि यह सबसे महत्वपूर्ण बात है, न केवल मेरे लिए बल्कि हर किसी के लिए। उन्होंने कहा कि मैं हमेशा सोचता हूं कि मैं इस स्तर पर इस तरह के मैच खेलूंगा। मैं कहूंगा कि खुद पर भरोसा करना ही इसकी कुंजी है। अगर अलकराज अपने दूसरे ग्रैंड स्लैम फाइनल में पहुंचने के लिए जोकोविच को हरा देता है, तो वह टूर्नामेंट के बाद एटीपी रैंकिंग में नंबर एक पर बरकरार रहेंगे। दूसरी ओर, जोकोविच भी अपना तीसरा रोलां गैरो खिताब जीतकर रैंकिंग में शीर्ष पर लौट सकते हैं।जोकोविच और सितसिपास इससे पहलै मैड्रिड ओपन 2022 में भी आमने-सामने आये थे, जहां स्पेन के 20 वर्षीय खिलाड़ी ने बाजी मारी थी। अल्काराज ने सेमीफाइनल से पहले कहा कि वह जोकोविच का मुकाबला करने का इंतजार कर रहे थे। अल्काराज ने कहा कि यह मैच ऐसा है जिसे हर कोई देखना चाहता है। मैं कहूंगा कि यह खेलने और देखने के लिए अच्छा मैच होगा। मैं भी यह मैच खेलना चाहता था।उन्होंने कहा कि मैं हमेशा कहता हूं कि यदि आप सर्वश्रेष्ठ बनना चाहते हैं तो आपको सर्वश्रेष्ठ को हराना होगा। नोवाक जोकोविच अभी दुनिया के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों में से एक हैं। मेरे लिए यह कड़ी चुनौती है लेकिन मैं उस मैच का इंतजार कर रहा हूं।
भारत को 10 साल में पहले आईसीसी खिताब की तलाशएबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। चैंपियंस ट्रॉफी का खिताब जीतने के बाद भारत को आईसीसी के टूर्नामेंट में तीन बार फाइनल में शिकस्त मिली है जबकि टीम चार बार सेमीफाइनल में हारी है। टीम 2021 टी-20 विश्वकप के शुरुआती दौर से ही बाहर हो गयी थी।भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच बुधवार (सात जून) से होने वाले विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (डब्ल्यूटीसी) के फाइनल मुकाबले के साथ ही विश्व को टेस्ट का नया बॉस मिलेगा। पिछले फाइनल में भारतीय टीम को न्यूजीलैंड से हार का सामना करना पड़ा था और अब कप्तान रोहित शर्मा की टीम के पास फिर से टेस्ट चैंपियनशिप की गदा उठाने का मौका है। इसके साथ ही भारत की नजरें अपने पिछले 10 साल के आईसीसी खिताब के सूखे को खत्म करने पर भी रहेगी। भारत ने पिछली बार आईसीसी का खिताब 2013 में इग्लैंड में चैंपियंस ट्रॉफी के रूप में जीता था।चैंपियंस ट्रॉफी का खिताब जीतने के बाद भारत को आईसीसी के टूर्नामेंट में तीन बार फाइनल में शिकस्त मिली है जबकि टीम चार बार सेमीफाइनल में हारी है। टीम 2021 टी-20 विश्वकप के शुरुआती दौर से ही बाहर हो गयी थी। मौजूदा चक्र की छह सीरीज में से भारत ने एकमात्र सीरीज दक्षिण अफ्रीका में गंवायी थी जिसके बाद विराट कोहली ने कप्तानी छोड़ दी थी। रोहित शर्मा को टीम की अगुआई करने की जिम्मेदारी मिली।
