- जेपीएससी-जेएसएससी विवाद पर सांसद सुखदेव भगत का भाजपा पर तीखा हमला
- परीक्षा का कोई पेपर लीक नहीं हुआ था, केवल ओएमआर शीट से जुड़ी कुछ तकनीकी त्रुटियां सामने आयी, जिस पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने तत्काल संज्ञान लिया
एबीएन सेंट्रल डेस्क (नई दिल्ली/लोहरदगा)। लोहरदगा लोकसभा क्षेत्र के सांसद सुखदेव भगत ने जेपीएससी और जेएसएससी परीक्षाओं को लेकर चल रहे विवाद पर भारतीय जनता पार्टी के आरोपों का कड़ा जवाब दिया है। उन्होंने कहा कि भाजपा के नेता बिना तथ्य जाने सरकार और कांग्रेस पर निराधार आरोप लगा रहे हैं।
छात्रों के भविष्य जैसे संवेदनशील मुद्दे पर राजनीति करना उचित नहीं है। सांसद सुखदेव भगत ने कहा कि परीक्षा का कोई पेपर लीक नहीं हुआ था। केवल ओएमआर शीट से जुड़ी कुछ तकनीकी त्रुटियां सामने आयी थीं, जिन्हें भाजपा जान-बूझकर पेपर लीक का मामला बताकर छात्रों को गुमराह करने का प्रयास कर रही है।
उन्होंने कहा कि मामला सामने आते ही मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने तत्काल संज्ञान लिया। आयोग के अध्यक्ष ने नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए अपने पद से इस्तीफा दिया और पूरे मामले की जांच सीआईडी को सौंप दी गयी। अब तक 11 लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है और दोषियों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई जारी है।
सांसद ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन एक संवेदनशील नेता हैं और छात्रों की चिंताओं को गंभीरता से लेते हैं। उन्होंने सरकार से आग्रह किया कि छात्र प्रतिनिधिमंडल के साथ सीधा संवाद स्थापित कर उनकी समस्याओं का समाधान किया जाये। साथ ही विशेषज्ञों की मदद से परीक्षा और भर्ती व्यवस्था में व्यापक सुधार किये जायें, ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा उत्पन्न न हो।
सुखदेव भगत ने कहा कि छात्रों का भविष्य सर्वोपरि है। परीक्षा प्रणाली पूरी तरह पारदर्शी, जवाबदेह और विश्वसनीय होनी चाहिए, ताकि युवाओं का भरोसा कायम रहे। उन्होंने भाजपा से भी अपील की कि वह छात्रों के मुद्दे पर राजनीति करने के बजाय सकारात्मक सहयोग करे।