टीम एबीएन, रांची। बिरसा समाधि स्थल के सामने लालपुर थाना क्षेत्र डिस्टलरी पुल के पास स्थित रिवरसाइड कॉलोनी में रहने वाले हजारों लोग पिछले 20 दिनों से पेयजल आपूर्ति की सुविधा से पूर्णत: वंचित हैं। एक ओर जहां मोदी सरकार घर-घर तक नाल पहुंचने की बात करते हैं।
वहीं दूसरी ओर घरों में नल होने के बावजूद इस भीषण गर्मी में पिछले 20 दिनों से रिवरसाइड कॉलोनी के लोग 1000 या एक बाल्टी पानी के लिए दूसरे दूर-दूर मोहल्ले में दौड़ लगाने को विवश हैं। इस मोहल्ले में कुछ लोगों के घर में बोरिंग है लेकिन उसमें भी पानी नहीं एक छोटा सा कुआं है।
यह कुआं भी इस रिवर साइड कॉलोनी के डेढ़ सौ घरों में रहने वाले हजारों की आबादी को पानी मुहैया कराने में अक्षम है। रात दिन लोग इसी कुएं में पानी खींचते नजर आते हैं। जल की समस्या को दूर करने के लिए रिवरसाइड कॉलोनी की महिलाएं बच्चे और पुरुष स्कूटी में साइकिल में जार या बाल्टी लेकर दूसरे मोहल्लों से पानी लाने को विवश हैं।
पानी की किल्लत से ग्रस्त रिवरसाइड कॉलोनी के लोगों ने बरियातू बूटी स्थित पीएचईडी कार्यालय में जाकर अधिकारियों से मुलाकात की तथा स्थानीय लोगों के जल संकट की समस्या से समस्या से अवगत लगाते हुए उसके निदान की गुहार लगायी। बदले में अधिकारियों ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वासन दिया कि जल्द ही उनकी समस्याओं का निदान कर दिया जायेगा। लेकिन आज तक इस दिशा में कोई कार्रवाई नहीं हुई।
मंगलवार को रिवरसाइड कॉलोनी के स्थानीय लोगों से का पांच सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल (राजेंद्र कुमार राणा, कल्लू लाहा, पिंटू राणा, हरेंद्र दुबे, सुनील साव) पुन: बरियातू बूटी स्थित पीएचईडी कार्यालय जाकर समस्याओं के निदान की गुहार लगायी। इस पर अधिकारियों ने प्रतिनिधिमंडल को भरोसा दिया कि वह आज ही संबंधित कार्यकर्ताओं को भेज कर उनकी समस्याओं का निदान कर देंगे।