टीम एबीएन, रांची। आज दिनांक 18 जुलाई 2025 को आजसू छात्र संघ के प्रदेश समिति का एक प्रतिनिधि मंडल प्रदेश अध्यक्ष ओम वर्मा के नेतृत्व मैं मांडू के विधायक निर्मल महतो उर्फ तिवारी महतो से मिलकर ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से आजसू छात्र संघ की और से विश्वविद्यालय में क्षेत्रीय एवं जनजाति भाषा की बीएड तथा स्नातकोत्तर (पीजी) स्तरीय पढ़ाई प्रारंभ कराने को लेकर मांगपत्र सौंपा।
प्रदेश अध्यक्ष ओम वर्मा ने कहा कि विश्वविद्यालय में क्षेत्रीय एवं जनजाति भाषाओ की स्नातकोत्तर (पीजी) स्तरीय की पढ़ाई न होना झारखंड के मूलवासी/ आदिवासियों के लिए सांस्कृतिक क्षति है। झारखंड के सांस्कृतिक धरोहर को बचाने के लिए क्षेत्रीय एवं जनजाति भाषओं की उच्चतम स्नातकोत्तर स्तरीय की पढ़ाई होनी चाहिए।
कार्यकारी अध्यक्ष बबलू महतो ने कहा कि विश्वविद्यालय के कुछ अंगीभूत महाविद्यालयों में क्षेत्रीय भाषाओं की स्नातक स्तरीय पढ़ाई होती आ रही है किंतु वे सभी स्नातकोत्तर स्तरीय पढ़ाई से वंचित हो जा रहे हैं, जिसकी संख्या हजारों में है।
आगे प्रदेश महासचिव विशाल महतो ने कहा कि क्षेत्रीय एवं जनजातीय भाषओं की बीएड तथा स्नातकोत्तर स्तरीय की पढ़ाई चालू कराने को लेकर आजसू छात्र संघ बहुत जल्द ही महामहिम राज्यपाल से मिलकर ज्ञापन सौंपेगा। उसके बाद आगामी रणनीति तय कर चरणबद्ध आंदोलन करेगा।
आजसू छात्र संघ के पदाधिकारियों ने आजसू पार्टी के मांडू विधायक निर्मल महतो से इस मामले पर विस्तृत चर्चा होने के पश्चात उन्होंने आगामी विधानसभा सत्र में आवाज उठाने का आश्वासन दिया।
ज्ञापन सौंपने में प्रदेश अध्यक्ष ओम वर्मा, कार्यकारी अध्यक्ष बबलू महतो, महासचिव विशाल महतो, ज्योत्सना केरकेट्टा, सुदामा महतो, सौरभ शर्मा, ऋतुराज शाहदेव, नितेश महतो आदि मौजूद थे। उक्त जानकारी अखिल झारखंड छात्र संघ (आजसू) के प्रदेश अध्यक्ष ओम वर्मा ने दी।