एबीएन सेंट्रल डेस्क। पहाड़ी इलाकों में हुई भारी बारिश के बाद यमुना नदी का जलस्तर एक बार फिर बढ़ने लगा है। रविवार को राजधानी दिल्ली में यमुना नदी का जलस्तर खतरे के निशान के करीब पहुंच गया था। अधिकारियों की मानें तो आज यानी 26 सितंबर को यमुना नदी का जलस्तर 204.5 मीटर से ऊपर जा सकता है। यमुना नदी का जलस्तर बढ़ने से निचले इलाकों में बाढ़ जैसी हालात पैदा हो गए है। हरियाणा के यमुनानगर स्थित हथिनीकुंड बैराज से बड़ी मात्रा में पानी छोड़ने और बारिश की वजह से यमुना का जलस्तर में तेजी से इजाफा हुआ है। तो वहीं, दिल्ली बाढ़ नियंत्रण कक्ष ने अधिकारियों की मानें तो यमुना नदी का जलस्तर रात नौ बजे तक 204.4 मीटर तक पहुंच चुका था। वहीं, सोमवार को सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे के बीच इसके बढ़कर 204.7 मीटर हो जाने की संभावना है। बाढ़ नियंत्रण कक्ष ने कहा कि दिल्ली में बाढ़ की चेतावनी उस समय दी जाती है, जब हरियाणा के यमुना नगर में हथिनीकुंड बैराज से पानी छोड़ने की दर एक लाख क्यूसेक के निशान को पार कर जाती है। तब यमुना नदी के तट के पास निचले इलाकों और अन्य बाढ़ संभावित क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को खाली कराया जाता है। दिल्ली बाढ़ नियंत्रण कक्ष ने रात आठ बजे करीब 45,352 क्यूसेक पानी छोड़ने की सूचना दी। आमतौर पर हथिनीकुंड बैराज में प्रवाह दर 352 क्यूसेक होती है, लेकिन जलग्रहण क्षेत्रों में भारी बारिश के बाद पानी का बहाव बढ़ जाता है। बैराज से छोड़े गये पानी को राष्ट्रीय राजधानी तक पहुंचने में आमतौर पर दो से तीन दिन लगते हैं।