पोस्टमार्टम की हुई वीडियोग्राफी
टीम एबीएन, रांची। पोक्सो एक्ट के विचाराधीन कैदी अमित बारला की रिम्स में इलाज के दौरान रविवार (26 मार्च) को मौत हो गयी है। करीब तीन महीने तक उसका इलाज रिम्स में किया गया। बिरसा मुंडा केंद्रीय कारागार में तबीयत खराब होने के बाद 27 दिसंबर 2022 को रिम्स लाया गया था। उसे रिम्स के कैदी वार्ड में भर्ती कराया गया था। कारा चिकित्सकों की अनुशंसा पर उसे रिम्स लाया गया था।
बंदी के शव का पोस्टमार्टम रिम्स अस्पताल में किया जायेगा। पोस्टमार्टम की वीडियोग्राफी कराई जायेगी। बिरसा मुंडा केंद्रीय कारागार के जेल अधीक्षक ने अस्पताल प्रबंधन से इसके लिए आग्रह किया है। कहा है कि कैदी की लाश के पोस्टमार्टम में वीडियोग्राफी का प्रयोग किया जाये।
अस्पताल प्रबंधन ने बताया कि कैदी की मौत ट्रामा सेंटर में हुई है। डॉक्टर प्रदीप भट्टाचार्य की यूनिट में उनका इलाज चल रहा था। कई दिनों से उसका अस्पताल में इलाज करवाया जा रहा था। अमित खूंटी जिले के मुरहू थाना क्षेत्र के कोडा केल गांव का रहने वाला था।
पोक्सो एक्ट में वह होटवार जेल में सजा काट रहा था। अचानक उसकी तबीयत खराब होने के बाद उसे जेल के डॉक्टरों ने रिम्स रेफर किया गया था। लेकिन इलाज के दौरान ही उसकी मौत हो गयी