सामने आयी तस्वीरेंएबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच विश्व टेस्ट चैंपियनशिप का फाइनल मैच बुधवार (सात जून) से शुरू हो रहा है। दोनों टीमें इंग्लैंड के ओवल ग्राउंड में आमने-सामने होंगी। ऑस्ट्रेलिया की टीम पहली बार इस टूर्नामेंट के फाइनल में पहुंची है तो दूसरी ओर भारत पिछली बार खिताबी मुकाबले में हार गया था। उसे न्यूजीलैंड ने परास्त किया था। टीम इंडिया की नजर इस बार खिताब अपने नाम करने पर होगी। दोनों टीमें ओवल पहुंच गयी हैं। तैयारियों के बीच पिच की पहली तस्वीर सामने आयी है। ओवल की पिच को देखकर बल्लेबाजों के अंदर खौफ बैठ गया होगा। वहीं, गेंदबाजों का मन खुश हो गया होगा। ओवल के पिच की जो पहली तस्वीर सामने आई है उसे देखकर तो यही कहा जा सकता है। दरअसल, पिच पर घास छोड़ी गयी है। हरी पिच पर गेंदबाजों को फायदा होगा। वहीं, बल्लेबाजों को यहां मुश्किलों का सामना करना पड़ सकता है।भारतीय बल्लेबाजों की होगी परीक्षाइस पिच पर भारतीय बल्लेबाजों का असली टेस्ट होगा। ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ियों को इस तरह की पिच पर खेलने की आदत है, लेकिन भारतीय खिलाड़ियों को ऐसी पिचें नहीं मिल पाती। हाल ही में भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच जो टेस्ट सीरीज हुई थी उसमें स्पिन पिचों का इस्तेमाल किया गया था। उसके बाद टीम इंडिया के खिलाड़ियों ने आईपीएल में भाग लिया था। इस टूर्नामेंट में ज्यादातर बल्लेबाजों के लिए पिच को तैयार किया था। ऐसे में जब भारतीय खिलाड़ी ओवल में उतरेंगे तो ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजों के सामने उनकी परीक्षा होगी।क्या बोले रोहित शर्मारोहित शर्मा से संवाददाताओं ने प्रेस कान्फ्रेंस में अश्विन के बारे में पूछा तो भारतीय कप्तान ने पिच का जिक्र करते हुए कहा कि मैं यह नहीं कह रहा हूं कि रविचंद्रन अश्विन नहीं खेलेंगे। हम इसके लिए कल तक इंतजार करेंगे, क्योंकि मैंने यहां एक चीज देखी है कि पिच में लगातार बदलाव हो रहा है। आज पिच कुछ अलग दिख रहा है। हो सकता है मैच के दिन कुछ और बदलाव हो जाये। इस बारे में कोई नहीं जानता। टीम के खिलाड़ियों के लिए साफ संदेश है कि सभी 15 प्लेयर हमेशा खेलने के लिए तैयार रहे।ओवल में भारत और ऑस्ट्रेलिया का रिकॉर्डओवल क्रिकेट स्टेडियम की स्थापना 1845 में हुई थी। इस मैदान पर अब तक 104 टेस्ट मैच हो चुके हैं। इंग्लैंड ने 43 मैच जीते हैं और मेहमान टीम को 23 टेस्ट में जीत मिली है। इस दौरान 37 मैच ड्रॉ रहे हैं। भारत और ऑस्ट्रेलिया का रिकॉर्ड कुछ ठीक नहीं है। टीम इंडिया ने 14 मैच यहां खेले हैं। इस दौरान दो मुकाबलों में ही जीत मिली है। पांच टेस्ट में भारत हारा है और सात ड्रॉ रहे हैं। ऑस्ट्रेलिया की बात करें तो उसने 38 मैच में सात ही यहां जीते हैं। 17 में कंगारूओं को हार का सामना करना पड़ा। 14 टेस्ट उसके यहां ड्रॉ रहे हैं।
एबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। भारतीय जूनियर महिला हॉकी टीम ने सोमवार को महिला जूनियर एशिया कप 2023 के अपने दूसरे मैच में मलेशिया को 2-1 से हरा दिया। डियान नाज़ेरी (छठा मिनट) ने मलेशिया के लिये पहला गोल किया, लेकिन मुमताज खान (10वां) और दीपिका (26वां मिनट) के एक-एक गोल से भारत ने जीत हासिल करते हुए पूल-ए के शीर्ष पर जगह बना ली। मलेशिया ने जहां गेंद पर कब्जा रखने पर ध्यान केंद्रित किया, वहीं भारत पहले मिनट से आक्रमण करता नजर आया। इससे उन्हें पहले क्वार्टर में कुछ पेनल्टी कॉर्नर भी मिले, लेकिन वे उन्हें भुना नहीं सके। मलेशिया ने खेल के कुछ ही मिनटों में जवाबी हमला करना शुरू कर दिया, और भारतीय डी में खड़ी नाज़ेरी ने फील्ड गोल जमाकर अपनी टीम को शुरुआती बढ़त दिलायी।
