टीम एबीएन, रांची। बिरसा मुंडा जयंती एवं झारखंड स्थापना दिवस पर सक्षम झारखंड द्वारा न्यू मोशन व्हील चेयर परीक्षण शिविर का सफल आयोजन झारखंड की पवित्र धरती पर भगवान बिरसा मुंडा की जयंती तथा झारखंड स्थापना दिवस के ऐतिहासिक अवसर पर सक्षम झारखंड द्वारा न्यू मोशन व्हीलचेयर परीक्षण शिविर का भव्य एवं सफल आयोजन किया गया।
यह आयोजन दिव्यांगजन सशक्तिकरण, समानता और आत्मनिर्भरता के मूल मंत्र को समर्पित था। कार्यक्रम का संचालन सक्षम झारखंड प्रांत के कला समन्वयक डॉ. दीपक प्रसाद ने गरिमामयी और आत्मीय शैली में किया। प्रारंभ में भगवान बिरसा मुंडा के संघर्ष, त्याग और जनजातीय अस्मिता के प्रति उनके अमर योगदान को स्मरण किया गया।
केंद्रीय समिति के प्रतिनिधि एवं मध्य भारत प्रांत सक्षम के समन्वयक रविंद्र कांपगांकर एवं इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डॉ एचपी नारायण, जो भारत के ख्याति न्यूरो चिकित्सक एवं वनवासी कल्याण केंद्र के राष्ट्रीय अध्यक्ष उपस्थित रहे। सक्षम झारखंड प्रांत अध्यक्ष अजीत कुमार, सचिव प्रमोद कुमार झा, कार्यक्रम संयोजक अनिल कुमार लाल उपस्थित रहे। सभी अतिथियों का सम्मान श्यामा तुलसी पौधा प्रदान कर किया गया।
इसके उपरांत दीप प्रज्ज्वलन कर भारत माता, अष्टावक्र और सूरदास जी के कर-कमलों में पुष्प अर्पित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। जिसके साथ वंदे मातरम् की मंगल धुन ने वातावरण को ऊजार्वान बना दिया। कार्यक्रम के दौरान सक्षम झारखंड की विचारधारा सामर्थ्य, स्वावलंबन और सम्मान को विस्तारपूर्वक रखा गया। संगठन के सचिव प्रमोद कुमार झा ने संगठन की दिशा और गतिविधियों पर प्रकाश डालते हुए दिव्यांगजन सशक्तिकरण हेतु चल रही योजनाओं की जानकारी दी।
प्रांत अध्यक्ष अजीत कुमार ने अपने प्रेरक संबोधन में कहा कि समाज तभी समरस बनता है जब हर व्यक्ति को समान अवसर मिले और दिव्यांगजन राष्ट्र निर्माण की शक्तिशाली धुरी बनकर उभरें। संयोजक श्री अनिल कुमार लाल ने स्वागत वक्तव्य प्रस्तुत किया तथा कार्यक्रम की रूपरेखा बतायी। मौके पर ई-मोनेटाइजेशन टीम के सदस्य अविनाश कुमार राजपूत द्वारा मोनेटाइजेशन संबंधी कार्य भी प्रारंभ किया गया।
इस अभिनव पहल के अंतर्गत दिव्यांग कैंडिडेट्स को आधुनिक न्यू मोशन व्हीलचेयर के संचालन, देखभाल और दैनिक उपयोग के बारे में व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। शिविर में लगभग 70 दिव्यांग प्रतिभागियों ने पंजीकरण कराया और उनका सफलतापूर्वक परीक्षण किया गया। प्रतिभागियों ने इस पहल को अत्यधिक उपयोगी और जीवन परिवर्तक बताया।
सक्षम परिवार के सदस्यों द्वारा प्रस्तुत प्रेरक कार्यक्रमों ने यह संदेश दिया कि शरीर सीमित हो सकता है, पर आत्मा की क्षमता असीमित है। कार्यक्रम के अंत में सक्षम की ओर से सभी अतिथियों, सहयोगियों और प्रतिभागियों का हृदय से धन्यवाद ज्ञापित किया गया। उक्त जानकारी सक्षम झारखंड के डॉ दीपक प्रसाद (8935984266) ने दी।
सक्षम झारखंड ने अजीत कुमार, प्रमोद कुमार झा, अनिल कुमार लाल, विशाल कुमार, संतोष कुमार जायसवाल, डॉ अनुराधा वात्स, सीमा जयसवाल, मुक्ताजी, रीमा साहू, विद्या प्रसाद, बीना शर्मा, श्रवण कुमार, टुकेश्वर, दीपशिखा के स्वयंसेवक तथा सभी दिव्यांगजन भाई-बहनों का आभार व्यक्त किया, जिनकी उपस्थिति ने आयोजन को सार्थक बनाया। कार्यक्रम का समापन इन प्रेरक पंक्तियों के साथ हुआ, जो उम्मीद से चलते हैं वो थक कर रूकते नहीं, जिनकी रगों में जज्बा हो कुछ कर दिखाने का, उन्हें कोई मंजिल रोक सकती नहीं। सक्षम झारखंड ने संकल्प लिया कि समाज के प्रत्येक दिव्यांगजन को आत्मनिर्भर, समर्थ और सम्मानपूर्ण जीवन प्रदान करने की दिशा में उसका प्रयास सतत जारी रहेगा।