टीम एबीएन, रांची। झारखंड के दुमका में अंकिता सिंह हत्याकांड को लेकर सियासत गर्म है। इलाज के दौरान हुई अंकिता की मौत के बाद झारखंड सरकार की तरफ से भी सफाई आई है। प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता ने इस मामले में सफाई देते हुए कहा कि दोषी और अपराधी को स्पीडी ट्रायल चलाकर फांसी की सजा दिलाई जायेगी। इसके लिए उपायुक्त को पहले ही कह दिया गया है। सरकार इसे रेयर ऑफ द रेयर केस में ले जाने के लिए पूरा प्रयास करेगी।
हेमंत सरकार के किसी भी मंत्री के रिम्स नहीं जाने को लेकर बन्ना गुप्ता ने सफाई दी कि अंकिता के इलाज के लिए बेहतर व्यवस्था की जा रही थी, साथ ही परिवार को एक लाख रुपया भी दिया गया था। अंकिता को इलाज के लिए दिल्ली नहीं ले जाने के सवाल पर गोलमोल जवाब देते हुए बन्ना गुप्ता ने कहा कि अगर परिवार कहता कि दिल्ली इलाज के लिए ले जाना है तो जरूर भेजा जाता। बन्ना ने कहा कि इस मामले को जात पात में बैठकर देखने की जरूरत नहीं है। भाजपा इस मामले को अलग रंग देना चाहती है।
मालूम हो कि दुमका में संजीव सिंह की बेटी अंकिता को पड़ोस में ही रहने वाला शाहरूख काफी समय से परेशान कर रहा था। अंकिता पर वो दोस्ती करने का दबाव डाल रहा था। अंकिता जब राजी नहीं हुई तो शाहरुख ने आपा खो दिया। इसके बाद 23 अगस्त की सुबह अंकिता घर में सोई हुई थी, तभी शाहरूख उसके घर पहुंचा और खिड़की से उस पर पेट्रोल फेंक दिया और जब तक वह कुछ समझ पाती आरोपी ने माचिस जला कर उसको आग लगा दी। रिम्स में अंकिता ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।