एबीएन सेंट्रल डेस्क। कृष्ण जन्माष्टमी के मौके पर वृंदावन के ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर में देर रात दर्शनों के दौरान उमड़ी भीड़ में 2 महिलाओं की मौत हो गई वहीं कई घायल हो गए। इस बीच कुछ चश्मदीदों ने पूरी घटना के बारे में बताया। घटना बांके बिहारी में उस वक्त हुई जब वहां कृष्ण जन्मोत्सव का जश्न चल रहा था और जब देर रात 1:55 पर कपाट खुले तो मगंला आरती के लिए लोगों ने भीड़ जुटानी शुरू कर दी जिससे भारी भगदड़ मच गई। मंदिर में घायल फरीदाबाद की एक महिला श्रद्धालु के पति ने बताया कि इन लोगों ने 5 नंबर के गेट से अंदर एंट्री की थी। उन्होंने बताया कि जो भी हादसा हुआ उसकी वजह अव्यवस्था है। उन्होंने बताया कि अगर भीड़ को एक गेट से एंट्री और दूसरे गेट से एग्जिट रखते तो ऐसा हादसा न होता। उन्होंने बताया कि अगर मंदिर परिसर में रेलिंग लगी होती तो यह हादसे की नौबत न आती। उन्होंने बताया कि अंदर किसी तरह से भीड़ को नियंत्रित करने के इंतजाम नहीं थे, पुलिस भी मंदिर के मुख्य द्वारों पर ही तैनात थी। बता दें कि ठाकुर बांके बिहारी मंदिर में जन्माष्टमी महोत्सव का बड़ा आयोजन किया जाता है जहां बड़ी तदाद में भक्त दर्शनों के लिए उमड़ते है। इस बार भी जैसे ही 20 अगस्त को मंदिर के पट 1:45 खुले तो श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा इतना ही नहीं भीड़ इतनी थी कि एग्जिट गेट से भी एंट्री होने लगी, जिसके चलते लोगों को निकलने का रास्ता न मिला और दम घुटने से महिलाओं की मौत हो गई वहीं कई घायल हो गए। मंदिर में जब हादसा हुआ उस समय डीएम, एसएसपी, नगर आयुक्त सहित भारी पुलिस बल मौजूद था।