- रांची विश्वविद्यालय के लिए गौरव का क्षण
- झारखंड- बिहार से एकमात्र काउंसलर बनने का श्रेय
- देशभर के वैज्ञानिकों और शिक्षाविदों ने दी बधाई
- लखनऊ में वे राष्ट्रीय बॉटनिकल सोसाइटी की बैठक में हुआ था शाम प्रस्तावित
- के ओ कॉलेज गुमला के वनस्पति शास्त्र विभागाध्यक्ष है डॉ मुखर्जी
- डॉ मुखर्जी ने झारखंड का गौरव बढ़ाया
टीम एबीएन, लोहरदगा। लोहरदगा निवासी डॉ प्रसेन्नजीत मुखर्जी ने एक बार फिर झारखंडवासियों को गौरवान्वित किया है। वह इंडियन बॉटनिकल सोसाइटी के देशभर से चुने गये हैं।
देश के 16 काउंसलर में डॉ मुखर्जी ने भी नाम दर्ज कराने में सफलता हासिल किया है। पिछले साल 2022 में इंडियन बॉटनिकल सोसाइटी के द्वारा लखनऊ में आयोजित राष्ट्रीय संगोष्ठी में डॉ प्रसेन्नजीत मुखर्जी के नाम का प्रस्ताव पारित हुआ था।
झारखंड और बिहार से चयनित होने वाले वह एकमात्र काउंसलर हैं। यह झारखंड और रांची विश्वविद्यालय के लिए गर्व का विषय है। डॉ प्रसेन्नजीत मुखर्जी गुमला के केओ कॉलेज में वनस्पति विज्ञान विभागाध्यक्ष हैं।
वह वनस्पति शास्त्र में डॉक्टर आफ साइंस की उपाधि प्राप्त करने वाले फिलवक्त झारखंड में एकमात्र वनस्पति वैज्ञानिक है। डॉ मुखर्जी ने बताया कि उनका चयन तीन सालों के लिए हुआ है। उनका कार्यकाल 2023 से 2026 तक होगा।
उन्होंने बताया कि सोसाइटी में तीन साल के लिए देशभर के 16 वनस्पति शास्त्रियों का चयन काउंसलर के रूप में हुआ है। काउंसलर सोसायटी के क्रियाकलापों में सहयोग करेंगे। राष्ट्रीय आयोजन में अपनी भूमिका निभाएंगे।
इसके पूर्व भी डॉक्टर मुखर्जी सोसाइटी के काउंसलर रह चुके हैं। इसके अलावा वह लगातार इंडियन नेशनल साइंस कांग्रेस के सेंगशनल रिकॉर्डर के रूप में अपना योगदान कर रहे हैं। डॉ मुखर्जी के इंडियन बॉटनिकल सोसाइटी के काउंसलर बनाए जाने से शुभचिंतकों ने बधाई दी है।
डॉ मुखर्जी ने बधाई देने वाले पूर्व केंद्रीय मंत्री सांसद सुदर्शन भगत राज्यसभा सांसद धीरज प्रसाद साहू, मदन मोहन पांडेय, डॉ शशि कुमार गुप्ता,प्राचार्य डॉ अमर ज्योति खलखो, डॉ अंजनी कुमार श्रीवास्तव, डॉ हनुमान शर्मा, डॉ टीके घोष, डॉ ज्योति कुमार, डॉ,कामिनी कुमार, डॉ एमजी तिवारी, वीके बालान्जिनप्पा, स्नेह कुमार सहित तमाम शुभचिंतकों ने बधाई दी है।