टीम एबीएन, कोडरमा। आजसू की केन्द्रीय सचिव सह कोडरमा की पूर्व जिला परिषद अध्यक्ष शालिनी गुप्ता ने सरकार से बारिश नही होने से राज्य के कई जिलों में खेती-बाड़ी कार्य पूर्ण रूप से बंद है। उन्होंने राज्य सरकार से मांग करते हुए कहा कि कोडरमा विधानसभा सहित संपूर्ण राज्य को सुखाड़ क्षेत्र घोषित कर किसानों को रोजगार के तहत कम अवधि में लगाने वाले फसल मसलन सरगुजा , कुरथी, मडुआ, तिल आदि का बीच नि:शुल उपलब्ध कराये ताकि किसानों को कुछ हद तक फायदा हो सके। । बारिश के अभाव में किसानों का बिचड़ा पूरी तरह से सूख कर नष्ट हो गया। कोडरमा में 90 प्रतिशत क्षेत्र में बारिश नही बिचडा नष्ट हो गया है। जबकि कोडरमा जिला में 17 हजार हेक्टर धान लगाने का लक्ष्य था जो कि अभी तक जुलाई के तीसरे सप्ताह अक्षरदन 1 से 2 प्रतिशत हो पाया है जो कि ईट के मुॅह में जीरा के सामान है। 2021 में कोडरमा जिला में 20 जुलाई तक 75-80 प्रतिशत रोपनी का कार्य हो चुका था और इसका किसानों को रोपनी हो चुकी थी। इस वर्ष औसतन पुरे कोडरमा जिला 26 एमएम बारिश हुई है। जो कि काफी कम है। कृषि विज्ञानिकों के अनुसार बताया गया है कि अभी बरसात अब तक 245-250 एमएम बारिश हो जानी थी जिससे किसान आसानी से धान की रोपनी कर सकते थे। उहोने कहा कि गांव-गांव में चापाकल, कुॅआ जवाब दे रहा है। कहा कि जनमुद्दा को देखते हुए राज्य सरकार तत्काल समस्या का समाधान करे ताकि किसानों को राहत मिल सके।