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सभी एएनएम को दिया गया एकदिवसीय ओरल हेल्थ स्क्रीनिंग से संबंधित प्रशिक्षण

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सभी एएनएम को दिया गया एकदिवसीय ओरल हेल्थ स्क्रीनिंग से संबंधित प्रशिक्षण
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टीम एबीएन, कोडरमा। सिविल सर्जन सभागार कोडरमा जिला अंतर्गत सभी हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर में पदस्थापित सभी एएनएम को एकदिवसीय ओरल हेल्थ स्क्रीनिंग से संबंधित प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण कार्यक्रम में जिला कुष्ठ निवारण पदाधिकारी सह जिला नोडल पदाधिकारी एनसीडी सेल कोडरमा की अध्यक्षता में संपन्न करायी गयी। 

उन्होंने बताया कि  ग्रामीण स्तर पर ओरल हेल्थ से संबंधित सुविधाएं ग्रामीण लोगों तक उपलब्ध कराने का कहा। वहीं प्रशिक्षण में दंत चिकित्सा पदाधिकारी सह नोडल पदाधिकारी नेशनल ओरल हेल्थ प्रोग्राम के डॉ शरद कुमार एवं दंत चिकित्सा पदाधिकारी डॉ सोमेश ने प्रशिक्षण में मुख एवं दंत रोग से संबंधित बीमारियों की लक्षण बचाव एवं उपचार के बारे में विभिन्न जानकारियां देकर प्रशिक्षित किया एवं ओरल हेल्थ से संबंधित ओरल कैंसर, दांत खराब होने, दांत में दर्द, मसूड़े में सूजन एवं बीमारियों संबंधित इलाज की प्रशिक्षण दी। 

उन्होंने सभी उन्होंने सभी को बताया कि दंत एवं मुख्य रोग से संबंधित किसी भी प्रकार के कोई लक्षण दिखाई देते हैं तो उन्हें नजदीक के स्वास्थ्य केंद्र में उपचार हेतु जाने की सलाह दें। जिससे हम संचारी रोगों के फैलाव का पता लगा सकेंगे एवं समय रहते उनका उपचार कर सकेंगे। 

वहीं बताया गया कि हेल्थ एंड वैलनेस सेंटर में आने वाले मुख एवं दांत के मरीजों का उचित उपचार, बीमारियों पहचान कर जागरूक कर एवं इलाज की आवश्यकता होने पर नजदीकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जहां दंत चिकित्सक पदस्थापित हों या जिला अस्पताल में रेफर करें। 

रेफर के पश्चात एएनएम एवं सीएचओ द्वारा फॉलोअप भी करना है कि वह मरीज इलाज हेतु स्वास्थ्य केंद्र पहुंचा या नहीं, अगर वह स्वयं से स्वास्थ्य केंद्र तक जाने में सक्षम नहीं है, तो सरकारी संस्थान में उपलब्ध एंबुलेंस से उसे रेफर किये हुए संस्थान तक पहुंचाने की भी व्यवस्था सीएचओ को सुनिश्चित करना है। 

प्रशिक्षकों ने सभी एएनएम को बताया कि क्षेत्र भ्रमण के दौरान अगर वैसे मरीज मिलते हैं, जिन्हें ओरल हेल्थ से संबंधित किसी प्रकार के लक्षण दिख रहे हों तो उन्हें जागरूक करें एवं सही ढंग से ब्रश करने के तरीका के बारे में बतायें। प्रशिक्षण में ब्रश करने के तरीके भी बताये गये। 

प्रशिक्षण में बताया गया कि कैसे मुंह और दांतों की जांच करनी है और क्या-क्या लक्षण दिखने पर उसे कैसे प्राथमिक उपचार कर संबंधित दंत चिकित्सक के पास रेफर करना है। ज्ञात हो कि जिले में कुल 41 हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर सुचारू रूप से संचालित है। 

राष्ट्रीय कार्यक्रम के तहत सरकार की योजना है कि सुदूरवर्ती क्षेत्रों तक भी ओरल हेल्थ से संबंधित जागरूकता अभियान चलाया जा सके और उपचार मुहैया कराया जा सके। 

मौके जिला कार्यक्रम प्रबंधक महेश कुमार, एनसीडी के जिला कार्यक्रम सहायक प्रदीप कुमार, सामाजिक कार्यकर्ता हिमांशु कुमार, जिला परामर्शी दीपेश कुमार एवं अन्य कर्मी मौजूद थे।

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