झारखंड
स्वयं सहायता समूह की दीदियों को मुख्यमंत्री रोजगार सृजन योजना से जोड़ने का निर्देश
ABN Bureau
•
02 Oct, 2022
•
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टीम एबीएन, रांची। उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी मंजूनाथ भजंत्री ने पंचायत के नवादा गांव का निरीक्षण कर स्वयं सहायता समूह की दीदियों द्वारा किये जा रहे कार्यों का जायजा लिया। इस दौरान मार्शल आजीविका संगठन एवं जोबा आजीविका संगठन की दीदियों से उपायुक्त ने मुलाकात कर उनके द्वारा किये जा रहे कार्यों व काम करने में आने वाली समस्याओं से अवगत हुए। साथ ही दीदियों द्वारा दो महीने पूर्व से मशीन के द्वारा बनायी जा रही पत्ते के प्लेट, दोना, विभिन्न प्रकार के थाली को देखकर उपायुक्त ने दीदियों की सराहना करते हुए कहा कि आप सभी का यह प्रयास आपके गांव व पंचायत को एक नयी पहचान दिलाने का काम कर रही है।
इसके अलावे उपायुक्त ने दोनों समूह की दीदियों से मशीनों के संचालन, बाजार की उपलब्धता आदि से अवगत हुए। साथ ही दीदियों के समूह को मुख्यमंत्री रोजगार सृजन योजना से जोड़ने का निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिया, ताकि समूह के सदस्यों को और भी सशक्त किया जा सके। आगे उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को निदेशित किया कि जिले में पत्तों से बने दोनों-पत्तल बनाने के रोजगार को बढ़ावा देने के उद्देश्य से स्वयं सहायता समूह की दीदियों को जोड़ने का कार्य लगातार करते रहें, ताकि प्रत्येक प्रखण्ड की दीदियों को इससे जोड़ा जा सके।
पत्तों के बने प्लेट, दोना, थाली से अच्छी आमदनी : उपायुक्त से बातचीत के क्रम में स्वयं सहायता समूह की दीदियों ने बतलाया कि वे लोग घर के कामकाज के बाद खाली बैठी रहती थी। खाली वक्त में कोई काम नहीं रहता था। लेकिन पत्तों से बनने वाले प्लेट, दोना विभिन्न प्रकार के थाली आदि के कार्यों को अपनाने के बाद न सिर्फ बेकार समय व्यवस्तता के बीच गुजरता है, बल्कि अच्छी आमदनी भी होती है। इसके अलावे उपायुक्त ने निरीक्षण के क्रम में जेएसएलपीएस की टीम को निदेशित किया कि स्वयं सहायता समूह की दीदियों को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में और भी बेहतर कार्य करते हुए सभी को मुख्यमंत्री रोजगार सृजन योजना से जोड़ें, ताकि सभी समूह की दीदियों को बेहतर विकल्प दिया जा सके।
महिलाओं को सशक्त करना सरकार की प्राथमिकता : उपायुक्त- उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री ने जेएसएलपीएस के अधिकारियों को निदेशित किया कि वर्तमान में थर्माेकॉल व प्लास्टिक मुक्त बनाने की दिशा में वैकल्पिक व्यवस्थाओं सुदृढ़ करने के उदेश्य से ज्यादा से ज्यादा सखी मंडल की दीदीयों को इससे जोड़ा जाय। इससे रोजगार के नये अवसर पैदा होगें एवं उनके आय के स्त्रोत में वृद्धि आयेगी। साथ ही प्लास्टिक प्रदूषण को रोकने के उद्देश्य से इन पत्तों से बने पत्तल, दोना, प्लेट का उपयोग भी पर्यावरण के लिए बेहतर रहेगा। एक तरफ जहां प्लास्टिक के मुकाबले इससे पैसे की बचत होगी, वहीं दूसरी ओर इन पत्तलों के निष्पादन में आसानी भी हो रही है। इस दौरान उपरोक्त के अलावे जिला जनसम्पर्क पदाधिकारी रवि कुमार, बीडीओ मधुपुर राजीव सिंह, सीओ परमेश्वर कुशवाहा एवं डीपीएम जेएसएलपीएस निशिकांत नीरज, डीसी सेल से प्रतिनियुक्त अधिकारी अमृता सिंह, सहायक जनसम्पर्क पदाधिकारी रोहित कुमार विद्यार्थी एवं संबंधित विभाग के अधिकारी आदि उपस्थित थे।
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