एबीएन न्यूज नेटवर्क, लोहरदगा। खान एवं खनिज (विकास एवं विनियम) संशोधन विधेयक 2025 के संदर्भ में लोहरदगा लोकसभा के माननीय सांसद सह कोयला खान, इस्पात संबंधी स्थायी समिति के सदस्य सुखदेव भगत देव भगत ने कहा कि इस विधेयक के माध्यम से प्रकृति के साथ पारिस्थितिक संतुलन नहीं बनाए रखा जायेगा।
स्थानीय समुदायों विशेषकर आदिवासियों के अधिकारों का हनन हो रहा है। यह सरकार (केंद्र) प्रकृति के साथ खिलवाड़ करना चाहती है । इसका ध्यान मुनाफे पर ज्यादा है और वह कॉरपोरेट सेक्टर से ज्यादा से ज्यादा फायदा पहुंचाना चाहती है। स्थायी समिति में हमने लगातार जैव विविधता और हरित खनन पर ज्यादा ध्यान देने की जरूरत पर जोर दिया है।
विडम्बना यह है कि भारत में जहां भी आदिवासी समुदाय है, वहां खनन कीकाफी गुंजाइश है। लेकिन वहां रहने वाले आदिवासियों की सुरक्षा होनी चाहिए, उन्हें विस्थापित नहीं किया जाना चाहिए। हम अनुशंसा करते हैं कि गहन अध्ययन के बाद आगे कीकार्रवाई की जाए।