टीम एबीएन, इचाक (हजारीबाग)। जीएम कॉलेज आफ मेडिकल साइंस,इचाक में मनाया गया क्रिसमस गैदरिंग। कॉलेज के निदेशक डॉ रोहित कुमार ने कार्यक्रम की शुरूआत केक काटकर किया, क्रिसमस के दिन ईसा मसीह या यीशु के जन्म की खुशी में मनाया जाने वाला पर्व है। यह 25 दिसंबर को पड़ता है और इस दिन लगभग संपूर्ण विश्व मे अवकाश रहता है।
क्रिसमस से 12 दिन के उत्सव क्रिसमसटाइड की भी शुरूआत होती है। एन्नो डोमिनी काल प्रणाली के आधार पर यीशु का जन्म, 7 से 2 ईपू के बीच हुआ था। 25 दिसंबर यीशु मसीह के जन्म की कोई ज्ञात वास्तविक जन्म तिथि नहीं हैं और लगता है कि इस तिथि को एक रोमन पर्व से संबंध स्थापित करने के आधार पर चुना गया है।महाविद्यालय प्रभारी पंकज कुमार ने कहा कि आधुनिक क्रिसमस की छुट्टियों मे एक दूसरे को उपहार देना, चर्च मे समारोह और विभिन्न सजावट करना शामिल हैं। इस सजावट के प्रदर्शन मे क्रिसमस का पेड़, रंग बिरंगी रोशनीयां, जन्म के झांकी आदि शामिल हैं।
सांता क्लॉज क्रिसमस से जुड़ी एक लोकप्रिय पौराणिक परंतु कल्पित शख्सियत है जिसे अक्सर क्रिसमस पर बच्चों के लिए उपहार लाने के साथ जोड़ा जाता है। सांता के आधुनिक स्वरूप के लिए बच्चो में खुशी का लहर रहता है। इस कार्यक्रम को सफल बनाने में शिक्षक कुमारी ज्योति, अनुभा रंजन, टिंकू कुमार, अभिषेक कुमार, सोनी देवी, रीता देवी, आरती, कुंदन, विष्णु, बुंदेल, राजू, सचिन का सराहनीय योगदान रहा।