गुमला। उपायुक्त गुमला शिशिर कुमार सिन्हा की अध्यक्षता में स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक आईटीडीए भवन के सभागार में की गई। बैठक में कोविड-19 टीकाकरण, टीकाकरण के डाटा की आनलाइन प्रविष्टियों की स्थिति तथा लंबित प्रविष्टियों की स्थिति की समीक्षा की गई। बैठक में उपायुक्त ने 02 दिसंबर के पूर्व के टीकाकरण की स्थिति, टीकाकरण के डाटा की आनलाइन प्रविष्टि तथा लंबित आनलाइन प्रविष्टियों की समीक्षा की। समीक्षा के क्रम में प्रखंड कार्यक्रम पदाधिकारियों से प्रतिदिन टीकाकरण हेतु किए जाने वाले अनुश्रवण की जानकारी प्राप्त की गई। रायडीह प्रखंड कार्यक्रम पदाधिकारी द्वारा विगत 16 जनवरी 2021 से प्रखंड में प्रारंभ हुए टीकाकरण के डाटा की आनलाइन प्रविष्टियों में पाए जाने वाले अंतरों का सटीक विश्लेषण नहीं किए जाने पर उपायुक्त ने नाराजगी व्यक्त करते हुए बीपीएम को फटकार लगाई। वहीं चैनपुर बीपीएम द्वारा लगातार कार्य के प्रति उदासीनता एवं संवेदनहीनता दिखाए जाने, आनलाइन डाटा प्रविष्टियां लंबित रखने तथा टीकाकरण से संबंधित आंकड़े समर्पित नहीं करने पर उपायुक्त ने संबंधित बीपीएम को कार्य से बर्खास्त करने हेतु प्रस्ताव तैयार कर समर्पित करने का निर्देश सिविल सर्जन को दिया। उपायुक्त ने अब तक प्राप्त कोवीशील्ड तथा कोवैक्सीन के कुल वायल की संख्या, कुल टीकाकरण की संख्या, टीकाकरण के डाटा का शत-प्रतिशत आनलाइन प्रविष्टि तथा लंबित डाटा प्रविष्टियों की जानकारी प्रतिवेदित करने का निर्देश सभी बीपीएम को दिया। उन्होंने सभी बीपीएम को 13 दिसंबर तक कोविड टीकाकरण के सभी लंबित डाटा की प्रविष्टि सुनिश्चित करने अन्यथा संबंधित बीपीएम के विरूद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने का सख्त निर्देश दिया। इसके साथ ही उन्होंने शत-प्रतिशत आनलाइन प्रविष्टि सुनिश्चित करने के उद्देश्य से अतिरिक्त कंप्यूटर आपरेटरों को प्रतिनियुक्त कर युद्धस्तर पर लंबित डाटा की प्रविष्टि सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने छूटे हुए डाटा का भी आंकलन कर उनकी भी प्रविष्टि सुनिश्चित करने पर बल दिया। उन्होंने संबंधित एएनएम तथा वीएलई के साथ समन्वय स्थापित करते हुए प्रविष्टि के कार्यों को पूर्ण करने का निर्देश दिया। डीडीसी कर्ण सत्यार्थी ने प्रतिदिन टीकाकरण के उपरान्त आनलाइन डाटा प्रविष्टियों का अनुश्रवण करने का निर्देश दिया। बीपीएम द्वारा कार्य के प्रति उदासीनता दिखाए जाने पर उप विकास आयुक्त ने फटकार लगाते हुए टीकाकरण के कार्यों को गंभीरता से लेने, कार्य पद्धति में सुधार लाने तथा लंबित डाटा की शत-प्रतिशत आनलाइन प्रविष्टि सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने सभी बीपीएम को उनके द्वारा किए जाने वाले कार्यों का प्रतिदिन मूल्यांकन करते हुए लंबित डाटा के साथ-साथ प्रतिदिन होने वाले टीकाकरण के आंकड़ों/ डाटा का भी ससमय आनलाइन प्रविष्टि सुनिश्चित करने पर जोर दिया। बैठक में अपर समाहर्त्ता ने 02 दिसंबर से पहले तक के टीकाकरण की स्थिति, आॅनलाइन प्रविष्टि का लेखा जोखा तथा 03 से 07 दिसंबर तक लंबित प्रविष्टियों की प्रखंडवार समीक्षा की। समीक्षा के क्रम में लगभग 31000 डाटा प्रविष्टि लंबित पाए गए। इसपर उन्होंने सभी बीपीएम को अपने संबंधित एएनएम द्वारा संधारित पंजी की जाँच कर लंबित डाटा का आंकलन करने का निर्देश दिया। साथ ही आंकलन करते हुए 13 दिसंबर तक सभी लंबित डाटा को शत-प्रतिशत आॅनलाइन प्रविष्ट करने का निर्देश दिया। इसके साथ ही उनहोंने दिसंबर माह से पूर्व के लंबित डाटा की प्रविष्टियां भी सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया। बैठक में उपायुक्त शिशिर कुमार सिन्हा, अप विकास आयुक्त कर्ण सत्यार्थी, अपर समाहर्त्ता सुधीर कुमार गुप्ता, सिविल सर्जन डॉ राजू कच्छप, डीपीएम स्वास्थ्य जया रेशमा खाखा, डीपीसी यूनिसेफ अपूर्वा सेन, प्रखंड कार्यक्रम पदाधिकारी गुमला सदर (शहरी/ ग्रामीण)/ घाघरा/ पालकोट/ बसिया/ कामडारा/ बसिया/ सिसई/ भरनो/ बिशुनपुर/ चैनपुर/ डुमरी, सीएससी मैनेजर रंजन नंदा व अन्य उपस्थित थे।