विभागीय अभियंता को योजना प्रस्ताव का निर्देश एबीएन न्यूज नेटवर्क, लोहरदगा। लोहरदगा लोकसभा क्षेत्र के सांसद सुखदेव भगत ने मुड़मा स्थित पवित्र शक्ति खूंटा स्थल का दर्शन किया। दर्शनोपरांत उन्होंने शक्ति स्थल की सुरक्षा और पवित्रता को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए विभागीय अभियंता को तत्काल योजना प्रस्ताव तैयार करने का निर्देश दिया।सांसद ने कहा कि शक्ति खूंटा स्थल आदिवासी समाज की गहरी आस्था का केंद्र है। यह स्थल हमारी सांस्कृतिक पहचान और पुरखों की परंपरा से जुड़ा है। इसलिए इसका संरक्षण और व्यवस्थित विकास बेहद जरूरी है। सांसद भगत ने जोर देकर कहा कि आदिवासी समाज प्रकृति पूजक है। हमारे धार्मिक स्थल ही हमारी असली धरोहर हैं। शक्ति स्थल की पवित्रता बनी रहे और श्रद्धालुओं को बेहतर मूलभूत सुविधाएं विकसित की जायेंगी। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि योजना बनाते समय धर्म गुरु बंधन तिग्गा एवं अन्य सदस्यों का राय अवश्य दें, ताकि विकास के साथ-साथ परंपरा भी अक्षुण्ण रहे। मौके पर धर्म गुरु बंधन तिग्गा, मांडर विधानसभा सांसद प्रतिनिधि सीताराम भगत मोती चौबे, जिला परिषद के अभियंता मौजूद थे।
एबीएन न्यूज नेटवर्क, बाघमारा। बरोरा थाना क्षेत्र के बहियारडीह और जोगीडीह में चल रहे अवैध कोयला कारोबार के खिलाफ शनिवार की देर शाम को महिला ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। बहियारडीह में लंबे समय से जारी अवैध कोयला खनन के विरोध में सैकड़ों की संख्या में महिलाएं खनन स्थल पर पहुंच गयीं और कोयला लोड कर रहे दो ट्रकों को रोक दिया। महिलाओं के विरोध को देखते ही वहां मौजूद अवैध खनन में लगे मजदूर मौके से फरार हो गये। इस दौरान अवैध कारोबारियों और ग्रामीणों के बीच नोकझोंक भी हुई। ग्रामीणों का कहना है कि अवैध खनन से गांव की सुरक्षा पर खतरा मंडरा रहा है। लगातार हो रही अवैध कटाई के कारण क्षेत्र में भू-धंसान जैसी घटनाएं होने की आशंका बढ़ गयी है। ग्रामीणों ने अवैध कारोबारियों को तत्काल खनन कार्य बंद करने की चेतावनी दी।
एबीएन न्यूज नेटवर्क, बाघमारा। बरोरा थाना क्षेत्र के बहियारडीह और जोगीडीह में चल रहे अवैध कोयला कारोबार के खिलाफ शनिवार की देर शाम को महिला ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। बहियारडीह में लंबे समय से जारी अवैध कोयला खनन के विरोध में सैकड़ों की संख्या में महिलाएं खनन स्थल पर पहुंच गयीं और कोयला लोड कर रहे दो ट्रकों को रोक दिया। महिलाओं के विरोध को देखते ही वहां मौजूद अवैध खनन में लगे मजदूर मौके से फरार हो गये। इस दौरान अवैध कारोबारियों और ग्रामीणों के बीच नोकझोंक भी हुई। ग्रामीणों का कहना है कि अवैध खनन से गांव की सुरक्षा पर खतरा मंडरा रहा है। लगातार हो रही अवैध कटाई के कारण क्षेत्र में भू-धंसान जैसी घटनाएं होने की आशंका बढ़ गयी है। ग्रामीणों ने अवैध कारोबारियों को तत्काल खनन कार्य बंद करने की चेतावनी दी।
