Breaking
ताज़ा समाचार लोड हो रहा है...
झारखंड

आदिवासी संगठनों ने राजभवन के सामने दिया धरना

शेयर करें: WhatsApp Facebook X
आदिवासी संगठनों ने राजभवन के सामने दिया धरना
विज्ञापन
  • यूसीसी के खिलाफ हैं झारखंड के आदिवासी संगठन

टीम एबीएन, रांची। झारखंड के आदिवासी संगठन यूनिफार्म सिविल कोड (यूसीसी) के खिलाफ गोलबंद हो रहे हैं। बुधवार को विभिन्न आदिवासी संगठनों की समन्वय समिति के बैनर तले सैकड़ों लोगों ने यूसीसी के खिलाफ रांची में राजभवन के सामने धरना दिया। 

धरना देने वालों ने यूनिफार्म सिविल कोड लागू होने पर आदिवासियों को होनेवाली परेशानियों पर चिंता जतायी। धरनास्थल पर सभा भी हुई, जिसे संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि अगर यूनिफॉर्म सिविल कोड लागू हुआ तो आदिवासियों का अस्तित्व ही खतरे में पड़ जायेगा। 

झारखंड की पूर्व मंत्री गीताश्री उरांव ने कहा कि यूनिफार्म सिविल कोड लागू करना भाजपा के एजेंडे में है। जब भी चुनाव की बारी आती है, यह मुद्दा गर्म हो जाता है। एक बार फिर से यह मुद्दा गर्म है। 

अगर सरकार इसे लागू करती है तो इससे आदिवासियों के अधिकारों का हनन होगा; क्योंकि आदिवासियों को संविधान में विशेष दर्जा मिला हुआ है। 

आदिवासियों की शादी हिन्दू मैरिज एक्ट के तहत नहीं होती है। इनके संबंध विच्छेद में भी अलग तरीका अपनाया जाता है। आदिवासियों में सामाजिक तौर पर इसका निपटारा होता है।

अन्य वक्ताओं ने कहा कि यूनिफार्म सिविल कोड लागू कर केंद्र सरकार आदिवासियों का हक नहीं छीन सकती। यह हमारे लिए अधिकार की लड़ाई है। हम किसी भी कीमत पर इस लड़ाई से पीछे नहीं हटेंगे। इधर, आदिवासी अधिकार सुरक्षा मंच ने इस बाबत लॉ कमीशन ऑफ इंडिया को पत्र भेजा है। 

मंच के संयोजक लक्ष्मी नारायण मुंडा ने कहा कि यूसीसी से केवल आदिवासी ही नहीं, बल्कि दलित, अल्पसंख्यक और पिछड़े वर्ग के लोगों का सामाजिक ताना-बाना बुरी तरह प्रभावित होगा।

विज्ञापन

abnnews24

सच तो सामने आकर रहेगा

टीम एबीएन न्यूज़ 24 अपने सभी पाठकों और प्रेरणाश्रोतों का अभिनन्दन करता है। आपके सहयोग और विश्वास के लिए धन्यवाद।

विज्ञापन

© 2026 ABN News 24. All Rights Reserved.

कुल पाठक (Total Visitors): 30,367