आजसू छात्रसंघ का आक्रोश : हेमंत सरकार का पुतला दहन
टीम एबीएन, रांची। विश्वविद्यालय विधेयक 2025 के विरोध में आजसू छात्रसंघ ने आज रांची में आक्रोश रैली निकाली। यह रैली रांची विश्वविद्यालय से फिरायालाल चौक पहुंची, जहां हेमंत सरकार का पुतला दहन कर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया गया। झारखंड विधानसभा में पारित राज्य विश्वविद्यालय विधेयक 2025 पूरी तरह असंवैधानिक और अलोकतांत्रिक है। इस विधेयक के माध्यम से विश्वविद्यालयों में कुलपति एवं अन्य पदों की नियुक्ति का अधिकार राज्यपाल से छीनकर सरकार को देना संविधान और संघीय ढांचे पर सीधा प्रहार है।
आजसू का मानना है कि हेमंत सरकार विश्वविद्यालयों को राजनीतिक नियंत्रण में लाना चाहती है। यह वही सरकार है जो जेपीएससी, जेएसएससी और जैक जैसी संस्थाओं को पारदर्शी ढंग से नहीं चला पायी, जहां लगातार पेपर लीक और भ्रष्टाचार सामने आते रहे हैं। ऐसे में विश्वविद्यालयों की स्वायत्तता सरकार को सौंपना शिक्षा जगत के साथ विश्वासघात है।
सबसे दुर्भाग्यपूर्ण यह है कि विधेयक में छात्र संघ चुनाव को खत्म कर चयन की व्यवस्था थोपने की साजिश की गयी है। यह कदम छात्रों के मौलिक अधिकारों और लोकतंत्र का गला घोंटने जैसा है। विश्वविद्यालय परिसर से ही भविष्य के नेता और जनप्रतिनिधि निकलते हैं, जिन्हें दबाने का काम सरकार कर रही है। आजसू छात्रसंघ से जुड़े युवाओं ने भी सरकार पर जोरदार हमला बोला।
ओम वर्मा (अध्यक्ष, छात्र संघ) ने कहा कि हेमंत सरकार लिंगदोह कमेटी की अनुशंसा और सुप्रीम कोर्ट के आदेश की खुली अवहेलना कर रही है। अगर सरकार ने इस पर तुरंत रोक नहीं लगायी तो आजसू छात्रसंघ सड़क से लेकर अदालत तक आंदोलन करेगी।
ऋतुराज शाहदेव (वरीय उपाध्यक्ष छात्रसंघ) ने कहा कि इस काले विधेयक का समर्थन करने वाले विधायकों को आजसू छात्रसंघ जनता के बीच बेनकाब करेगी। हर विधायक का पीत पत्र जारी कर छात्रों को बताया जायेगा कि किसने लोकतंत्र का सौदा किया।
राजेश सिंह संयोजक, छात्रसंघ) ने कहा कि विश्वविद्यालयों को राजनीतिक अड्डा बनाने की कोशिश बर्दाश्त नहीं होगी। आजसू छात्रसंघ राज्यपाल से लेकर न्यायालय तक हर दरवाजा खटखटायेगी और हेमंत सरकार की तानाशाही को उजागर करेगी।
सक्षम झा (छात्रसंघ) ने कहा कि यह विधेयक सीधे तौर पर छात्रों की आकांक्षाओं और उनके भविष्य पर हमला है। छात्र संघ चुनाव युवाओं की राजनीतिक चेतना और नेतृत्व क्षमता विकसित करने का सबसे बड़ा मंच है। अगर सरकार ने इसे खत्म करने की जिद ठानी तो आजसू छात्रसंघ राज्यव्यापी आंदोलन खड़ा करेगी और इसे वापस लेने के लिए मजबूर करेगी। आजसू स्पष्ट करती है कि छात्र संघ चुनाव और विश्वविद्यालयों की स्वायत्तता पर किसी भी प्रकार का प्रहार सहन नहीं किया जायेगा।
आज के इस पुतला दहन कार्यक्रम में प्रदेश अध्यक्ष ओम वर्मा, ऋतुराज शाहदेव, प्रदेश वरीय उपाध्यक्ष, प्रताप सिंह, राजेश सिंह, अमन साहू, सौरभ यादव, संदीप, प्रशांत महतो, शिवम कुमार, अमर, रवि रोशन, पीयूष सिंह, ऋतिक, रोशन नायक, ऋषभ इत्यादि लोग उपस्थित थे। उक्त जानकारी अखिल झारखंड छात्र संघ (आजसू) के प्रदेश अध्यक्ष ओम वर्मा ने दी।