टीम एबीएन, हजारीबाग। जिले में विधि व्यवस्था को लेकर उपायुक्त आदित्य कुमार आनंद एवं पुलिस अधीक्षक मनोज रतन चौथे ने पुलिस सभी थाना प्रभारियों, प्रखंड और अंचलाधिकारियों के साथ बैठक की है। समाहरणालय सभागार में संयुक्त रूप से हुई इस बैठक में जिले में अपराधियों पर नकेल कैसे कसा जाए इस पर रणनीति बनाई गई। पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक के बाद उपायुक्त ने कहा कि विगत दो सालों से कोविड महामारी के कारण जिले में लॉ एण्ड आर्डर की नियमित बैठक नहीं हो सकी है। उन्होंने कहा कि छिट-पुट वारदातों से जिले के छवि धूमिल होती है। इसलिए यह जरूरी है कि अपराधियों पर नकेल कसी जाय। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के स्थिति पूर्व के मुकाबले अब सामान्य है। इसलिए पुलिस प्रशासन विधि व्यवस्था को लेकर नये सिरे से रणनीति के तहत कार्य करे। उन्होंने सीसीए प्रस्ताव के तहत नामित अपराधियों पर निगरानी रखते हुए ऐसे व्यक्तियों के गतिविधियों पर नियमित मॉनिटरिंग करने का निर्देश सभी थाना प्रभारियों को दिया। बैठक में उपायुक्त आदित्य कुमार आनंद ने आने वाले त्योहारों से संबंधित फीडबैक प्राप्त करते हुए पुलिसिया चौकसी बढ़ाने, नियमित निगरानी, सूचना तंत्र, वाहनों की चेकिंग, रोड सुरक्षा, संवेदनशील जगहों को चिन्हित करते हुए चौकसी बढ़ाने, सहित विधि व्यवस्था को लेकर प्रशासन की सतर्कता एवं सक्रियता को लेकर व्यापक निर्देश दिया। पुलिस कप्तान मनोज रतन चौथे ने कहा कि जिले में कई सक्रिय गैंग जेल में और कई बेल पर बाहर हैं। उनकी गतिविधियों पर पैनी नजर बनाये रखने की आवश्कयता है। पुलिस मुस्तैदी के साथ कार्य कर रही हैं हमें और सतर्क व चाक चौबंद रहने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि मादक पदार्थों की तस्करी में लिप्त लोगों के पकड़े जाने पर छः महीने की हवालात में रखने की कानूनी इजाजत मिली हुई है इसलिए इस ओर विशेष कार्य करें। उन्होंने इंटर स्टेट बार्डर क्षेत्रों पर गश्ती और निगरानी को सख्त करने की बात कही।