- झारखंड के हज यात्रियों का मानसिक व आर्थिक प्रताड़ना बर्दास्त नहीं
- रांची से कनेक्टिंग फ्लाइट की हज कमेटी करे व्यवस्था
टीम एबीएन, रांची। केंद्रीय हज कमेटी ने झारखंड के हाजियों के साथ धोखधड़ी की है। केंद्रीय हज कमेटी ने 7 माह पहले आजमीन हज से हज फार्म भरवाया, जिसमें रांची से जेद्दा या रांची से मदीना डायरेक्ट फ्लाइट की बात की गयी थी।
हज यात्रा शुरू होने से 15 दिन पहले अचानक यह घोषणा किया जाना कि अब झारखंड के हज यात्री कोलकाता से सऊदी अरब जायेंगे। अंतिम समय में अचानक इस तरह के तुगलकी फरमान से दूरदराज के हज यात्रियों की परेशानी बढ़ गयी है।
इसके साथ ही हज यात्रियों पर 6643 रुपये का अतिरिक्त आर्थिक बोझ डाल दिया गया है। इसके अलावा रांची से कोलकाता आजमीन हज यात्रियों को अपने खर्च से जाना होगा। हज यात्री जिसमें अधिकतर उम्रदराज पुरुष-महिला होते हैं।
ग्रामीण क्षेत्रों के हज यात्रियों के लिए केंद्रीय हज कमेटी का यह अनैतिक फरमान आर्थिक व मानसिक प्रताड़ना से कम नहीं। आम जनता हेल्पलाइन मांग करती है की झारखण्ड राज्य हज समिति अपनी उदासीन और गैर जिम्मेदाराना रवैया को छोड़कर झारखण्ड के हाजियों के लिए रांची से कोलकाता कनेक्टिंग फ्लाइट की व्यवस्था करें।
अन्यथा हम लोग केंद्रिय हज कमिटी और झारखण्ड राज्य हज कमिटी के खिलाफ झारखण्ड उच्च न्यायालय में जनहित याचिका दायर करेंगे। हज यात्रियों की सुविधा और यात्रा को लेकर अपनी जिम्मेवारी निभाने में राज्य हज समिति पूरी तरह असफल रही।
राज्य हज समिति के चेयरमैन डॉ इरफान अंसारी को नैतिकता के आधार पर इस्तीफा दे देना चाहिए। उन्हें राज्य से हज पर जाने वाले हज यात्रियों की तनिक चिंता नहीं रही। वह सिर्फ अपनी राजनीतिक रोटी चमकाने के लिए लोक लुभावन बयानबाजी में ज्यादा समय देते हैं।
वक्ताओं ने कहा कि अगर जल्द ही झारखंड के हज यात्रियों के लिए इंबार्केशन पॉइंट रांची किया जाये अथवा रांची से कोलकाता कनेक्टिंग फ्लाइट दिया जाये या रांची हावड़ा ट्रेन में स्पेशल एसी बोगी हाजियों के लिए व्यवस्था की जाये। ऐसा नहीं होने पर आम जनता हेल्पलाइन केंद्रीय हज कमिटी और झारखंड राज्य हज कमेटी के खिलाफ जनहित याचिका दायर करेगी।
आरोप लगाते हुए कहा कि हज कमिटी के अध्यक्ष डॉ इरफान अंसारी ने हज यात्रियों के सहुलत के लिए कोई भी ईमानदार पहल नहीं की और सिर्फ बयानबाजी करते रहें। उन्होंने इस बाबत कभी भी केंद्रीय हज कमेटी और केंद्रीय उड्डयन मंत्रालय से संपर्क भी नहीं किया।
आज झारखंड के लगभग 2800 हज यात्री खुद को ठगा महसूस कर रहे हैं। बैठक में एजाज गद्दी, रमजान कुरैशी, नेहाल अहमद, हाजी फिरोज जिलानी, मो हैदर, अंजुमन इस्लामिया रांची के महासचिव तारिक हुसैन व हाजी जसीम मौजूद थे।