एबीएन सेन्ट्रल डेस्क। देश के पहले शिक्षा मंत्री मौलाना अबुल कलाम आजाद द्वारा स्थापित अंजुमन इस्लामिया, रांची का विवादों से पुराना नाता रहा है।
चुनावी बिगुल बज चुका है। 16 नवंबर को चुनाव प्रस्तावित है, लेकिन निवर्तमान अध्यक्ष ने मुख्य चुनाव संयोजक की नियुक्ति को ही अवैध घोषित कर दिया।
इधर, मुस्लिम समाज में चुनावी सरगर्मी बढ़ने लगी है। खेमेबाजी और समर्थन टटोलने का दौर शुरू हो चुका है। इस बार कई नये चेहरे चुनावी मैदान में ताल ठोंकने को तैयार हैं।