टीम एबीएन, झुमरी तिलैया। नगर परिषद कार्यालय परिसर में संविधान दिवस पर रविवार पूर्वाह्न 11 बजे शपथ ग्रहण समारोह का आयोजन किया गया। इसमें नगर प्रबंधक डा. अरविंद मोदी ने उपस्थित पदाधिकारियों व कर्मियों को शपथग्रहण कराया। इस मौके पर नगर परिषद झुमरी तिलैया प्रशासक हर्षवर्धन ने कहा कि संविधान की तैयारी के लिए बाबा साहेब डा. भीमराव अंबेडकर ने प्रारूप समिति का गठन किया था।
बाबा साहेब की अध्यक्षता में बनाई गई इस समिति में कन्हैयालाल माणिकलाल मुंशी, मोहम्मद सादुल्लाह, अल्लादि कृष्णस्वामी अय्यर, एन गोपालस्वामी अय्यंगर, बीएल मितर और डीपी खेतान सदस्य थे। प्रारूप समिति ने संविधान तैयार करने में 2 वर्ष, 11 महीने व 18 दिन का समय लिया।
इसके बाद डा. अंबेडकर ने संविधान को संविधान सभा में प्रस्तुत किया। डा. अंबेडकर ने संविधान तैयार करते समय इस बात का ध्यान रखा कि समाज के सभी वर्गों को समान अवसर, प्रतिनिधित्व व सहभागिता मिले।
सामाजिक और शैक्षणिक रूप से पिछड़े लोगों का इतिहास देखते हुए उनके विकास का भी ध्यान रखा गया। इसमें समृद्धि और समाज के विभिन्न पहलुओं का ध्यान रखा। उन्होंने भारतीय समाज के समस्त वर्गों के हित में संविधान तैयार किया। न्याय, समता के समर्थन और भ्रांतियों के खिलाफ सख्त स्थान बनाया।
वहीं नगर प्रबंधक डा. अरविंद मोदी ने कहा कि डा. अंबेडकर व उनकी टीम ने संविधान तैयार करते समय कई देशों के लिखित और परंपरागत रूप से लागू संविधानों का अध्ययन किया। उन लोगों ने विभिन्न देशों के संविधान के महत्वपूर्ण बिंदुओं का समायोजन किया।
देश की आजादी के साथ महिलाओं व समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्तियों को समान प्रतिनिधित्व प्रदान किया। जहां यूरोपीय देशों व संयुक्त राज्य अमेरिका जैसे विकसित देशों में महिलाओं को समान अधिकार पाने के लिए लंबा संघर्ष करना पड़ा, वहीं बाबा साहेब ने सभी को समान अधिकार व अवसर मिले, संविधान तैयार करते समय इसका पूर्ण ध्यान रखा।
उन्होंने संविधान को भारतीय समाज के विभिन्न वर्गों और समृद्धि क्षेत्रों से सहमति प्राप्त करने के लिए समाज के साथ संपर्क किया और अनुसूचित जाति व अनुसूचित जनजातियों और समुदायों के प्रतिनिधियों को शामिल करना सुनिश्चित किया। 26 नवंबर 1949 को भारतीय संविधान को अंगीकृत किया गया था, इसलिए हर साल इस तारीख को संविधान दिवस मनाया जाता है।
इस शपथ ग्रहण समारोह में कनीय अभियंता दीपक साव, यादव लाल महतो, राजेश कुशवाहा, बलराम कुशवाहा, उमेश कुमार , दुलारचंद यादव, मिल्टन टंडन, मनीष कुमार आदि उपस्थित थे।