कोल्हान की चुनावी रणभूमि
- 2024 में आधा दर्जन सीटों के लिए होगी टाइगर की चुनौती
टीम एबीएन, जमशेदपुर/ रांची। कोल्हान में विधानसभा की 14 सीटें हैं। पिछले विधानसभा चुनाव (2019) में कई सीटों पर बहुकोणीय मुकाबला हुआ था। इस बार कुछ सीटों पर प्रत्याशी बदल गये हैं। पिछले चुनाव में झामुमो के बहरागोड़ा प्रत्याशी ने सबसे अधिक मतों से जीत हासिल की थी।
उन्होंने भाजपा के कुणाल षाड़ंगी को 60 हजार से अधिक वोटों से हराया था। इस बार भाजपा ने वहां से डॉ दिनेशानंद गोस्वामी को उम्मीदवार बनाया है, जबकि कुणाल झामुमो में शामिल हो गये हैं। झामुमो ने पिछले चुनाव में जीतने वाले समीर मोहंती पर भरोसा जताया है।
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार पिछले चुनाव में जुगसलाई सीट पर त्रिकोणीय मुकाबला था, लेकिन इस बार यह सीट आजसू के पास है। यहां रामचंद्र सहिस को प्रत्याशी बनाया गया है। जमशेदपुर पूर्वी सीट पर पिछले चुनाव में मुख्यमंत्री रघुवर दास और सरयू राय के बीच काफी रोचक मुकाबला हुआ था, जिसमें सरयू राय ने रघुवर दास को 15,000 से अधिक वोटों के अंतर से हराया था।
इस बार भाजपा ने रघुवर दास की बहू पूर्णिमा दास साहू को टिकट दिया है, जबकि कांग्रेस ने पूर्व सांसद और आईपीएस डॉ अजय कुमार को मैदान में उतारा है। जमशेदपुर पश्चिम सीट पर जदयू और भाजपा के बीच गठबंधन हुआ है। यहां के विधायक सरयू राय फिर से चुनाव लड़ रहे हैं।
उनका मुकाबला वर्तमान मंत्री बन्ना गुप्ता से होगा, जिन्हें कांग्रेस ने प्रत्याशी बनाया है। चाईबासा सीट पर भाजपा और झामुमो के बीच सीधा मुकाबला होने की संभावना है। मझगांव सीट पर हार-जीत का अंतर 47,000 से अधिक था। जगन्नाथपुर सीट से पिछले चुनाव में कांग्रेस करीब 11,000 मतों के अंतर से जीती थी।
इस बार भाजपा ने यहां से पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा की पत्नी गीता कोड़ा को प्रत्याशी बनाया है। मनोहरपुर सीट पर जोबा मांझी के बेटे को झामुमो ने मैदान में उतारा है, जहां हार-जीत का अंतर करीब 16,000 था। चक्रधरपुर विधानसभा सीट पर पिछले चुनाव में हार-जीत का अंतर करीब 12,000 का था।
भाजपा के लक्ष्मण गिलुआ का निधन हो गया है, जबकि झाविमो के शशिभूषण समड को भाजपा ने अपना प्रत्याशी बनाया है। झामुमो ने सुखराम उरांव को अपना प्रत्याशी बनाया है। खरसावां सीट से 2019 के चुनाव में झामुमो के दशरथ गागरई ने जीत हासिल की थी। उन्होंने भाजपा के जवाहर लाल बानरा को हराया था।
ईचागढ़ में पिछले चुनाव में चार प्रत्याशियों के बीच मुकाबला था। झामुमो की सबिता महतो ने 57,000 से अधिक मतों से जीत हासिल की थी। आजसू के हरेलाल महतो को 38,836 भाजपा के साधुचरण महतो को 38,475 वोट मिले थे। निर्दलीय प्रत्याशी अरबिंद कुमार सिंह को 32,204 वोट मिले थे। आजसू ने हरेलाल महतो को फिर से प्रत्याशी बनाया है।