एबीएन सेंट्रल डेस्क। एनडीए की राष्ट्रपति उम्मीदवार द्रौपदी मुर्मू 24 जून को अपना नामांकन भरेंगी। भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष जेपी नड्डा ने मंगलवार को पार्टी की संसदीय समिति की बैठक में मुर्मू को एनडीए की राष्ट्रपति उम्मीदवार के तौर पर नामित किया था। 64 वर्षीय मुर्मू झारखंड की पूर्व गवर्नर हैं। अगर वो राष्ट्रपति का चुनाव जीतती हैं, तो वो देश के सर्वच्च पद पर पहुंचने वाली पहली आदिवासी समुदाय की महिला होंगी। संख्या बल पर ग़ौर करें तो पता चलता है कि राष्ट्रपति चुनाव भारतीय जनता पार्टी के पक्ष में ही जाता नज़र आ रहा है। पांच साल पहले दलित समुदाय से आने वाले रामनाथ कोविंद को राष्ट्रपति बनाए जाने के बाद यह लगातार दूसरी बार है, जब पार्टी ने राष्ट्रपति चुनाव के लिए नाम का ऐलान कर एक ठोस संदेश देने की कोशिश की है। भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने उनके नाम का ऐलान करते हुए बताया था कि संसदीय समिति की बैठक में 20 नामों पर चर्चा की गई जिसमें द्रौपदी मुर्मू का नाम सबसे आगे था, जो पूर्वी भारत से आने वाली एक आदिवासी समुदाय की महिला हैं। उनके नाम के ऐलान के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक ट्वीट कर उन्हें बधाई दी। वहीं ओडिशा सरकार में मंत्री रहीं द्रौपदी मुर्मू को नवीन पटनायक ने भी बधाई दी।
कब है राष्ट्रपति का चुनाव ?
चुनाव आयोग के मुताबिक़ राष्ट्रपति चुनाव 18 जुलाई को होंगे और 20 जुलाई को गिनती होगी। जबकि 25 जुलाई को जीतने वाले उम्मीदवार राष्ट्रपति पद के लिए शपथ लेंगे। वहीं चुनाव के लिए नामांकन दाखिल करने की आख़िरी तारीख़ 29 जून है।
कैसे होता है राष्ट्रपति का चुनाव :
राष्ट्रपति का चुनाव परोक्ष रूप से संसद और राज्यों और केन्द्रशासित प्रदेशों की विधानसभा के सदस्यों द्वारा इलेक्टोरल कॉलेज के ज़रिए होता है। एक इलेक्टोरल कॉलेज में दस लाख वोट होते हैं। अनुमानित रूप से भारतीय जनता पार्टी की अगुवाई वाली एनडीए को 48 फीसदी वोट मिलने की उम्मीद है और माना जा रहा है कि क्षेत्रीय दल जिनका किसी भी दल के साथ गठबंधन नहीं है – बीजेपी को अपना समर्थन दे सकते हैं।