टीम एबीएन, रांची। झारखंड प्रांत के रांची और धनबाद सीजीएचएस सिटि जोन के केंद्रीय सरकार स्वस्थ्य सेवा लाभार्थी कल्याण संघ भारत के स्थानीय पदधारी गणेश प्रसाद चौधरी ने अपने उच्च स्तरीय स्तर के संघीय अधिकारी महासचिव को पत्र लिखकर सूचित किया कि भारत सरकार के झारखंड सीजीएचएस पेंशनर्स लाभार्थियों के चिकित्सा प्रतिपूर्ति दावा के प्रसंस्करण में एक वर्ष से भी अधिक की देरी तथा केन्द्रीय सरकार स्वस्थ्य सेवा को हर दो माह में एक पंचायत बुलानी चाहिए। जिसमें लाभार्थी स्वयं उपस्थित हो कर अपनी समस्या का निदान पा जा सके।
इसके लिए सभी पेंशनर मरीजों को पूर्व सूचना देने के बाबत पंचायत आयोजन तिथि की सूचना सभी पेंशनर्स और अखवारों भी पन्द्रह दिन पहले प्रकाशित किया जाना चाहिए। बताया कि पुन: पंचायत गत मार्च माह के बाद बुलाई नहीं गई है, स्थानीय तथा मंडलीय सलाहकार समिति की बैठकें भी?
इस साल मात्र एक बार को छोडकर, नहीं बुलाई गई, जिसे हर माह बुलानी चाहिए ।सीजीएचएस लाभार्थियों को उनके चिकित्सा प्रतिपूर्ति दावों की भुगतान में अत्यधिक बिलंब के कारण लाभार्थियों में रोष है। इस संदर्भ में अतिरिक्त निदेशक सीजीएचएस रांची (एजी कॉलोनी डोरंडा) के कार्यालय चिकित्सा विपत्रों के भुगतान कार्य में लगे सभी कर्मचारी जानबूझकर वरिष्ठ मरीज, कैंसर और भरती रोगी समेत अनेक लाभार्थियों का चिकित्सा प्रतिपूर्ति दावा के प्रसंस्करण में एक वर्ष से अधिक की देरी करते हैं।
बताया गया कि सबसे बड़ी दुखद है कि उक्त कार्यालय में अनेक बिपत्र भुला दिया गया है, जिनको खोजने की जिम्मेदारी लेने को कोई तैयार नहीं है। इस संबंध में केंद्रीय सरकार स्वस्थ्य सेवा लाभार्थी कल्याण संघ भारत के महासचिव टी के दामोदरन को झारखंड उपप्रक्षेत्र की पेंशनर्स मरीजों की इन समस्याओं की अनियमितताओं को दूर करने के लिए आवश्यक कदम उठाये जाने के रिमाइंडर देकर उनका ध्यान आकर्षित किया है। उक्त जानकारी केंद्रीय स्वास्थ्य लाभार्थी सेवा संघ झारखंड उपप्रक्षेत्र रांची के कार्यपालक सदस्य गणेश प्रसाद चौधरी ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर दी।