टीम एबीएन, दारू (हजारीबाग)। दारू प्रखंड के ईरगा निवासी राजू राणा उम्र (53) पिता तुलसी राणा की मौत चलती हुई ट्रेन में अचानक तबियत खराब होने से हो गई। राजू राणा मजदूरी करने के लिए 17 अक्टूबर की शाम को अपने घर से विजयवाड़ा के लिए सही सलामत निकले थे। परिवार वालों को अभास भी नहीं होगा कि ये उनकी अंतिम मुलाकात होगी। राजू ट्रेन में रात्रि भोजन के बाद ट्रेन में ही तीन बार बेहोश हो गये और ट्रैन में ही उनकी तबियत खराब हो गई और विजयवाड़ा तक पहुंचते ही उनका दम ट्रेन में ही टूट चुकी थी। राजू राणा के साथ चल रहे उनका साला आलोक राणा विजयवाड़ा स्टेशन पहुंचने के बाद विभागीय पुलिस रिजर्व बटालियन पुलिस से संपर्क साधने के बाद उन्होंने डॉक्टर से संपर्क कराया। डॉक्टर ने लगभग 5 बजे मृत घोषित कर दिया। राजू के साले ने बताया कि विजयवाड़ा से मृत शरीर को एंबुलेंस से लाने में 68,000 खर्च हुए। गुरुवार सुबह 8 बजे पार्थिव शव एंबुलेंस से घर लाया गया। लगभग 32 घंटे घर आने में लगा। राजू की पत्नी मंजू देवी और उनके परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है। राजू की एक पुत्री संतोषी की शादी हो चुकी है और दो पुत्र संदीप और सचिन भी विजयवाड़ा में ही काम करते हैं।