- झारखंड की कला और संस्कृति का संगम होगा सांसद सांस्कृतिक महोत्सव : संजय सेठ
- 10 प्रकार की प्रतियोगिताओं का होगा आयोजन
- झारखंड की कला और संस्कृति से जुड़े गीत और नृत्य होंगे आकर्षण के केंद्र
- मई के प्रथम सप्ताह में होगा तीन दिवसीय आयोजन
टीम एबीएन, रांची। कलाकार, हमारी संस्कृति और कलाओं के वाहक होते हैं। इन्हीं के माध्यम से हमारी कलाएं जीवंत और संरक्षित भी रहती हैं। संस्कृतियों के संवर्धन की बड़ी जिम्मेदारी कलाकारों के ऊपर होती है परंतु कई बार हम देखते हैं कि कलाएं संरक्षित रहें, सुरक्षित रहें, इसके लिए कलाकारों का भी संरक्षण और संवर्धन की आवश्यकता होती है।
उन्हें भी मोटिवेशन की आवश्यकता होती है। उन्हें भी प्रमोशन की आवश्यकता होती है। इसी उद्देश्य के साथ 5, 6 और 7 मई को रांची लोकसभा क्षेत्र स्तरीय सांसद सांस्कृतिक महोत्सव किया गया है। जिसमें रांची लोकसभा क्षेत्र की सभी विधानसभाओं से जुड़े विभिन्न विधाओं के कलाकार अपनी अपनी सहभागिता निभाएंगे।
उनकी कलाओं को, संस्कृतियों को हम राष्ट्रीय और वैश्विक पटल पर लेकर जाएं, इस उद्देश्य से इस महोत्सव का आयोजन किया गया है। कोरोना संक्रमण काल में हमने देखा था, कलाकारों के समक्ष कैसा संकट आ खड़ा हुआ था, तभी से मेरे मन में यह बात चल रही थी कि कलाकारों के लिए कुछ अलग करना चाहिए ताकि उन्हें एक मजबूत और सशक्त मंच मिल सके।
वैश्विक पहचान मिल सके और अब जाकर वह समय आया है। इसमें भाग लेने के लिए 20 मार्च से रजिस्ट्रेशन शुरू होगा जो 15 अप्रैल तक चलेगा। हम जानते हैं कि हमारा झारखंड विभिन्न कलाओं और संस्कृतियों के संगम वाला प्रदेश है। हर क्षेत्र की अपनी संस्कृति, हर क्षेत्र की अपनी कलाएं, झारखंड की खूबसूरती को और भी बढ़ाती है।
इन सभी कलाओं का एक मंच पर संगम होना, हमें भी अद्भुत और अनूठा अनुभव देने वाला होगा। इस दौरान आयोजित सांस्कृतिक महोत्सव में विभिन्न क्षेत्रों के कलाकार, विद्यार्थी, नागरिक भी भाग ले सकते हैं। उसके लिए अलग-अलग व्यवस्थाएं बनाई गई है, नियम बनाए गए हैं।
यह आयोजन रांची लोकसभा क्षेत्र का अनूठा और ऐतिहासिक और दिव्य आयोजन होगा, जो कला जगत के लिए, हमारी संस्कृति के संरक्षण के लिए बहुत ही उपयोगी होगा। इस महोत्सव में जनजातीय समूह नृत्य, जनजातीय इंस्ट्रूमेंट प्रतियोगिता, सामूहिक फोक नृत्य, क्लासिकल नृत्य, फ्री स्टाइल नृत्य, क्लासिकल वोकल सामूहिक गीत, लघु नाटिका सहित कुल 10 प्रकार की कलाओं को शामिल किया गया है।
बहुत जल्द इसके फॉर्म और ब्राउजर की लॉन्चिंग होगी। इसके तकनीकी सहयोग के लिए हमने झारखंड की कला और संस्कृति को पहचान देने वाले राष्ट्रीय स्तर के कलाकार अजय मलकानी जी का सहयोग ले रहे हैं।
विजेताओं के लिए पुरस्कार की भी व्यवस्था है। इस महोत्सव के मुख्य अतिथि झारखंड के राज्यपाल, केंद्रीय मंत्री जी किशन रेड्डी, अर्जुन राम मेघवाल, अर्जुन मुंडा, विनय सहस्त्रबुद्धे, भारतीय सांस्कृतिक संबंध परिषद संध्या पूरेजा, चेयरमैन नाटक केंद्रीय संगीत अकादमी नई दिल्ली उपस्थित रहेंगे।