लोयाबाद क्षेत्रीय चिकित्सालय में डॉक्टर की सुविधाओं नहीं रहने से मरीज हो रहे परेशान, नहीं हो रहा है मरीजों का इलाज एबीएन न्यूज नेटवर्क, धनबाद। बीसीसीएल सिजुआ अंतर्गत लोयाबाद क्षेत्रीय चिकित्सालय में डॉक्टरों एवं चिकित्सा सुविधाओं का भारी अभाव है, जिसके कारण क्षेत्र के मजदूरों एवं आम मरीजों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। अस्पताल में पर्याप्त डॉक्टर नहीं रहने से मरीजों का समुचित इलाज नहीं हो पा रहा है तथा मरीज घंटों अस्पताल में बैठकर चिकित्सकीय सुविधा का इंतजार करते रहते हैं। वर्षों से अस्पताल में डेंटल एवं नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉक्टर की मांग की जा रही है, लेकिन आज तक इस दिशा में कोई ठोस पहल नहीं की गयी है। जबकि अस्पताल में आंख एवं दांत से संबंधित सभी आवश्यक उपकरण उपलब्ध हैं। फिर भी डॉक्टर नहीं रहने के कारण मरीज इलाज से वंचित हैं। मरीजों को आंख एवं दांत के इलाज के लिए 20 से 25 किलोमीटर दूर सीएचडी अस्पताल जाना पड़ता है। अस्पताल में लगभग 20 लाख रुपये की एक्सरे मशीन एवं टेक्नीशियन उपलब्ध होने के बावजूद मजदूरों का एक्सरे नहीं किया जा रहा है। मजबूरी में मरीजों को बाहर बाजार से एक्सरे कराना पड़ रहा है। यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति है कि विभाग द्वारा टेक्नीशियन को प्रतिमाह वेतन भुगतान किये जाने के बावजूद मशीन का उपयोग नहीं हो रहा है। इसके अतिरिक्त अस्पताल की बिजली व्यवस्था भी अत्यंत खराब है। बिजली जाते ही अस्पताल अंधेरे में डूब जाता है। वर्षों से अस्पताल में जनरेटर की व्यवस्था नहीं है, जिसके कारण चिकित्सकों को अंधेरे में मरीजों का इलाज करना पड़ता है। अस्पताल की पैथोलॉजी मशीन भी पिछले छह माह से खराब पड़ी हुई है, जिससे कोलेस्ट्रॉल, यूरिक एसिड, सीरम क्रेटीनिन, हीमोग्लोबिन आदि महत्वपूर्ण जांच बंद हैं। साथ ही आंख, हड्डी एवं दांत विभाग में डॉक्टर नहीं होने के कारण विभाग पूरी तरह बंद पड़ा है। कोलियरी क्षेत्र होने के कारण यहां आंख एवं हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉक्टर का होना अत्यंत आवश्यक है, ताकि मजदूरों को समय पर बेहतर चिकित्सा सुविधा मिल सके। सबसे गंभीर समस्या यह है कि रात के समय अस्पताल में डॉक्टर मौजूद नहीं रहते हैं। शाम होते ही डॉक्टर अपने घर चले जाते हैं, जिसके कारण रात में किसी भी प्रकार की इमरजेंसी स्थिति में मरीजों को धनबाद रेफर करना पड़ता है। कई बार समय पर इलाज नहीं मिलने के कारण मरीजों की जान तक चली जाती है। रात के समय अस्पताल में डॉक्टरों का नदारद रहना क्षेत्र के मजदूरों एवं आम जनता के लिए गंभीर चिंता का विषय है।
मोरहाबादी में 450 सकोरा का वितरणटीम एबीएन, रांची। सर्वेश्वरी समूह - शाखा रांची (औघड़ भगवान राम आश्रम, अघोर पथ, लेक रोड पश्चिम, रांची) द्वारा आज दी.24.05.2026 (दिन - रविवार) को मोरहाबादी मैदान स्थित ऑक्सीजन पार्क के मुख्य द्वार पर पंछी को दाना - पंछी को पानी - जन जागरूकता अभियान - वर्ष 2026 के तीसरे चरण का आयोजन किया गया।कार्यक्रम को प्रातः 7 बजे शुरू किया गया जिसके तहत लोगों के बीच 450 सकोरा (मट्टी का बर्तन) एवं दाना का पैकेट का वितरण किया गया। इस कार्यक्रम के माध्यम से लोगों के बीच जागरूकता फैलाने का प्रयास किया गया ताकी इस भीषण गर्मी में पक्षियों को पीने का पानी एवं दाना मिल सके साथ ही उनके प्राणों की रक्षा हो सके।लोगों को कार्यक्रम के माध्यम से समझाने का प्रयास किया गया कि प्रकृति के संतुलन में पक्षियों का अहम योगदान है। उनके रक्षार्थ यदि हम अभी जागरूक नहीं हुए तो वह दिन दूर नही जब पक्षी केवल किताबों एवम चित्रों तक सिमट कर रह जाएंगे।