कोडरमा। भारत की जनवादी नौजवान सभा (डीवाईएफआई) की बैठक महावीर मुहल्ला में जिलाध्यक्ष परमेश्वर यादव की अध्यक्षता में हुई। बैठक में जिला सचिव सुरेंद्र राम ने जिला मे युवाओं की स्थिति और संगठन को मजबूत करने संबन्धी रिपोर्ट पेश किया जिसे बाद में सर्वसम्मति से पारित किया गया। बैठक में उपस्थित डीवाईएफआई के राज्य सचिव संजय पासवान ने कहा कि केन्द्र की भाजपानीत मोदी सरकार के द्वारा देश की नवरत्न कंपनियों बैंक, बीमा, रेलवे, कोयला, स्टील, पेट्रोलियम, हवाई अड्डा आदि को निजीकरण के नाम पर बेच रही है और देश को अडानी अम्बानी जैसे पूंजीपतियों के हांथों में गिरवी रखने की साजिश कर रही है, जिसके कारण सरकारी नौकरी खत्म हो रही है। मोदी सरकार ने वादा किया था कि हर साल दो करोड़ युवाओं को रोजगार देंगे, लेकिन आज करोड़ों युवा बेरोजगारी का दंश झेल रहा है। यहां तक कि डीप्रेशन के कारण आत्महत्या तक कर रहे हैं। वहीं झारखंड की हेमन्त सरकार भी युवाओं को भ्रम में रख रही है, विभिन्न विभागों की योजना कर्मियों सहिया, पोषण सखी, जल सहिया आदि को आठ महीने से मानदेय नहीं मिल रहा है। इसलिए रोजगार के सवाल पर और निजीकरण के खिलाफ युवाओं को आगे आना होगा। बैठक में एक हजार युवा युवतियों को डीवाईएफआई का सदस्य बनाने, 10 फरवरी तक यूनिट व अंचल सम्मेलन करने तथा 13 फरवरी को कोडरमा में डीवाईएफआई का जिला सम्मेलन करने का निर्णय लिया गया। बैठक में जिलाध्यक्ष परमेश्वर यादव, जिला सचिव सुरेंद्र राम, सुरेन्द्र यादव, शम्भु कुमार, शिवशंकर कुमार, मुकेश यादव आदि मौजूद थे।