टीम एबीएन, झुमरीतिलैया। केंद्र सरकार की मजदूर किसान विरोधी, जनविरोधी व राष्ट्रविरोधी विनाशकारी नीतियों के खिलाफ तथा वैकल्पिक नीतियों के लिए भारत छोड़ो दिवस पर केन्द्रीय ट्रेड यूनियनों के आह्वान पर 9 अगस्त को धनबाद में होने वाले क्षेत्रीय महापड़ाव की सफलता के लिए झारखंड राज्य निर्माण कामगार यूनियन (सीटू) के बैनर तले झुमरीतिलैया नगर पर्षद के वार्ड नंबर 20 अंतर्गत गुमो बस्ती के दलित टोला में मजदूरों की बैठक हुई और महापड़ाव में करीब एक सौ लोग शामिल होने का प्रस्ताव लिया गया।
बैठक को संबोधित करते हुए सीटू नेता और निर्माण कामगार यूनियन झारखंड के संयुक्त सचिव प्रेम प्रकाश ने कहा कि देश में मजदूरों की हालत बहुत खराब हो गया है। झारखंड में बालू पर रोक के कारण भवन निर्माण में कमी आयी है, जिसके कारण निर्माण श्रमिकों को काम मिलना मुश्किल हो गया है। देश में बेरोजगारी प्रचंड रूप ले चुका है।
स्थायी नौकरी की जगह अनुबंध, ठेका और आउटसोर्सिंग लाया जा रहा है, जहां मजदूरों का शोषण जारी है। नौकरी की सुरक्षा नहीं है। महंगाई से लोगों का जीना मुश्किल हो गया है। हरी सब्जी, सभी मशालें, दाल, आटा-चावल आदि सभी खाने पकाने का दाम बेतहाशा बढ़ने से आम आदमी का जीना मुश्किल हो गया है।
मौजूदा श्रम कानूनों को कमजोर कर कॉरपोरेट परस्त मालिक पक्षीय चार लेबर कोड लाया गया है। केंद्र सरकार अक्रामक तरीके से राष्ट्रीय संपत्ति, सार्वजनिक उपक्रमों, वित्तीय संस्थानों का निजीकरण कर रही है। पूंजीपतियों के टैक्स माफ कर लाखों करोड़ों का कर्जा माफ किया जा रहा है। इन्हीं मुद्दों को लेकर संयुक्त ट्रेड यूनियनों के देशव्यापी आह्वान पर 9 अगस्त को धनबाद और 10 अगस्त को रांची में महापड़ाव का आयोजन किया जा रहा है।
बैठक में काली दास, जमना दास, सुरेश दास, महेन्द्र दास, नारायण दास, संजय दास, संतोष दास, उमेश दास, सिकन्दर दास, कारू दास, मुकेश दास, महेश दास, जागेश्वर दास, रामू दास, बिनोद दास, भोला दास, लखन दास, प्रकाश दास, फुलवा देवी, किरण देवी, मीना देवी, लक्ष्मी देवी, मुनीया देवी आदि शामिल थे।