टीम एबीएन, रांची। गोस्सनर कॉलेज रांची के जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग की ओर से पद्मश्री रामदयाल मुंडा जी की 84वीं जयंती मनायी गयी। सर्वप्रथम डॉ रामदयाल मुंडा की तस्वीर पर डॉ ज्योति टोप्पो संस्कृत विभाग अध्यक्ष ने माल्यार्पण किया। उपस्थित सभी शिक्षकों एवं विद्यार्थी प्रतिनिधि ने पुष्प अर्पित कर श्रद्धा सुमन अर्पित किया।
मौके पर बतौर मुख्य अतिथि डॉ ज्योति टोप्पो ने कहा कि डॉ मुंडा जी बहुत गरीबी में रहकर अपनी पढ़ाई जारी रखे। जब हॉस्टल में रहते थे, उस समय भोजन नहीं मिलता था। तब वे बांसुरी बजाया करते थे। उनके जीवन से सभी विद्यार्थियों को सीख लेने की जरूरत है। डॉ मीना तिर्की ने कहा कि डॉ रामदयाल मुंडा जी महान मानव शास्त्री थे, जिन्होंने अपने कार्य के द्वारा हमारे बीच में अमिट छाप पड़ गये हैं।
मौके पर हेमंत कुमार टोप्पो ने डॉ मुंडा जी की जीवनी पर प्रकाश डाला। डॉ कोरनेलियुस मिंज ने अपने साथ घटी घटनाओं का जिक्र किया। मौके पर डॉ हाराधन कोइरी और डॉ प्रशांत गौरव ने भी अपने विचार व्यक्त किये। मंच संचालन प्रोफेसर मीना सुरीन तथा धन्यवाद ज्ञापन प्रोफेसर फ्रांसिस मुर्मू ने किया। मौके पर अब्दुल बासित, डॉक्टर विनोद राम और विद्यार्थी गण उपस्थित थे।