टीम एबीएन, कोडरमा। नाबालिग के साथ दुष्कर्म किए जाने के एक मामले की सुनवाई करते हुए अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश तृतीय तरुण कुमार की अदालत ने आरोपी सबदर मियां, भंडारवा कोडरमा निवासी को 376 एवं पोक्सो एक्ट के तहत दोषी पाते हुए गुरुवार को 10 साल सश्रम कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 10 हजार रुपया जुर्माना भी लगाया। जुर्माना की राशि नहीं दिए जाने पर 1 वर्ष अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। सभी सजाएं साथ-साथ चलेगी। घटना 23 अप्रैल 2020 कोडरमा थाना क्षेत्र का है, जिसे लेकर पीड़िता के दादा ने कोडरमा थाने में आवेदन देकर प्राथमिकी दर्ज कराई थी। आवेदन में उन्होंने कहा था कि उसकी 6 वर्षीय पोती के रोने की आवाज सुनकर जब बाहर निकले तो पड़ोस का ही सबदर मियां अपने घर में बने दुकान में बच्ची के साथ दुष्कर्म करने का प्रयास कर रहा था। जब उन्होंने हल्ला किया तो आरोपी उन्हें धक्का देकर भाग निकला। इस दौरान सभी गवाहों का परीक्षण कराया गया। लोक अभियोजक पीपी मंडल ने कार्रवाई के दौरान न्यायालय से अभियुक्त को अधिक से अधिक सजा देने का आग्रह किया। वहीं बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता सुधीर कुमार ने अभियुक्त का बचाव करते हुए दलीलें पेश की। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने एवं अभिलेख पर उपस्थित साक्ष्यों का अवलोकन करने के उपरांत दोषी पाते हुए सजा मुकर्रर की और जुर्माना लगाया।