पाटन, पलामू। गुरुवार की सुबह एक युवक की गला रेत कर हत्या की खबर के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। घटना पलामू के पाटन थाना क्षेत्र अंतर्गत सिक्की मेराल स्थित महेंद्रा मोड़ के पास की है, जहां बाहर से कमा कर अपने गांव लौट रहे 25 वर्षीय युवक कृष्णा दुबे को पहले गोली मारी गयी। उसके बाद गला रेत कर उसकी हत्या कर दी गई। मृतक पाटन के बरसैता गांव निवासी नारद दुबे का पुत्र है। हत्या के पीछे जमीन विवाद बताया जा रहा है। इधर, इस नृशंस हत्या के बाद ग्रामीणों ने शव के साथ सड़क जाम कर दिया और पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी । जिसके बाद पलामू के एसपी चंदन कुमार सिन्हा, डीएसपी सुरजीत सिंह आदि भी घटनास्थल पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझा-बुझाकर शांत कराया। सुबह में ग्रामीणों की सूचना पर दल-बल के साथ पाटन थाना प्रभारी प्रकाश कुमार घटनास्थल पर पहुंचे और अनुसंधान शुरू कर दिया।
रक्षाबंधन पर घर लौट रहा था कृष्णा : परिजनों ने बताया कि युवक गुजरात के सूरत से मजदूरी कर रक्षाबंधन पर अपने घर लौट रहा था। गुरुवार की सुबह पलामू एक्सप्रेस से डालटनगंज रेलवे स्टेशन पर उतरकर अपने भांजे के साथ गांव की ओर जा रहा था। इसी क्रम में पहले से ही घात लगा कर बैठे अपराधियों ने गोली चला दी। पहली गोली नहीं लगी और कृष्णा भागने लगा। अपराधियों ने फिर से टारगेट कर दूसरी गोली चलायी और पैर में लगी। जिसके बाद उसे पकड़कर गला रेत कर हत्या कर दी गयी।
पिता ने गोतिया परिवार पर लगाया हत्या का आरोप : घटना के बाद पलामू एसपी को परिजनों ने हत्या के पीछे गोतिया परिवार का हाथ बताया है। मृतक के पिता ने एसपी को बताया कि उनके गोतिया पुनु दुबे, श्रवण दुबे, पंचम दुबे, विशंभर दुबे और मनोज दुबे ने मिलकर उनके बेटे की हत्या की है। कुछ माह पहले भी जमीनी विवाद में इनलोगों के साथ मारपीट हुई थी। जिसकी प्राथमिकी पाटन थाने में दर्ज है। पुलिस ने परिजनों का बयान लेने के बाद सभी पहलुओं पर अनुसंधान शुरू कर दिया है। अपराधियों को गिरफ्तार करने के लिए छापामारी अभियान चलाया जा रहा है। पलामू एसपी ने कहा कि पुलिस जल्द ही अपराधियों को पकड़ लेगी।
चश्मदीद बच्चे ने बताया पूरा घटनाक्रम : एसपी ने कहा कि घटना के वक्त कृष्णा दुबे के घर का एक 7-8 वर्ष का बच्चा भी मौके पर मौजूद था। कृष्णा दुबे को लेने के लिए वह वहां पहुंचा था। उसकी उपस्थिति में ही घटना हुई। बच्चे के अनुसार तीन अपराधियों ने मिलकर घटना को अंजाम दिया है। हत्यारों का चेहरा ढका हुआ था। इसलिए बच्चा ठीक से उनको नहीं देख सका।