- धनबाद : फुलारीटांड़ में 15 घंटे बाद शुरू हुआ 7 पेंच व शताब्दी परियोजना का काम
- कांटा स्थापित करने के लिए 60 दिनों का आश्वासन, नियोजन-मुआवजे पर भी पहल जल्द ; रात साढ़े 10 बजे खत्म हुई वार्ता
एबीएन न्यूज नेटवर्क, धनबाद। जमीन के बदले नियोजन और मुआवजे की मांग को लेकर फुलारीटांड़ खटाल व आशा कोठी खटाल के रैयतों का आंदोलन शुक्रवार की रात प्रबंधन के आश्वासन के बाद समाप्त हो गया।करीब ढाई घंटे तक चली त्रिपक्षीय वार्ता रात साढ़े 10 बजे खत्म हुई।इसके बाद लगभग 15 घंटे से ठप संजय उद्योग आउटसोर्सिंग कंपनी के सेवन पेंच और बीसीसीएल की शताब्दी परियोजना में काम शुरू हुआ।
रैयतों ने शुक्रवार को जमीन के बदले नियोजन-मुआवजा और फुलारीटांड़ में लोकल सेल शुरू करने की मांग पर दोनों परियोजनाओं का काम ठप करा दिया था। इस दौरान प्रबंधन के खिलाफ प्रदर्शन और नारेबाजी की गयी।बरोरा क्षेत्रीय कार्यालय में हुई वार्ता के दौरान महाप्रबंधक के के सिंह ने कहा कि आशा कोठी में वन के पिट में कांटा आवंटित किया गया है।
सिविल कार्य की टेंडर और स्वीकृति प्रक्रिया पूरी होने के बाद 60 दिनों के भीतर कांटा स्थापित करने का काम पूरा किया जाएगा। आशा कोठी के रैयतों के नियोजन और मुआवजे मामलों के समाधान के लिए कार्रवाई जारी है और जल्द पहल की जाएगी. प्रबंधन के आश्वासन के बाद रैयतों ने आंदोलन समाप्त करने पर सहमति जतायी।इसके साथ ही दोनों परियोजनाओं में कामकाज बहाल हो गया।
वार्ता में एजीएम टीएस चौहान, विद्युत प्रबंधक अखिल उज्ज्वल, एपीएम राजशेखर, पीओ पी पांडेय, आरके सिंह और आउटसोर्सिंग अधिकारी गौरीशंकर प्रसाद समेत अन्य अधिकारी शामिल थे. आंदोलन में कारू यादव, जय प्रकाश यादव, राजीव यादव, विनोद ठाकुर, संजीव मोदक, मनु यादव, जीतू यादव, भोलू यादव, प्रदीप यादव और वीरेंद्र यादव समेत अन्य ग्रामीण शामिल थे।