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चतरा : बाल विकास परियोजना भवन की लाखों की संपत्ति बेच डाले बिचौलिये

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चतरा : बाल विकास परियोजना भवन की लाखों की संपत्ति बेच डाले बिचौलिये
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टीम एबीएन, सिमरिया। नवनिर्मित केंद्रीय विद्यालय परिसर में पूर्व में बने बालविकास परियोजना व प्रशिक्षण महाविद्यालय के दरवाजे व खिड़की तथा छत के से निकले छड़ व कैम्पस में लगे वेशकीमती दर्जनों पेड़ों की बोटा इन दिनों धड़ल्ले से बिक्री की गयी है। और तो और आंगनबाड़ी में दिए गए बच्चों की रखी लाखों की किताबें भी बेच दी गयी है। यह बिक्री का खेल में शामिल संवेदक, मुंसी और अधिकारियों के मिलीभगत से की गई है। जिसमें परिसर की बेशकीमती लकड़ियां, भवन का खिड़की, दरवाजे, स्क्रैप, आंगनबाड़ी केंद्र के बच्चों की किताबें टमाटर सोस की लोहे, मशीन, गेट, ग्रील आदि कबाड़ियों के पास बेच दी गयी है। बता दें कि फिलहाल केंद्रीय विद्यालय बनाया जा रहा है जहां पूर्व में आंगनबाड़ी केंद्र और शिक्षण प्रशिक्षण महाविद्यालय अवस्थित था। लेकिन सरकार द्वारा उक्त स्थल को तोड़ कर केंद्रीय विद्यालय का निर्माण करोड़ो रुपए की लागत से की जा रही है। उक्त कैम्पस से पूर्व में बने बिल्डिंग के सारा बेशकीमती लकड़ी व खिड़की दरवाजे व बाल विकास परियोजना में रखे लाखो का किताबें व परियोजना में लगाये गए किसानों के लिए टमाटर सोस मशीन के पार्ट पुर्जे व मशीन को तोड़ तोड़ कर धड़ल्ले से कबाड़ी में बेच दी गयी है।जबकि यह सामग्री विभाग की सम्पति है। किंतु कुछ पदाधिकारियों व सवेंदक के मिलीभगत से यह खेल जारी है। यदि इसको रिकवरी नहीं कि गयी तो करोड़ों सम्पति की चुना सरकार व विभाग को होना तय है। वहीं बिचौलिये मालामाल हो जाएंगे।
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