पक्षी हमारे बीच से विलुप्त न हो जाये और इस भीषण गर्मी से उनके प्राणों के रक्षार्थ यह पंछी को दाना - पंछी को पानी कार्यक्रम लोगों को जागरूक करने का एक अनूठा पहल है।कार्यक्रम में लोगों के बीच लगभग 450 सकोरा एवं दाना के पैकेट को वितरित कर उनसे निवेदन किया गया कि अपने घरों के छत, आंगन एवं बालकनी पर इसमें पानी भर कर रखें और साथ ही पक्षियों के खाने के लिए दाना भी दें।इसके पूर्व इस कार्यक्रम के पहले चरण को मधुकम, रोड न. 5 स्थित प्रोग्रेसिव पब्लिक स्कूल ऑफ लर्निंग के बच्चों के बीच 225 सकोरा एवं दाना के पैकेट तथा दूसरे चरण का आयोजन रातु रोड स्थित गौरी दत्त मंडेलिया हाई स्कूल के बच्चों के बीच 150 सकोरा एवं दाना के पैकेट का वितरण किया जा चुका है।आज के कार्यक्रम में श्री सर्वेश्वरी समूह - शाखा रांची की ओर से हेमन्त नाथ शाहदेव, नवल किशोर सिंह, नवीन कुमार, उदय नारायण पाण्डेय, सुचित्रा शाहदेव, गिरेन्द्र नाथ शाहदेव, पवन कुमार, समुद्र नाथ शाहदेव, ज्योति शाहदेव, बद्रीनाथ शाहदेव, रोहित कुमार सिंह, सोमेश्वर नाथ शाहदेव, शाम्भवी शाहदेव, मानवेन्द्र नाथ शाहदेव, राजश्री सिंह, यदुनाथ शाहदेव इत्यादि शामिल हुए।
एबीएन न्यूज नेटवर्क, धनबाद। अखिल भारतीय पिछड़ा वर्ग संघ के जिलाध्यक्ष रत्नेश कुमार ने जिला प्रशासन से निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए कहा कि कांग्रेस नेता सह समाजसेवी राज कुमार महतो एवं असलम मंसूरी का नाम बेवजह घसीटा जा रहा है। उन्होंने कहा कि आजसू पार्टी द्वारा दोनों समाजसेवियों पर लगाये जा रहे आरोप पूरी तरह बेबुनियाद हैं। रत्नेश कुमार ने कहा कि रजनी रवानी अपना वर्चस्व कायम करने के लिए आजसू पार्टी के कुछ लोगों के साथ मिलकर बांसजोड़ा मर पीट की घटना को अंजाम दिये और ये घटना में पूरी तरह आजसू पार्टी के लोग जिम्मेवार है और अनसब पर प्रशासन से आग्रह है कि आजसू पार्टी के लोगों पर कार्रवाई होनी चाहिए। रत्नेश कुमार ने कहा कि राज कुमार महतो एवं असलम मंसूरी वर्षों से लोयाबाद क्षेत्र में समाज सेवा करते आ रहे हैं और गरीब, मजदूर तथा जरूरतमंद लोगों की हर संभव मदद करते हैं। क्षेत्र में किसी भी वर्ग का व्यक्ति अपनी समस्या लेकर इनके पास पहुंचता है तो उसका समाधान करने का प्रयास किया जाता है। उन्होंने कहा कि लोयाबाद में समाजसेवा के क्षेत्र में दोनों का नाम सम्मान के साथ लिया जाता है। उन्होंने यह भी कहा कि सोशल मीडिया एवं कुछ समाचार माध्यमों से देखा जा रहा है कि आजसू पार्टी द्वारा दोनों समाज सेवी नेताओं की छवि को धूमिल करने की कोशिश की जा रही है। आजसू पार्टी उनकी बढ़ती लोकप्रियता से घबराकर झूठे आरोप लगा रही है। अवैध कोयला कारोबार से जुड़े आरोपों को भी उन्होंने निराधार बताया। रत्नेश कुमार ने जिला प्रशासन से मांग करते हुए कहा कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करायी जाये, ताकि सच्चाई सामने आ सके।
