दिशोम गुरु शिबू सोरेन को मरणोपरांत मिला पद्मभूषण, पत्नी रूपी सोरेन ने किया ग्रहण
टीम एबीएन, रांची। झारखंड मुक्ति मोर्चा के संस्थापक और पूर्व मुख्यमंत्री शिबू सोरेन को उनके विशिष्ट योगदान के लिए मरणोपरांत प्रतिष्ठित पद्म भूषण सम्मान से अलंकृत किया गया है। नई दिल्ली के राष्ट्रपति भवन में आयोजित अलंकरण समारोह में आज उनकी पत्नी रूपी सोरेन ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के हाथों यह सम्मान ग्रहण किया है।
गुरुजी के नाम से प्रसिद्ध शिबू सोरेन को पद्म भूषण सम्मान से अलंकृत किये जाने के बाद उनकी जीवन गाथा को एनसीईआरटी पाठ्यक्रम में शामिल करने की मांग उठने लगी है। झारखंड मुक्ति मोर्चा ने दिशोम गुरु को मिले इस सम्मान का स्वागत करते हुए कहा है कि हालांकि गुरु जी भारत रत्न के हकदार थे, मगर पद्म भूषण उन्हें मिला है इसका स्वागत है।
केंद्र सरकार को चाहिए कि उनके योगदान की जीवन गाथा को एनसीईआरटी पाठ्यक्रम शामिल करे, ताकि आनेवाली पीढ़ी भी अवगत हो सके। जेएमएम के केंद्रीय प्रवक्ता मनोज पांडे ने कहा कि गुरुजी आज हमारे बीच नहीं हैं, मगर उन्होंने जो शोषण के खिलाफ लड़ाई लड़ी और नशामुक्ति को लेकर अभियान चलाया वह हमेशा प्रेरणादायक रहेगा।