एबीएन सेंट्रल डेस्क। संगमनगरी प्रयागराज और गाजीपुर में आकाशीय बिजली की चपेट में आने से 3 बच्चों समेत 9 लोगों की मौत हो गई। प्रयागराज में ग्रामीण क्षेत्र के अलग-अलग इलाकों में धान की रोपाई करने वाले महिला, पुरुष आकाशीय बिजली की चपेट में आने से अपनी जान गवां चुके हैं। वहीं, 4 लोग झुलसने की वजह से अस्पताल पहुंचे। जहां उनका इलाज चल रहा है। प्रयागराज में मानसून देर से पहुंचा, लेकिन 3 दिनों से बारिश का शुरू हुआ सिलसिला जारी है। रविवार की रात जहां तेज बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया था। वहीं, सोमवार को हुई बारिश ने ग्रामीण इलाके में कहर ढा दिया। आसमान से गिरी आफत वाली बिजली से मेजा, मांडा, कोरांव, उतरांव और बारा इलाके में 4 महिला और 1 पुरुष की मौत हो गई। मांडा थाना क्षेत्र के बबुरा गांव में धान की रोपाई करने के दौरान सन्नो नाम की महिला पर बिजली गिरने से जहां उसकी मौत हो गई। वहीं, उसका पति झुलस गया। इसी तरह से कोरांव थाना क्षेत्र के सिकरो गांव में सोनू नाम के युवक की धान रोपने के दौरान वज्रपात का शिकार होने से मौत हो गई। जबकि बारा थाना क्षेत्र के पिपराव मुजरा इलाके में 4 लोग वज्रपात की चपेट में आ गए। जिसमें खुशबू नाम की महिला की मौत हो गई। बाकी 3 झुलसे हुए लोगों को इलाज के अस्पताल भेजा गया। वहीं मेजा थाना क्षेत्र में सिंघपुर कला गांव में घर के बाहर निकली महिला प्रतिभा आकाशीय बिजली गिरने की वजह से बेसुध हो गई। आनन-फानन में परिजन अस्पताल ले गए। जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इसी तरह से उतरांव थाना क्षेत्र के इनायत पट्टी गांव में वज्रपात का शिकार होने से गीता देवी की मौत हो गई। वज्रपात से जान गंवाने वालों के घर पुलिस प्रशासन की टीम पहुंची और परिजनों को ढांढस बंधवाया। इसके साथ ही सरकार की तरफ से उन्हें मुआवजा देने का भी भरोसा दिया गया। तेज बारिश की वजह से शहरी इलाके में लोग जलभराव होने से काफी परेशान हैं। बारिश होने के घंटों बाद सड़क पर पानी भरने से वाहन चालकों को काफी मुसीबत उठान पड़ रहा है। सबसे ज्यादा परेशानी कोतवाली, मुट्ठीगंज, रामबाग, जर्जटाउन के साथ ही सिविल लाइंस के लोग उठा रहे हैं।