एबीएन न्यूज नेटवर्क, लोहरदगा। न्यूज चैनलों और अखबारों के माध्यम से हमें पता चला कि सांसद सुखदेव भगत एवं विधायक रामेश्वर उरांव ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से अपनी राय व्यक्त किया है कि भाजपा एवं आरएसएस आदिवासी का सम्मान नहीं करते और इन्हें वनवासी पुकारकर इनका अपमान करते हैं। सबसे पहले सांसद के अधकचरे ज्ञान को ठीक करना अतिआवश्यक है क्योंकि इन्होंने बहुत ही गर्व पूर्वक अपने प्रोफाइल में पूर्व डेप्यूटी कलेक्टर लिखते हैं और ज्ञान में बहुत कमजोर हैं। बोलते हैं 1857 के युद्ध में कांग्रेस का बड़ी सहभागिता रही है और 1858 में राज्य पुनर्गठन आयोग की वैधानिक गठन हुआ था।बता दें कि अखिल भारतीय राष्ट्रीय काँग्रेस का गठन 1885 में हुआ था तो 1857 की लड़ाई में कांग्रेस कहां से टपक पड़ी, जिसका जन्म ही नही हुआ था? वहीं राज्य पुनर्गठन आयोग का स्थापना सन 1856 में की गयी थी ना कि 1858 में। सांसद आप सच में जे पी एस सी उतीर्ण कर नौकरी में आये थे या उस समय के कांग्रेस सत्ता में व्याप्त भ्रष्टाचार का प्रभाव था। साथ ही विधायक रामेश्वर में भी उम्र का प्रभाव दिखने लगा है, अन्यथा एक ओर विधायक जी खुलेआम कहते हैं कि आदिवासी हिंदू नहीं है और दूसरी ओर वे स्वयं रामनवमी में झंडा पूजा किये बिना अन्न जल ग्रहण नहीं करते जबकि विधायक की प्रशासनिक पदाधिकारी पुत्री निशा उरांव गला फाड़कर बोल रही है कि कुछ तुच्छ लोग राजनीतिक लाभ के लिए सरना सनातन को तोड़ने का षड्यंत्र के तहत सरना हिन्दू नहीं है जैसा दुष्प्रचार कर रहे हैं। जबकि गाहे बगाहे विधायक पुत्र रोहित उरांव भी अपने आप को सदैव हिन्दू ही कहा है और माना है। मंदिरों में जाना और पूजा पाठ करना इनके लिए रोजमर्रा की जिंदगी है। आगे या तो रामेश्वर उरांव जिंदगी भर खुद कन्फ्यूज रहे हैं कि वे हिन्दू हैं अथवा नहीं या फिर अपने बच्चों को संस्कार और धर्म की जानकारी देने में गलती कर गये हैं। एक ऐसा व्यक्ति जो आईपीएस रहा हो, जो राष्ट्रीय जनजातीय आयोग का चैयरमेन रहा हो वह व्यक्ति के मुंह से सार्वजनिक बयान आता है कि सरना हिन्दू नहीं है! यह बहुत ही हास्यास्पद और दिमागी दिवालियापन की निशानी है। शायद अब ये 80 वर्षीय आयु के व्यक्ति हैं, तो उम्र का भी प्रभाव में गलत सलत बयान निकल जा रहा है। सांसद सुखदेव भगत आप बाबा कार्तिक उरांव और डेविड मुनरो के मुकदमे का रेफरेंस लेते हुए बोलते हैं कि जो आदिवासी धर्म परिवर्तन कर लिया है वह भी जनजातीय आरक्षण का लाभ ले सकता है। इसका मतलब आप धर्म परिवर्तन को जायज बताते हुए इसे बढ़ावा दे रहे हैं। जबकि भारतीय संविधान के जानकार बताते हैं कि समय अनुसार परिस्थितियों को देखते हुए सुप्रीम कोर्ट भी पूर्व के फैसलों से अलग फैसला दे सकते हैं और समय की मांग अनुसार इसे बदलने का भी अधिकार सुप्रीम कोर्ट को पूर्ण रूप से है। हमारा प्रश्न केवल एक है यदि सरना, सनातन से अलग है तो वह कैसे है इतिहास का उदाहरण देते हुए इसे परिभाषित कर हम सभी सरना सनातनी भाई बहन को अवश्य बतायें।
टीम एबीएन, रांची। राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, भारत सरकार द्वारा जारी हिट वेव एडवाइजरी के अनुपालन हेतु श्रम विभाग, झारखंड सरकार के अधिकारियों एवं फेडरेशन आॅफ झारखंड चैम्बर आॅफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के पदाधिकारियों की एक महत्वपूर्ण बैठक आज चैम्बर भवन में हुई। बैठक में उपस्थित श्रम अधीक्षक, रांची एतवारी महतो ने भारत सरकार द्वारा जारी दिशा-निदेर्शों एवं सलाहों की विस्तारपूर्वक जानकारी दी। उन्होंने बताया कि भीषण गर्मी एवं लू के प्रभाव से बचाव हेतु सभी औद्योगिक प्रतिष्ठानों, दुकानों, कपड़ा व्यवसायिक प्रतिष्ठानों, होटल एवं अन्य संस्थानों को आवश्यक सावधानियां अपनानी चाहिए। बैठक