टीम एबीएन, रांची। भाजपा ने झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मांफी मांगने को कहा है। दरअसल, सीएम सोरेन ने आरोप लगाया था कि आयकर विभाग के एक अधिकारी ने राज्य में छापेमारी के लिए विपक्षी दल द्वारा मुहैया कराये गये वाहन का इस्तेमाल किया था। इस बीच रविवार को पार्टी के राज्य मुख्यालय में वाहन के कथित मालिक की एक वीडियो क्लिप की स्क्रीनिंग करते हुए भाजपा ने दावा किया कि मुख्यमंत्री ने तथ्यों की जांच किये बिना टिप्पणी की। क्लिप में वाहन के मालिक होने का दावा करने वाले दिनेश महतो ने कहा कि उन्होंने एक कार्यक्रम के लिए भाजपा को किराए पर कार प्रदान की थी और पार्टी द्वारा प्रदान किये गये पार्किंग स्टिकर को हटाना भूल गए थे। उन्होंने वीडियो में कहा कि मैं किसी भी राजनीतिक दल से जुड़ा नहीं हूं। चाहे वह भाजपा, झामुमो या कांग्रेस हो। बाद में आयकर विभाग द्वारा वाहन का इस्तेमाल सर्च आॅपरेशन के लिए किया गया, जिस पर भाजपा का स्टीकर लगा हुआ था। भाजपा प्रवक्ता मिसफिका हसन ने कहा कि मुख्यमंत्री ने बिना तथ्य की जांच किए ही सार्वजनिक मंच से भाजपा और संवैधानिक संस्थानों पर आरोप लगाए। सीएम के कृत्य ने पार्टी के हर कार्यकर्ता को आहत किया है। हम उनसे सार्वजनिक माफी की मांग करते हैं।
पलामू में शुक्रवार को एक सरकारी समारोह में सोरेन ने आरोप लगाया कि आयकर विभाग का एक अधिकारी भाजपा द्वारा मुहैया कराये गये वाहन पर छापेमारी करने गया था। सोरेन का यह बयान सहयोगी कांग्रेस के विधायक कुमार जयमंगल और प्रदीप यादव पर कर चोरी के आरोप में छापेमारी के कुछ घंटे बाद आया था।
भाजपा ने यह भी घोषणा की कि वह सात नवंबर से राज्य में एक ब्लॉक स्तरीय आंदोलन कार्यक्रम आयोजित करेगी। हसन ने कहा कि सरकार की जनविरोधी नीतियों और भ्रष्टाचार को बेनकाब करने के लिए सात नवंबर से 13 नवंबर तक राज्य के 263 प्रखंडों में कार्यक्रम आयोजित किया जायेगा।