टीम एबीएन, जमशेदपुर। सेक्रेड हार्ट कान्वेंट स्कूल ने स्थापना के 78वें साल में प्रवेश कर लिया है। 22 जनवरी 1945 को पहली बार इस स्कूल में पढ़ाई शुरू हुई थी। इन 77 वर्षों में स्कूल शहर का गौरव बन गया है। इस स्कूल ने कई मेधावी छात्राएं देश को दिए, जो आज उच्च पदों पर रहकर देश की सेवा कर रही हैं। इस स्कूल की स्थापना के पीछे भी दिलचस्प कहानी है। जब टाटा आयरन एंड स्टील कंपनी की स्थापना हुई थी, तब यहां शिक्षा का कोई माहौल नहीं था। कंपनी के विस्तारीकरण के साथ शहर की आबादी भी बढ़ने लगी। तब टाटा कंपनी ने शिक्षा के क्षेत्र में विकास करना शुरू किया। कंपनी ने कर्मचारियों के बच्चों की शिक्षा के लिए एक के बाद एक कई स्कूल खोले। शिक्षा के विकास के लिए इसी क्रम में ईसाई धर्मावलंबियों ने एक स्कूल खोला, जिसका नाम सेक्रेड हर्ट कान्वेंट स्कूल रखा गया। सेक्रेड हार्ट कान्वेंट स्कूल एक क्रिश्चियन स्कूल है, जिसका गठन अपोस्टोलिक कारमेल सिस्टर्स के धर्म परिषद में कैथोलिक चर्च में किया गया तथा उन्हीं के द्वारा यह संचालित है। यह स्कूल जमशेदपुर के बिशप के धार्मिक क्षेत्राधिकार में है। 15 जनवरी 1945 को इस स्कूल का गठन हुआ और 22 जनवरी 1945 से इसमें पढ़ाई शुरू हो गई। इस स्कूल की शुरुआत 5 बेल्डीह ट्राइंगल से हुई तथा बाद में सीएनआर हॉल तथा दलमा विला में इसे चलाया जाने लगा। टाटा आयरन एंड स्टील कंपनी ने स्कूल को पार्क रोड नॉर्दन टाउन में जमीन दी तथा जनवरी 1951 में वहां भवन बनाया गया, जो वर्तमान स्कूल है। मार्च 1952 में माध्यमिक परीक्षा में इस स्कूल का पहला बैच शामिल हुआ। वर्तमान में स्कूल की प्रिंसिपल सिस्टर रश्मिता एसी वर्ष 2019 से स्कूल का संचालन कर रही हैं।