समाज
हमारी उम्मीद ही हमारे दुःख का कारण : जया किशोरी
ABN Bureau
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07 Sep, 2022
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टीम एबीएन, लोहरदगा। श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन पूज्या जया किशोरी जी के कार्यक्रम स्थल व्यास मंच में आगमन होते ही भक्तों के जयकारे से वातावरण गूंज उठा, भक्तों ने ताली बजाकर स्वागत किया माहौल भक्तिमय हो गया। राज्यसभा सांसद धीरज प्रसाद साहू ने पूज्या जयाकिशोरी जी को अंगवस्त्र प्रदान कर अभिनन्द किया। सीताराम सीताराम, सीताराम कहिये, सीताराम सीताराम, सीताराम कहिये।
जाहि विधि राखे राम, ताहि विधि रहिये। भजन से श्रीमद्भागवत कथा प्रारम्भ की गई। पूज्या जया किशोरी जी ने बतलाया कि ईश्वर को याद करते ही नहीं है, भगवान को फुर्सत मिलने पर याद करते हैं, समय मिला तो याद किये नहीं मिला तो नहीं किये लेकिन आप जब संकट में रहते हैं तब चाहे आधी रात ही क्यों न हो याद करते हैं। हमारे दुःख का कारण हमारी उम्मीद ही है, महत्वाकांक्षा का अधिक पालना दुखों का कारण है, संतुष्टि का भाव ही ईश्वर के निकट लाता है।
उन्होंने बताया कि पाप के बाद कोई व्यक्ति नरकगामी हो, इसके लिए श्रीमद् भागवत कथा श्रवण हीं प्रायश्चित का श्रेष्ठ उपाय बताया है। अजामिल उपाख्यान के माध्यम से इस बात को विस्तार से समझाया गया। भगवान की शरण में रहने वाले भक्तों के पाप श्री भगवान के नामोच्चारण से ऐसे नष्ट हो जाते हैं जैसे सूर्य उदय होने पर कोहरा नष्ट हो जाता है। जिन्होंने अपने भगवद गुण अनुरागी मन मधुकर को भगवान श्री कृष्ण के चरणारविन्द मकरन्द का एक बार पान करा दिया। उन्होंने सारे प्रायश्चित कर लिए वे स्वप्न में भी यमराज और उनके पाशधारी दूतों को नहीं देखते, जैसे कोई परम शक्तिशाली अमृत को उसका गुण न जान कर अनजाने में पी ले, तो भी अमृत उसे अमर बना ही देता है। वैसे ही अनजाने में उच्चारण करने पर भी भगवान का नाम अपना फल देकर ही रहता है।
बुधवार के कथा में ब्रह्मा और नारद की वार्तालाप का प्रसंग सुनाया गया। जिसमें नारद जी ने ब्रह्मा से पूछा कि हरि को प्राप्त करनेवाला कौन सा मन्त्र है? तब ब्रह्मा जी ने बतलाया कि हरे राम, हरे रामा, रामा रामा हरे हरे। हरे कृष्ण, हरे कृष्णा, कृष्णा कृष्णा हरे हरे। मंत्र का उच्चारण करने से हरि की प्राप्ति होगी। तब नारद ने कहा कि यह तो आसान है सभी मंत्रोच्चार कर सकते हैं, तब ब्रह्मा ने बतलाया कि सभी हरि को प्राप्त कर सकते हैं।
प्रह्लाद चरित्र के बारे में विस्तार से सुनाया। उन्होंने बताया कि भगवान नृसिंह रुप में लोहे के खंभे को फाड़कर प्रगट होना बताता है कि प्रह्लाद को विश्वास था कि मेरे भगवान इस लोहे के खंभे में भी हैं और उस विश्वास को पूरा करने के लिए भगवान उसी में से प्रकट हुए और हिरण्यकश्यप का वध कर प्रह्लाद के प्राणों की रक्षा की।
इस कार्यक्रम में साहू परिवार से शैफाली साहू, उदय शंकर प्रसाद, अरुणा साहू, धीरज प्रसाद साहू, मनु साहू, राहुल साहू, वंदना साहू, हर्षित साहू, रुचि साहू, राजश्री साहू, हंसा साहू, शेरी मुनी साहू, मदन मोहन शर्मा, सचिदा चौधरी, अशोक यादव, संजय बर्मन, निशिथ जायसवाल, संदीप कुमार, लाल मोहन प्रसाद केशरी, राजेंद्र प्रसाद खत्री, डॉ अजय शाहदेव, कमल प्रसाद केशरी, मोहन दुबे, कंवलजीत सिंह, अरुण राम, राहुल कुमार, बलवीर देव, कृष्ण मोहन केशरी, कैलाश केशरी, उर्मिला केशरी, प्रमोद अग्रवाल, विजय जायसवाल, सतीश जयसवाल, राकेश सिंह, अनिता पोद्दार, अनिल कुमार, सचिदानन्द पाल सिंह, बी के ब्लांजिनप्पा, सामी ब्लांजिनप्पा, देवंती गुप्ता, सुष्मिता देवी, रानी देवी, संध्या गुप्ता, अर्पिता मुखर्जी, इशानी मुखर्जी, विनीता कुमारी, शिवमंदिर राय, गोपाल साहू, बिजली महतो, विनोद कुमार, राजू महतो, ब्रज सिंह, राजकुमार प्रसाद, मनीष साहू, गीता देवी, जयगोविंद सोनी, इंदु देवी, विमल गुप्ता, सोहन पटेल, सुरेश ठाकुर, विद्या सिंह, मीरा सिंह, कल्याणी पोद्दार, संगीता देवी, कमला देवी, विनोद राय, अनुज साहू, विनय पोद्दार, मुरली अग्रवाल, अनिल मोदी, संजय मोदी, प्रेम प्रजापति, रमेश केशरी, रमेश साहू, उषा बर्मन, राजीवरंजन प्रसाद, उदय गुप्ता, विनोद सिंह, आशीष कुमार, अमित कुमार, आकाश खत्री, जयजीत कुमार चौबे, आलोक राय, दिवेश कुमार, नितिन सिंह, रोहित ओझा, नीरज साहू, निलेश सिंह, सुधीर अग्रवाल, संजय महाराज, प्रमोद अग्रवाल, विजय अग्रवाल, धर्मेंद्र कुमार, विजय जयसवाल, दिनेश पांडेय, शशि वर्मा, अविनाश कौर, लखन मांझी, सजल कुमार, गोपाल साहू, दुर्गा प्रजापति, रोहन श्याम केसरी, बंटू जयसवाल, प्रदीप विश्वकर्मा, दिग्गज कुमार सिंह, सतीश विश्वकर्मा, आलोक कुमार, मनीष कुमार, सुजीत राय, रमेश साहु, राम लखन प्रसाद, प्रवीण कुमार, संदीप मिश्रा, सरोज प्रजापति, दिनेश अग्रवाल, मनीष प्रसाद, विजय सिंह, पंकज जयसवाल, हिमांशु कुमार, जयप्रकाश शर्मा, संजीव शर्मा, रमेश शर्मा, सागर वर्मा, संदीप भगत, मुरारी गोस्वामी, प्रवीण प्रसाद, गुडूस गुप्ता, गुप्तेश्वर गुप्ता, मनोज जयसवाल, मनोज गुप्ता, देशराज गोयल, नवीन जयसवाल सहित शहर के भक्त जन उपस्थित थे।
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