जानें विराट कोहली और चेतेश्वर पुजारा में कौन जीतेगा इस होड़ में? एबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप का फाइनल शुरू होने में अब बस गिनती के दिन बचे हैं। 7 जून से भारत और आॅस्ट्रेलिया के बीच खिताबी मुकाबला शुरू होगा और फिर उसी के साथ रिकॉर्डों के बनने और टूटने का सिलसिला भी शुरू हो जायेगा। ऐसा ही कुछ विराट कोहली और चेतेश्वर पुजारा भी इस मैच में करते दिखेंगे। दरअसल, इन दोनों खिलाड़ियों की नजर अपनी टीम के हेड कोच राहुल द्रविड़ के रिकॉर्ड को तोड़ने पर होगी। अब आप सोच रहे होंगे कि वो रिकॉर्ड आखिर कौन सा है, जिसके तोड़े जाने की हम बात कर रहे हैं। तो ये रिकॉर्ड जुड़ा है भारत और आस्ट्रेलिया के बीच के टेस्ट आंकड़ों से। आस्ट्रेलिया के खिलाफ सर्वाधिक रन बनाने वाले भारतीय बल्लेबाज से, जिसमें ओवरआल देखेंगे तो सचिन तेंदुलकर और वीवीएस लक्ष्मण के बाद राहुल द्रविड़ तीसरे सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज हैं। लेकिन, अब डब्ल्यूटीसी के फाइनल में चेतेश्वर पुजारा और विराट कोहली दोनों के पास राहुल द्रविड़ को पीछे छोड़ने का मौका है। सबसे पहले तो ये जान लें कि राहुल द्रविड़ के आस्ट्रेलिया के खिलाफ टेस्ट में रन कितने हैं? द्रविड़ ने कंगारू टीम के खिलाफ 32 टेस्ट की 60 पारियों में 2143 रन बनाये हैं। इस दौरान उन्होंने 2 शतक और 13 अर्धशतक जड़े हैं। चेतेश्वर पुजारा आस्ट्रेलिया के खिलाफ सबसे ज्यादा टेस्ट रन बनाने वाले भारतीय बल्लेबाजों की लिस्ट में चौथे नंबर पर हैं। उन्होंने अब तक 24 टेस्ट की 43 पारियों में 2033 रन बनाये हैं। मतलब, राहुल द्रविड़ को पीछे छोड़ना है तो पुजारा को डब्ल्यूटीसी फाइनल की दोनों पारियों में मिलाकर 110 रन बनाने होंगे। वहीं, आस्ट्रेलिया के खिलाफ 24 टेस्ट की 42 पारियों के बाद विराट कोहली के 1979 रन हैं और वो 5वें नंबर पर हैं। लेकिन, राहुल द्रविड़ को पीछे छोड़ने से ये भी ज्यादा दूर नहीं है। फिलहाल पुजारा से 54 रन दूर खड़े विराट कोहली को द्रविड़ का रिकॉर्ड तोड़ने के लिए डब्ल्यूटीसी फाइनल की दोनों पारियों में 164 रन बनाने होंगे। अब सवाल हैं कि क्या विराट और पुजारा ऐसा कर पायेंगे। तो इसके लिए ओवल पर इनके आंकड़े कैसे रहे हैं, वो देखना होगा। ओवल पर विराट कोहली ने 3 टेस्ट की 6 पारियों में सिर्फ 169 रन 28.16 की औसत से बनाये हैं। वहीं चेतेश्वर पुजारा ने इस मैदान पर खेले 3 टेस्ट की 6 पारियों में बस 117 रन 19.50 की औसत से जड़े हैं। मतलब द्रविड़ का रिकॉर्ड ये दोनों डब्ल्यूटीसी फाइनल की 2 पारियों में तोड़ पायेंगे, कहना थोड़ा मुश्किल है।
