एबीएन न्यूज नेटवर्क, लोहरदगा। प्रथम पूजनीय विघ्नहर्ता श्री गणेश जी के मंदिर श्री सिद्धि विनायक मंदिर के निर्माण हेतु मंदिर समिति लोहरदगा की एक बैठक लोहरदगा के गणपति नगर मंदिर स्थल के समीप श्री लालमोहन प्रसाद केशरी की अध्यक्षता में संपन्न हुई। इस बैठक में निर्णय लेते हुए सर्वप्रथम मंदिर निर्माण कार्य संपूर्ण करने हेतु एक श्री सिद्धि विनायक मंदिर संचालन समिति का गठन किया गया। 11 से अधिकतम 21 सदस्यों का चयन करना तय किया गया।
आज मंदिर निर्माण हेतु 11 संचालन समिति के सदस्यों का चयन किया गया। अतिरिक्त 10 सदस्यों को आगे की बैठक में जोड़ा जायेगा। इस समिति में लाल मोहन प्रसाद केशरी, दीपक साहू, मुरारी चौरसिया, चांदमल पोद्दार, लालू साहू, वार्ड पार्षद दिनेश पांडे, संदीप पोद्दार, कन्हैया राजगढ़िया, डॉ संतोष कुमार गुप्ता, मनीष राजगढ़िया, आशीष सिंह (पिंटू) शामिल हैं।
11 सदस्यों का चयन किया गया
मंदिर निर्माण हेतु दान प्राप्त करने के लिए एक रसीद बुक छपाने का निर्णय लेते हुए मंदिर के निर्माण कार्य का होने वाले आय व्यय का पूरा लेखा जोखा संचालन समिति के लालू साहू और मुरारी चौरसिया को चयन कर नियुक्त किया गया। श्री सिद्धि विनायक मंदिर निर्माण के हो रहे कार्यों के देख रेख हेतु निर्माण सहायक दीपक साहू और संदीप पोद्दार का चयन किया गया।
मंदिर निर्माण करने हेतु ओर कार्यों की देखरेख और विचार विमर्श हेतु मंदिर संचालन समिति की बैठक हर 15 से 21 दिन में सुविधा अनुसार रखना तय किया गया है। बैठक में बताया गया कि मंदिर निर्माण के भूमि पूजन से लेकर, जमीन दान के बाद जमीन की पीलिंथ से लेकर अभी तक आज 22 सितंबर 26 तक का जो मंदिर निर्माण कार्य में खर्च आदि हुए हैं।
जो सामग्री अभी तक स्थल में रखी है वो जमीन दाता परिवार के परिवारिक सदस्यों ने अपने इच्छा और सहयोग से निर्माण कार्य में सहयोग किया है इसका आगे कोई बकाया या लेन देन नहीं रहेगा। मंदिर के जमीन दानदाता परिवार ने बताया कि मंदिर निर्माण हेतु पूर्व में ही बैंक अकाउंट खोलने की पूरी प्रकिया की जा चुकी है, जो जल्द ही रजिस्टर्ड होकर मंदिर का पेन कार्ड आदि के साथ विधिवत बैंक खाता खुल जायेगा जो मंदिर निर्माण कार्य से संबंधित होगा।
कल 23 सितंबर से आगे जो भी कार्य होगा मंदिर संचालन समिति के माध्यम से होगा, उसमें भी और जरूरत अनुसार पूर्णत: सहयोग किया जायेगा। मंदिर स्थल पर मंदिर के परिसर में निकाली गयी दुकान मंदिर संचालन समिति लोहरदगा के अंतर्गत कर दिया गया है, जिसका किराया आदि जो मिलेगा वो मंदिर के रख रखाव पूजन में लगेगा। अंत में मंदिर संचालन समिति लोहरदगा की बैठक को चांदमल पोद्दार ने आये हुए सभी लोगों को धन्यवाद देकर बैठक समाप्ति की घोषणा की।