धनबाद नगर निगम कार्यालय में हो रहे भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने की मांग
मुख्य सचिव झारखंड सरकार को लिखा पत्र
एबीएन न्यूज नेटवर्क, धनबाद/ रांची। अखिल भारतीय पिछड़ा वर्ग संघ के जिलाध्यक्ष रत्नेश कुमार ने मुख्य सचिव झारखंड सरकार को पत्र लिखा है। जिसमें उन्होंने कहा है कि धनबाद नगर निगम कार्यालय में हो रहे भ्रष्टाचार पर ध्यान दिया जाये। उनका कहना है कि नगर आयुक्त की मेहरबानी से आज भी पुराने जेई जमे हुए हैं। जबकि पुराने जेई को कांटेक्ट बेसिस पर रखा गया है।
नया सरकारी जेई आ चुके हैं नगर निगम कार्यालय में। जो-जो नया जेई आये हैं, जिस-जिस विभाग से उन सभी जेई को उस विभाग का प्रभार नहीं दिया गया है। और नगर आयुक्त अपने कुछ पुराने जेई को कांटेक्ट बेसिस पर रख कर काम करवा रहे हैं। जबकि प्राइवेट कॉन्टैक्ट पर जो काम कर रहे हैं पुराने जेई आज लगभग कितने सालों से जमे हुए हैं।
आखिर बड़ी-बड़ी योजना की जांच का जिम्मा प्राइवेट जेई को नहीं है। क्योंकि सरकारी जेई का यह दायित्व बनता है, पर इन लोग से अभी भी काम लिया जा रहा है। जो सरकारी जेई है अभी भी उनको कोई भी क्षेत्र की जांच करने का जिम्मा नहीं दिया जाता है। जबकि नगर आयुक्त को प्राइवेट जेई को आखिर क्यों कार्यालय में रखे हुए हैं। इनसे नगर आयुक्त को क्या लाभ मिल रहा है? उन्होंने मामले की जांच कर कार्रवाई की मांग की है।