टीम एबीएन, रांची। शनिवार को जेबीकेएसएस केंद्रीय वरीय उपाध्यक्ष देवेन्द्र नाथ महतो ने क्षेत्रीय कलाकार के हक अधिकार को लेकर झारखंड मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन को पत्र लिखा।
श्री महतो ने बताया कि जतरा एक प्रेम कथा फिल्म का प्रसारण हेतु केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड भारत सरकार से मान्यता मिल चुकी है जो 1 मार्च 2024 को रिलीज हो चुका है। उक्त फिल्म के संदर्भ में मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन से झारखंड फिल्म नीति 2015 के तहत झारखंड फिल्म डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड द्वारा जतरा एक प्रेम कथा सादरी नागपुरी फिल्म के कुल बजट 50 लाख का 50 प्रतिशत अनुदान, सिनेमाघरों के टिकट में टैक्स फ्री, तथा झारखंड के सभी सिनेमाघरों में प्रसारण करने हेतु निर्देश देने की मांग की है।
साथ ही उन्होंने बताया कि वर्तमान समय में झारखंड की प्राचीन पारंपरिक भाषा संस्कृति रीति रिवाज परंपरा विलुप्त होते जा रही है। इस संकट के दौर में झारखंडी आदिवासी मूलवासी कलाकारों ने झारखंड के प्राचीन रीति रिवाज परंपरा भाषा संस्कृति का संरक्षण हेतु अथक प्रयास करते हुए जतरा एक प्रेम कथा सादरी नागपुरी फिल्म बनाया है।
जिसमें जतरा खूंटा की अहमियत, सरना मां की शक्ति, वीर सपूत बिरसा मुंडा, सिदो-कान्हू, चांद-भैरव, परमवीर चक्र प्राप्तकर्ता लांस नायक अलबर्ट एक्का, मरांग गोमके जयपाल सिंह मुंडा, बाबा कार्तिक उरांव, प्रसिद्ध लोकप्रिय भारतीय खिलाड़ी महेन्द्र सिंह धोनी, तीरंदाज दीपिका कुमारी, से लेकर दिशोम गुरु शिबू सोरेन का बखान किया गया है।
लंबे समय से संघर्षरत झारखंडियों का पहचान 1932 खतियान का आधार, झारखंड के जल जंगल जमीन पहाड़ पर्वत नदी नाला झरना का सौंदर्य वर्णन है, इस फिल्म में पद्मश्री से सम्मानित मधु मंसूरी का अभिनय भी शामिल हैं।
झारखंडी कलाकारों के हक अधिकार के संघर्ष में जेबीकेएसएस महिला मोर्चा उपाध्यक्ष रोमा निगम, जेबीकेएसएस मीडिया प्रभारी लक्की रामू राज, आशीष कुमार के अलावा अन्य लोगों का अहम योगदान रहा।