टीम एबीएन, जमशेदपुर। पूर्वी सिंहभूम जिला एथलेटिक्स टीम टाटानगर स्टेशन से स्टील एक्सप्रेस से विधि रावल के नेतृत्व में रवाना हुई। टीम में गुरुवार को टाटानगर से 25 एथलीट कोच में एसएम बारला व मैनेजर गीता सिंह रवाना हुईं। बाकी सात एथलीट घाटशिला तथा चाकुलिया से टीम के साथ जुड़े। कुछ एथलीट शाम की बस से रवाना हुए। मालूम हो कि दो जून को संध्या पांच बजे 12वीं झारखंड राज्य सीनियर एथलेटिक्स प्रतियोगिता का शुभारंभ होना है। गुरुवार को टीम के सदस्यों को स्टेशन पर पहुंच कर पूर्वी सिंहभूम जिला एथलेटिक्स संघ के सचिव रवींद्रनाथ मुर्मू, कोषाध्यक्ष राजकुमार बानरा, सहायक कोषाध्यक्ष सिद्दू किस्कू, कोच चैतन माझी तथा पंकज कुमार ने शुभकामनाएं दी।
धोनी के घुटने की सर्जरी सफल, अस्पताल से जल्द मिल सकती है छुट्टीएबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। चेन्नई सुपरकिंग्स के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी के घुटनों की सफलतापूर्वक सर्जरी हो गयी है। गुरुवार को मुंबई के एक अस्पताल में माही के बायें घुटने की सर्जरी हुई। वह इस सीजन आईपीएल में काफी दर्द में रहे थे और उन्हें विकेटकीपिंग के वक्त लंगड़ा कर चलते हुए देखा गया था। ऐसे में धोनी ने आईपीएल के बाद मिले समय में सबसे पहले घुटनों की सर्जरी करायी। आईपीएल ट्रॉफी जीतने के 48 घंटे के अंदर ही उन्होंने मुंबई के नामी आॅथोर्पेडिक डॉक्टर दिनशॉ पार्दीवाला से संपर्क किया था। वह बीसीसीआई के मेडिकल पैनल का भी हिस्सा हैं और कई दिग्गज क्रिकेटर्स की सर्जरी कर चुके हैं। इनमें भारत के विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत भी शामिल हैं। सीएसके के मैनेजमेंट के एक करीबी सूत्र ने नाम न छापने की शर्तों पर पीटीआई को बताया- हां, धोनी की गुरुवार को मुंबई के कोकिलाबेन अस्पताल में घुटने की सफल सर्जरी हुई है। वह ठीक हैं और एक या दो दिन में उन्हें छुट्टी दे दी जायेगी। रिहैबिलिटेशन शुरू होने से पहले वह कुछ दिनों तक आराम करेंगे। अब ऐसा लगता है कि उनके पास अगले आईपीएल में खेलने के लिए फिट होने के लिए पर्याप्त समय होगा। सीएसके के सीईओ काशी विश्वनाथन ने खुलासा किया कि गुरुवार को सर्जरी के बाद उन्होंने धोनी से बात की थी। उन्होंने कहा था कि आपरेशन के बाद धोनी से बातचीत हुई। वह ये नहीं समझ सके कि सर्जरी किस खास चीज की हुई है, लेकिन यह जरूर पता चला कि यह एक की-होल सर्जरी है। वह हमारी बातचीत में ठीक लग रहे थे। धोनी की पत्नी साक्षी अस्पताल में उनके साथ मौजूद रहीं। धोनी बुधवार (31 मई) शाम को अस्पताल में भर्ती हुए थे।सीएसके मैनेजमेंट ने धोनी के इलाज की देखरेख के लिए अपनी टीम के डॉक्टर डॉ मधु थोट्टापिल को भी मुंबई भेजा है। उनके पूरी तरह से ठीक होने का सही समय अभी भी ज्ञात नहीं है, लेकिन यह अनुमान लगाया गया है कि धोनी लगभग दो महीने में ठीक हो जायेंगे। सोमवार रात आईपीएल जीतने के बाद धोनी ने अगले साल वापस आने और अपने प्रशंसकों के लिए एक अंतिम सीजन खेलने की उम्मीद जताई थी। धोनी ने आईपीएल के पूरे सीजन में बायें घुटने पर पट्टी बांधकर खेला था। बैटिंग करते हुए रन लेने के दौरान भी धोनी परेशानी में दिखते थे। बुधवार को सीएसके के सीईओ काशी विश्वनाथन ने कहा था कि धोनी सर्जरी करवाना चाहते हैं या नहीं यह पूरी तरह से उनका फैसला होगा।
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