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लोहरदगा : जिले में दो दिन से पूरे शबाबा पर है ठंड

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लोहरदगा : जिले में दो दिन से पूरे शबाबा पर है ठंड
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  • कनकनी से बड़ी आम लोगों की परेशानी 
  • नगर क्षेत्र में 3,000 व ग्रामीण क्षेत्र में बांटे गये 15,000 कंबल 

टीम एबीएन, लोहरदगा। जिले में गत दो दिन से ठंड पूरे शबाब पर है। देर सुबह तक कोहरे की चादर पूरे जिले को अपने आगोश में लिए रहती है वही दोपहर बाद से कोहरे की चादर जिले को अपने आगोश में लेने को बेताब नजर आती है।  बड़ी सर्दी की वजह से जिलेवासी शाम ढलते ही अपने-अपने घरों में कैद हो जाते हैं। ठंड को देखते हुए इस वर्ष जिला प्रशासन की तैयारी भी काबिले तारीफ है। इस वर्ष ठंड से पूर्व ही नगर समेत ग्रामीण इलाकों में जरूरतमंदों के बीच 18,000 कंबल का वितरण मुख्यमंत्री आपके द्वार कार्यक्रम के तहत आयोजित शिविर के माध्यम से किया जा चुका है। वही ठंड के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए विभिन्न सामाजिक व धार्मिक संगठनों एवं सामाजिक कार्यकतार्ओं  द्वारा जरूरतमंदों के बीच कंबल का वितरण निरंतर जारी है। 

नगर क्षेत्र में जहां विभिन्न चौक- चौराहों पर नगर परिषद द्वारा अलाव की व्यवस्था की जा रही है। वही नगर परिषद के कर्मियों द्वारा वाहन नहीं मिलने के कारण बस पड़ाव का रेलवे स्टेशन में ठंड में रात गुजारने वाले लोगों को चिन्हित करते हुए कचहरी रोड  स्थिति आश्रय गृह में पहुंचाया जा रहा है। आश्रय गृह में रात गुजारने वालों के लिए जहां समुचित मात्रा में बेड, गद्दा, व कंबल की व्यवस्था की गई है वहीं ठंड से बचाव को ले हीटर व अलाव की भी व्यवस्था की गई है। शाम ढलते ही नगर क्षेत्र में नप कर्मियों द्वारा अलावा जला दिया जाता है। नगर क्षेत्र के नवनिर्मित आश्रय गृह सुचारू रूप से काम कर रहा है, जहां प्रतिदिन एक से डेढ़ दर्जन लोग ठंड की रात गर्म कंबल में खुद को लपेटकर काट रहे हैं।  आश्रय गृह में रहने वालों के लिए पर्याप्त मात्रा में बेड वह कंबल की व्यवस्था नगर परिषद  द्वारा की गई है। 

मामले में नगर परिषद के नगर प्रबंधक विजय कुमार का कहना है कि आश्रय गृह में 50 बेड की व्यवस्था है जहां प्रतिदिन एक से डेढ़ दर्जन लोक निशुल्क रात गुजारते हैं। आश्रय गृह में बेड के साथ-साथ समुचित मात्रा में कंबल अलावा व रूम हीटर की व्यवस्था है। उन्होंने बताया कि वे खुद प्रतिदिन सड़क पर घूमते लोगों या आश्रयहीन लोगों को आश्रय गृह पहुंचाते हैं। ताकि वैसे लोगों का ठंड से बचाव हो सके। वही ग्रामीण क्षेत्रों में मुख्यमंत्री आपके द्वार कार्यक्रम के तहत अब तक 15000 कंबलों का वितरण किया जा चुका है। प्रखंड व अंचल के द्वारा चिन्हित जरूरतमंदों को सूचीबद्ध करते हुए उनके बीच ठंड से पूर्व ही कंबल का वितरण किया गया है। वर्तमान में सामाजिक व धार्मिक कार्यकर्ताओं द्वारा भी निरंतर कंबल का वितरण किया जा रहा है।

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