छात्र आंदोलन पर झामुमो का पलटवार
टीम एबीएन, रांची। छात्र आंदोलन और शुक्रवार देर शाम पुतला दहन के दौरान हुए विवाद को लेकर झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) ने अपना पक्ष रखा है। शनिवार को पार्टी कार्यालय में झामुमो के वरिष्ठ नेता सह पूर्व मंत्री मिथिलेश ठाकुर और विधायक अनंत प्रताप देव ने संयुक्त रूप से प्रेस कॉन्फ्रेंस की।
पूर्व मंत्री मिथिलेश ठाकुर ने कहा कि छात्रों का आंदोलन 26 दिनों तक चला और इस दौरान झामुमो ने आंदोलन को पूरा नैतिक समर्थन दिया। उन्होंने कहा कि राज्य गठन के बाद से ही नियुक्तियों में अनियमितता के आरोप लगते रहे हैं। जेपीएससी की शुरुआती परीक्षाओं में भी अनियमितताओं को लेकर जांच और सीबीआई जांच की अनुशंसा हुई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा शासनकाल में भी जेपीएससी में नियुक्ति घोटाले हुए हैं।
मिथिलेश ठाकुर ने कहा कि इस बार मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने छात्रों की मांगों को प्राथमिकता देते हुए सीआईडी जांच की अनुशंसा की और टीडीपीएल द्वारा आयोजित परीक्षाओं को रद्द करने का निर्णय लिया। लेकिन भाजपा को सरकार का यह कदम रास नहीं आया और उसने छात्रों के आंदोलन की आड़ में राजनीति शुरू कर दी।
उन्होंने आरोप लगाया कि आंदोलन समाप्त होने के बाद भाजपा नेताओं ने छात्रों को उकसाने का काम किया। हाईकोर्ट में सरकार की ओर से वकील नहीं भेजे जाने की बात कहकर छात्रों के बीच भ्रम फैलाया गया, जबकि सरकार की ओर से कई वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने अदालत में अपना पक्ष रखा था।