में सभी प्रतिष्ठानों में ठंडे पेयजल, ओआरएस, ग्लूकोज, नींबू पानी आदि की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने पर बल दिया गया, ताकि श्रमिकों, कर्मचारियों एवं आमजनों को गर्मी से राहत मिल सके। साथ ही विभिन्न व्यावसायिक संगठनों एवं चैम्बर आॅफ कॉमर्स से अपनी ओर से भी जन-जागरूकता हेतु अपील जारी करने का आग्रह किया गया। बैठक में भारत सरकार द्वारा जारी सलाह पर विस्तार से चर्चा की गयी। साथ ही एनजीओ एवं सामुदायिक समूहों को सार्वजनिक स्थलों पर पानी, छाछ एवं अन्य राहत पेय पदार्थों के स्टॉल लगाने के लिए प्रोत्साहित करने की आवश्यकता पर बल दिया गया। इसके अतिरिक्त लू से प्रभावित व्यक्तियों के प्राथमिक उपचार एवं त्वरित चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने के उपायों पर भी चर्चा की गयी। बैठक में उपस्थित सदस्यों ने आमजनों से अपील की कि वे अत्यधिक धूप में निकलने से बचें, पर्याप्त मात्रा में पानी का सेवन करें तथा स्वास्थ्य संबंधी आवश्यक सावधानियों का पालन करें। झारखंड चैम्बर के अध्यक्ष आदित्य मल्होत्रा ने कहा कि भीषण गर्मी एवं हिट वेव की स्थिति को देखते हुए सभी औद्योगिक एवं व्यवसायिक प्रतिष्ठानों की सामाजिक जिम्मेदारी बनती है कि वे अपने कर्मचारियों, श्रमिकों एवं ग्राहकों के स्वास्थ्य एवं सुरक्षा का विशेष ध्यान रखें। उन्होंने राज्य के सभी उद्योगों, व्यवसायियों एवं व्यापारिक संगठनों से अपील की कि वे अपने प्रतिष्ठानों में हिट वेव से बचाव को लेकर जागरूकता बढ़ाने में सक्रिय भूमिका निभायें।चैम्बर के श्रम उप समिति के चेयरमैन प्रमोद सारस्वत ने कहा कि चैम्बर समाज के विभिन्न संगठनों, एनजीओ के साथ मिलकर आमजनों को राहत पहुंचाने एवं जागरूकता अभियान चलाने में सहयोग करेगा, ताकि भीषण गर्मी के दौरान जनजीवन पर पड़ने वाले प्रभाव को कम किया जा सके। बैठक में चैम्बर अध्यक्ष आदित्य मल्होत्रा, सह सचिव नवजोत अलंग, कार्यकारिणी सदस्य मुकेश अग्रवाल, अमित शर्मा, श्रम एवं ईएसआईसी उप समिति चेयरमैन प्रमोद सारस्वत, सदस्य राजीव चौधरी, सतीश कुमार, श्रम विभाग के पदाधिकारी अनंत कुमार सहित अन्य सदस्य उपस्थित थे। उक्त जानकारी फेडरेशन के सह सचिव नवजोत अलंग ने दी।
रांची में कॉलेज छात्रा से छेड़छाड़ का मामला, आरोपी सेना का जवान; पुलिस ने की गिरफ्तारी टीम एबीएन, रांची। रांची में एक 38 वर्षीय सेना के जवान को कॉलेज छात्रा से कथित छेड़छाड़ के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने शनिवार को यह जानकारी दी। पुलिस के अनुसार, यह घटना शुक्रवार को लालपुर थाना क्षेत्र में हुई, जब 23 वर्षीय छात्रा कॉलेज से अपने घर लौट रही थी। लालपुर थाना प्रभारी रूपेश कुमार ने बताया कि आरोपी सेना के जवान को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। पीड़िता के बयान और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज की गयी है। एक अन्य पुलिस अधिकारी ने बताया कि आरोपी जवान हरियाणा का रहने वाला है और उसकी पोस्टिंग नामकुम में थी। मामले की आगे जांच जारी है।
Subscribe to our website and get the latest updates straight to your inbox.
टीम एबीएन न्यूज़ 24 अपने सभी पाठकों और प्रेरणाश्रोतों का अभिनन्दन करता है। आपके सहयोग और विश्वास के लिए धन्यवाद।
© 2026 ABN News 24. All Rights Reserved.