- लापरवाही पर उपायुक्त दिखे सख्त, तो पति के इलाज के लिए परेशान महिला के मामले में संवेदनशीलता के साथ दिये निर्देश
- एलआरडीसी कोर्ट के आदेश के बावजूद म्यूटेशन नहीं करने पर रातू सीओ रवि कुमार को शोकॉज
- कांके अंचल में अस्वीकृत म्यूटेशन के मामले में अपर समाहर्त्ता, रांची को जांच कर रिपोर्ट देने का निर्देश
- ईटकी अंचल में एक डीड पर दो जमाबंदी करने के मामले में भी जांच के आदेश, सहायक बंदोबस्त पदाधिकारी करेंगे जांच
- अनगड़ा में म्यूटेशन के लिए आवदेक को परेशान करनेवाले कर्मचारी को शो-कॉज
टीम एबीएन, रांची। पर्व-त्यौहारों के बाद जनता दरबार में जहां फरियादियों की भीड़ नजर आयी, तो वहीं उपायुक्त रांची मंजूनाथ भजंत्री पदाधिकारियों/कर्मचारियों की लापरवाही पर सख्त भी नजर आये। अंचल अधिकारी से लेकर कर्मचारियों को शोकॉज करने को कहा गया तो कई मामलों में जांच के आदेश भी दिये गये।
आम जनता की समस्याओं के त्वरित और पारदर्शी समाधान के उद्देश्य से आयोजित जनता दरबार में जिले के विभिन्न प्रखंडों एवं अंचलों से बड़ी संख्या में फरियादी अपनी समस्याओं के समाधान हेतु उपस्थित हुए।
सुजाता सेन अपने कैंसर पीड़ित पति के इलाज के परेशान थी, कुछ दिन पहले उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री के पहल पर ही उनका राशन कार्ड बनवाया गया और फिर आयुष्मान कार्ड ताकि राधानाथ मालाकार का इलाज हो सके। सुजाता सेन ने जनता दरबार में बताया कि अस्पताल द्वारा बताया गया है कि आगे का इलाज आयुष्मान कार्ड से संभव नहीं है। उपायुक्त ने फौरन सिविल सर्जन से बात की और मुख्यमंत्री गंभीर असाध्य रोग योजना के तहत राधानाथ के इलाज की प्रक्रिया शुरू करने का निर्देश दिया। दस्तावेज संबंधी प्रक्रिया में कहीं बाधा न आये इसे लेकर शहर अंचलअधिकारी को भी निदेशित किया गया।
एलआरडीसी कोर्ट के आदेश के बावजूद म्यूटेशन नहीं करने पर सीओ रातू को शोकॉज
जनता दरबार में संजय गुप्ता ने बताया कि उपसमाहर्त्ता भूमि सुधार, सदर न्यायालय के आदेश के बावजूद उनका म्यूटेशन नहीं किया जा रहा है। यह आदेश 20.12.2024 को दिया गया था। उपायुक्त श्री भजंत्री ने दस्तावेजों का अवलोकन करने के बाद रातू अंचल अधिकारी रवि कुमार को शोकॉज करने के निर्देश दिये।
कांके अंचल में दाखिल-खारिज किया गया अस्वीकृत, अपर समाहर्त्ता को जांच कर रिपोर्ट देने का निर्देश
कांके अंचल के सतीनाथ महतो ने अपनी खरीदी गयी 31 डिसिमल जमीन के लिए दाखिल-खारिज हेतु आवेदन दिया था। 21.05.2025 के उनके आवेदन को 31.10.2025 को खारिज कर दिया गया। उपायुक्त ने इस मामले में अपर समाहर्त्ता को जांच कर रिपोर्ट देने का निर्देश दिया।
म्यूटेशन के लिए आवदेक को परेशान करनेवाले कर्मचारी को शो-कॉज
अनगड़ा अंचल में मनेश महतो द्वारा अपनी जमीन के दाखिल-खारिज के लिए आवेदन दिया गया था। उन्होंने जनता दरबार में बताया कि अंचल के कर्मचारी द्वारा उन्हें बेवजह परेशान किया जा रहा है, और म्यूटेशन को टाला जा रहा है। बेवजह आवेदक को परेशान करने की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए उपायुक्त द्वारा कर्मचारी को शोकॉज करने का निर्देश दिया गया।
एक डीड पर दो जमाबंदी, एएसओ को जांच करने का निर्देश
जनता दरबार में ईटकी अंचल में एक डीड पर दो जमाबंदी करने के मामले में भी उपायुक्त ने जांच के आदेश दिये। उन्होंने सहायक सहायक बंदोबस्त पदाधिकारी का जांच कर प्रतिवेदन उपलब्ध कराने को कहा। मामला ईटकी अंचल के हल्का-3 के बारीडीह मौजा से संबंधित है।
आनलाइन माध्यम से जनता दरबार से जुड़े थे अंचल अधिकारी
राजस्व से संबंधित मामलों के निष्पादन को और अधिक प्रभावी बनाने हेतु उपायुक्त ने सभी अंचल अधिकारियों को आॅनलाइन माध्यम से जनता दरबार से जोड़ा गया, ताकि जमीन से जुड़े विवादों, नामांतरण, म्यूटेशन, जमाबंदी सुधार आदि से संबंधित मामलों का तुरंत निस्तारण किया जा सके या अद्यतन जानकारी प्राप्त की जा सके।
जनता दरबार का मुख्य उद्देश्य आम नागरिकों की समस्याओं को सीधे सुना जाना और त्वरित समाधान सुनिश्चित करना : उपायुक्त
उपायुक्त ने कहा कि जनता दरबार का मुख्य उद्देश्य आम नागरिकों की समस्याओं को सीधे सुना जाना और त्वरित समाधान सुनिश्चित करना है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया कि जनता दरबार में प्राप्त प्रत्येक आवेदन का समयबद्ध निष्पादन एवं रिपोर्टिंग सुनिश्चित करें, ताकि लोगों को बार-बार कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।
जनता दरबार में राजस्व, सामाजिक सुरक्षा, पेंशन, भूमि विवाद, आवास, परिसंपत्ति हस्तांतरण, मनरेगा भुगतान, और प्रमाण पत्र निर्गमन से संबंधित कई मामलों को सुना गया। उपायुक्त ने उपस्थित फरियादियों की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभागीय पदाधिकारियों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिये।